मंगलवार, 5 दिसंबर 2023

एकता, एकजुटता और प्रगति का जश्न

इंडिया सोशल फोरम 2023 के मंच से संकल्प’

 एकता, एकजुटता और प्रगति का जश्न

पटना.इंडिया सोशल फोरम 2023 के आयोजन समिति की ओर से प्रदीप प्रियदर्शी ने कहा है कि 2 दिसंबर से 4 दिसंबर तक पटना में आयोजित इंडिया सोशल फोरम (आईएसएफ) 2023 के हम प्रतिभागी व्यक्ति, सामाजिक आंदोलन और नागरिक समाज संगठन, इस महत्वपूर्ण आयोजन की महान सफलता के लिए अपना गहरा आभार व्यक्त करते हैं.जमीनी स्तर से राष्ट्रीय स्तर तक उभरने वाली यह प्रक्रिया कई राज्यों में राज्य सामाजिक मंचों से शुरू हुई, जिनमें विभिन्न मंचों और मुद्दों पर काम करने वाले विभिन्न तरह के लोग शामिल हुए, अंततः इस आयोजन के माध्यम से पूरे भारत के  हजारों लोगों के इस समागम तक पहुंची. इंडिया सोशल फोरम में तीन दिनों तक  सबकी जोशीली सहभागिता देखी गई . अलग अलग तरह की  आवाजें,  साझा अनुभव, हाशिए पर पड़े समाजों की आकांक्षाएं और सामाजिक संगठनों की प्रतिबद्धताओं का एक अनूठा और सार्थक चित्र उभरा. 

 संवाद और आदान-प्रदान  के तीन गतिशील प्लेनरी सत्रों , विकास संबंधी मुद्दों और मानवाधिकारों पर प्रकाश डालने वाले 70 से अधिक समानांतर सत्रों  और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की एक समृद्ध सामूहिकता से भरा आई एस एफ इन सबके जीवंत कलरव से गुंजायमान रहा . हमारे समागम  ने कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों का प्रतिनिधित्व किया  जैसे किसान, भूमिहीन व्यक्ति, असंगठित क्षेत्र के श्रमिक, दलित, आदिवासी, महिलाएं, एलजीबीटीक्यूआईए समुदाय और छात्र, युवा, शिक्षाविद और सांस्कृतिक कार्यकर्ता . इन सबने  इस मंच का उपयोग कर, अपनी गिर कर उठने,  संघर्ष करने और जीत हासिल करने की  कहानियों को साझा   किया.  इस  समागम  में, हमने मुद्दों और स्थानों  की  सीमाओं को पार करते हुए परस्पर एकता और सहयोग को बढ़ावा देते हुए अपनी एकजुटता मजबूत की.

 निरंतर सहयोग की जरूरत को स्वीकार करते  हुए, हम सभी सामाजिक आंदोलनों, हाशिए पर पड़ी पहचानों और क्षेत्रों से एकजुट होने, प्रयासों में तालमेल बिठाने और पूरे भारत में क्रॉस-सेक्टोरल एकजुटता बढ़ाने का आह्वान करते हैं. संवैधानिक मूल्यों में निहित एकता और सहयोग की भावना को अपनाते हुए, जो सभी के लिए न्याय, शांति, गरिमा और समानता के साथ जीवन के अधिकार को रेखांकित करते हैं, हम सभी भारतीय नागरिक समाज संगठनों (सीएसओ) और आंदोलनों को,  काठमांडू, नेपाल में 15 से 19 फरवरी, 2024 तक आयोजित होने वाले  आगामी विश्व सामाजिक मंच में सक्रिय भागीदारी के लिए निमंत्रित करते हैं । यह महत्वपूर्ण आयोजन दक्षिण एशियाई और वैश्विक एकजुटता को बढ़ावा देने, भौगोलिक सीमाओं के परे जाने और सामूहिक कार्रवाई को बढ़ावा देने के लिए एक मंच के रूप में काम करेगा.

 इतिहास की इस घड़ी के  महत्व को स्वीकार करते हुए, आईएसएफ ने विश्व सामाजिक मंच की नैतिकता और  भावनाओं  को मूर्त रूप देते हुए एक असाधारण मंच के रूप में कार्य किया. इसने ऐसे समय में एक दुर्लभ अवसर प्रदान किया जब विविध समूहों और आंदोलनों को इकट्ठा करना और अधिक चुनौतीपूर्ण हो गया है. आइए हम इस क्षण का जश्न मनाएं, यहां बनी मित्रताओं को  संजोएं और अपने चल रहे प्रयासों में इस एकता, एकजुटता और साझा उद्देश्य को बनाए रखने का संकल्प लें.अटूट संकल्प के साथ, हम सभी के लिए न्याय, समानता और सम्मान की ओर अपनी  सामूहिक यात्रा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता की पुष्टि करते हैं.

 

 आलोक कुमार


बिहार में पिछले 25 वर्षों से भूमि अधिकार अभियान जारी

 इंडिया सोशल फोरम में एकता परिषद की जन संसद


पटना.इंडिया सोशल फोरम पटना में एकता परिषद द्वारा आयोजित जन संसद में भूमि अधिकार और आजीविका के मुद्दे पर विशेष तौर पर सभी भूमिहीन परिवारों के लिए 10 डिसमिल आवास भूमि कानून बनाने की बात कही गई और आह्वान किया गया कि गरीबों को संगठित होकर भूमि अधिकार के लिए सड़क पर उतरने की जरूरत है.

   एकता परिषद के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष प्रदीप प्रियदर्शी ने जन संसद में एकता परिषद द्वारा पूरे देश में चलाए जा रहे हैं भूमि अधिकार आंदोलन का विस्तार से वर्णन किया और बिहार में पिछले 25 वर्षों से किए जा रहे भूमि अधिकार अभियान के बारे में चर्चा की.उन्होंने कहा कि एकता परिषद के पहल से भारत सरकार ने 10 डिसमिल आवास भूमि के लिए एक नोटिफिकेशन भी जारी किया था और राज्य सरकारों को इसे लागू करने के लिए पत्र भी लिखा था.लेकिन किसी भी राज्य सरकार ने आज तक इसे लागू नहीं किया है.

      इस अवसर पर नेपाल से आए साथी पुरुषोत्तम ने नेपाल में होने वाले वर्ल्ड सोशल फोरम के बारे में बताया और एकता परिषद को आह्वान किया कि वह 15 से 19 फरवरी 2024 में होने वाले विश्व सामाजिक मंच में शामिल हो.उन्होंने नेपाल में चल रहे भूमि अधिकार आंदोलन के बारे में विस्तार से चर्चा की.

         जल संसद में दलित अधिकार  मंच के अध्यक्ष कपिलेश्वर राम, मुसहर विकास मंच के संयोजक अशर्फी सदा, भारत जोड़ो अभियान के बिहार के संयोजक शाहिद कमल, भूमि विशेषज्ञ डॉ राधेश्याम, मुजफ्फरपुर के जिला अध्यक्ष राम लखनदार प्रसाद, सहरसा के हीरालाल सदा, मधेपुरा के सुनील कुमार, अरवल के गणेश दास,भोजपुरी की जानकी मिथिलेश, बक्सर के रंजीत कुमार, गया के जगत भूषण, जहानाबाद की संगीता कुमारी, नालंदा के सरोज ठाकुर, नवादा के नरेश मिलन, जमुई के हजारी प्रसाद वर्मा, बांका के वीणा हेम्ब्रम, पटना के शिवकुमार ठाकुर ने अपने-अपने जिले में हर महिला को मासिक 3 हजार और आवास भूमि अधिकार के लिए चलाए जा रहे अभियान के बारे में चर्चा की. इस अवसर पर परिवर्तन नेटवर्क पटना असलम की संगीता कुमारी ने स्लम विस्थापन का सवाल उठाया. मंजुला डुंगडुंग ने महिला भूमि अधिकार और महिला पहचान की बातों को रखा.

       इस अवसर पर एकता परिषद के विभिन्न जिलों से आए हजारों की संख्या में प्रतिभागियों ने रैली की और इंडिया सोशल फोरम में आए देश के विभिन्न हिस्सों के साथियों के साथ अपनी सहभागिता को जोड़ने का काम किया.


आलोक कुमार


सुधा वर्गीज को जमनालाल बजाज पुरस्कार

पटना की पद्मश्री सुधा वर्गीज को प्रतिष्ठित जमनालाल बजाज फाउंडेशन पुरस्कार देने की घोषणा हुई है. यह पुरस्कार उन्हें 8 दिसंबर को मुंबई में सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस के हाथों मिलेगा.पद्मश्री सुधा वर्गीज समाज सेवा करने मुसहरी में साइकिल चलाकर जाती थी.तब से साइकिल वाली दीदी कहलाने लगी.सबसे निचले पायदान पर गुजर-बसर कर रही जाति मुसहरों के लिए लगातार काम कर रही हैं.इसके लिए उन्हें पद्म पुरस्कार भी मिल चुका है.अब केरल की रहने वाली सुधा वर्गीज को जमनालाल बजाज पुरस्कार देने की घोषणा हुई है....


पटना.जमनालाल बजाज पुरस्कार एक भारतीय पुरस्कार है जो गांधीवादी विचारों के उन्नयन, सामुदायिक सेवा, और सामाजिक विकास के लिए दिया जाता है. इसकी स्थापना 1978 में की गयी थी और प्रतिवर्ष चार श्रेणियों में यह पुरस्कार प्रदान किया जाता है.सामाजिक सेवा करने के लिए पटना की पद्मश्री सुधा वर्गीज को प्रतिष्ठित जमनालाल बजाज फाउंडेशन पुरस्कार देने की घोषणा हुई है. यह पुरस्कार उन्हें 8 दिसंबर को मुंबई में सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस के हाथों मिलेगा.

   बताया जाता है कि गांधीवादी विचारों के उन्नयन, सामुदायिक सेवा, और सामाजिक विकास के लिए दिया जाता है. इसकी स्थापना 1978 में की गयी थी. ग्रामीण विकास के लिए विज्ञान और प्रौद्योगिकी का अनुप्रयोग, 1978 में स्थापित. महिलाओं और बच्चों के विकास और कल्याण के लिए उत्कृष्ट योगदान, जानकी देवी बजाज की स्मृति में 1980 में स्थापित.

   पद्मश्री सुधा वर्गीज को प्रतिष्ठित जमनालाल बजाज फाउंडेशन पुरस्कार दिये जाने की घोषणा हुई है. आठ दिसम्बर को मुंबई में सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश .के हाथों यह पुरस्कार प्रदान किया जायेगा.प्रत्येक पुरस्कार प्राप्तकर्ता को एक प्रशस्ति पत्र, एक ट्रॉफी, तथा पाँच लाख रूपए का चेक प्रदान किया जाता है.मुसहर समाज के सामाजिक-आर्थिक उत्थान के लिए अपने जीवन को समपर्ति

     जमनालाल बजाज फाउंडेशन पुरस्कार प्रदान किये जाने के साथ ही पद्मश्री सुधा वर्गीज का एक बयान सुर्खियां बटोर रहा है, जिसमें सुधा वर्गीज ने शराबबंदी को मुसहर समाज की आजीविका पर कुठाराधात बताया है, उन्होंने कहा कि सरकार को शराबबंदी लागू करने के पहले मुसहर समाज के लिए वैकल्पिक आजीविका उपलब्ध करवाना चाहिए था, क्योंकि सदियों से यह समाज शराब का निर्माण कर ही अपनी आजीविका चलाता रहा है, लेकिन सरकार के एक फैसले से इनकी आजीविका पर संकट खड़ हो गया है.

      सुधा वर्गीज ने कहा कि यह एक सच्चाई है कि इस समाज को मुश्किल से दो या तीन माह खेतों में काम मिलता है, बाकी के दिन यह शराब का निर्माण कर अपनी आजीविका चलाते हैं, लेकिन शराबबंदी के फैसले से उनकी आजीविका समाप्त हो चुकी है, शराबबंदी को लेकर जितने भी मामले दर्ज किये गये हैं, उनमें आधा से अधिक मामले में इसी समाज से आते हैं, आज यह समाज अपनी खून की कमाई को कोर्ट में बर्बाद कर रहा है, इस हालत में यह जरूरी है कि सरकार इस समाज के लिए वैकल्पिक आजीविका की तलाश करे.

     मुसहर समाज और दूसरे वंचित जातियों के बीच उनके काम को लेकर ही उन्हे पद्म पुरस्कार से सम्मानित किया गया था. अब एक बार उन्हे जमनालाल बजाज पुरस्कार से सम्मानित करने की घोषणा की गयी है, इसके साथ ही सुधा वर्गीज को 20 लाख रुपये देने की भी घोषणा हुई है, सुधा वर्गीज ने कहा कि इस राशि को वह मुसहर समाज के उत्थान के लिए खर्च करेंगे. सुधा वर्गीज पहले से ही मुसहर समाज के लिए स्कूलों और होस्टल संचालन करती रही हैं. इसमें से दो होस्टल मुसहर समाज की बेटियों के लिए है. जिसका संचालन बोधगया और दानापुर में किया जा रहा है.

आलोक कुमार

रविवार, 3 दिसंबर 2023

सस्ते दामों में मूर्तियां भी मिलेगी और शिल्पकारों का भी आमदनी बढ़ेगी

 * पत्थरकट्टी रिसोर्ट का जल्द होगा उद्घाटन: डीएम

* डीएम ने शिल्प कला केंद्र का किया निरीक्षण

* शिल्प केंद्र में लगी मशीनों को जल्द कराया जायेगा चालू


गया । नीमचक बथानी प्रखंड के पत्थरकट्टी में बने शिल्प कला केंद्र का  निरीक्षण डीएम डॉक्टर त्यागराजन एसएम ने किया ।उन्होंने शिल्प कला केंद्र में बने कमरों में लगे मशीनों को घूम-घूम कर देखा और उसके बारे में जानकारी ली उन्होंने बंद पड़े मशीनों के बारे में कहा कि इन्हें जल्द चालू करने की बात कही।

डीएम ने शिल्प कला केंद्र में शिल्प कलाकारों के साथ बैठक की बैठक में मूर्ति निर्माण और उसमें लगने वाले मटेरियल के बारे में उन्होंने बारीकी से जानकारी ली। साथ ही मूर्तियों की खरीद बिक्री और उनसे होने वाले मुनाफे के बारे में जानकारी ली। साथ ही उन्होंने शिल्पकारों को कैंप लगाकर लोन बांटने का निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिया।



शिल्पकारों ने डीएम को बताया के आजादी के पहले साधना औषधालय ढाका में बहुत जोरों से खरल जाता था जो दवाइयां कूटने के काम  आता था लेकिन आजादी होने के बाद ढाका पाकिस्तान में चला गया और उसके बाद से खरल का कारोबार बंद हो गया।

शिल्पकारों ने डीएम को बताया के जो मूर्तियां हम लोग निर्माण करते हैं उसे दुकानदार बहुत कम दामों में लें जाते है  और फिर चार गुना दामों में मूर्तियों को बेचते हैं यदि पर्यटकों का यहां आना-जाना रहेगा तो उन्हें सस्ते दामों में मूर्तियां भी मिलेगी और शिल्पकारों का भी आमदनी बढ़ेगी।

डीएम ने पत्थरकट्टी में बने रिशॉर्ट को घूम-घूम कर देखा और शिल्पकारों से रिसोर्ट में बने कमरों और रिसॉर्ट के बारे में जानकारी ली उन्होंने जानकारी के उपरांत कहा के रिसोर्ट का जल्द ही उद्घाटन कराया जाएगा और सभी दुकानें शिल्पकारों को दी जाएगी साथ ही पर्यटकों को भी सीधा यहां से जोड़ा जाएगा।

ग्रामीणों ने डीएम से कहा के पत्थरकट्टी  विद्यालय का भवन काफी जर्जर हो चुका है जिसके कारण विद्यालय दूसरे जगह शिफ्ट हुआ है इस पर डीएम ने विद्यालय भवन का निरीक्षण करते हुए ग्रामीणों को भरोसा दिलाया के बहुत जल्द यहां नया भवन का निर्माण कराया जाएगा। मौके पर नीमचक बथानी एसडीओ गोपाल कुमार, बथानी बीडीओ सदय कुमार, सीओ विजय कुमार, जीविका बीपीएम नृपेंद्र कुमार, सरबहदा ओपी प्रभारी अमित कुमार सहित दर्जनों लोग मौजूद थे।

आलोक कुमार

शनिवार, 2 दिसंबर 2023

भाजपा धर्म की राजनीति करती है जो भारतीय संविधान की आत्मा के प्रतिकूल

 2024 में भाजपा को प्रदेश में एक भी सीट नहीं लेने देंगे : डा0 अखिलेश

पटना। बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष डा0 अखिलेश प्रसाद सिंह ने भाजपा पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि भाजपा धर्म की राजनीति करती है जो भारतीय संविधान की आत्मा के प्रतिकूल है। कांग्रेस उसे नफरत फैलाने की इजाजत नहीं देगी। इसलिए 2024 के आम चुनाव में भाजपा को प्रदेश से एक भी सीट नहीं मिलनी चाहिए ये हमारा दायित्व है। उन्होंने कांग्रेसियों का आह्वान किया कि आने वाले चुनाव में इंडिया गठबंधन के सभी उम्मीदवारों को जी-जान से लग कर जिताने का काम करें।

           डा0 सिंह सदाकत आश्रम में शनिवार को आयोजित मिलन समारोह को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की नीति महात्मा गांधी के बताये रास्ते पर चलने की है। महात्मा गांधी ने कहा था कि नीति निर्धारण करते समय समाज के अंतिम व्यक्ति की भलाई के बारे में सोचना है। हम उसी रास्ते पर चल रहे हैं। उन्होंने आगे कहा कि हमारी कोशिश कांग्रेस को 1990 की स्थिति में ले जाने की है।

           गौरतलब है कि तामिलनाडु के डीजीपी रहे बी0के0 रवि को इस मिलन समारोह के जरिये कांग्रेस में विधिवत शामिल किया गया। डा0 सिंह ने रवि को कांग्रेस की सदस्यता दिलायी। इस अवसर पर बोलते हुए प्रदेश अध्यक्ष ने रवि की राजनीतिक पृष्ठभूमि की चर्चा की एवं पूर्व डीजीपी को सलाह दिया कि वे बड़े ओहदे से जरूर आये हैं लेकिन लोगों के बीच कार्यकर्ता की हैसियत से काम करके अपनी विश्वसनीयता स्थापित करनी होगी। रवि ने कहा कि वे कांग्रेस की विचारधारा से प्रभावित होकर इसमें शामिल होने का निर्णय लिया। उन्होंने अपनी जीवन यात्रा लोगों के बीच रखी।

           कांग्रेस विधान मंडल दल के नेता डा0 शकील अहमद खान ने प्रदेश नेतृत्व की सराहना की और कहा कि जब से डा0 अखिलेश प्रसाद सिंह प्रदेश कांग्रेस की बागडोर संभाले हैं तब से मिलन समारोह का सिलसिला अनवरत जारी है। इससे कांग्रेस की बढ़ती लोकप्रियता का आभास होता है।

        इस अवसर पर बोलते हुए कांग्रेस के पूर्व राष्ट्रीय महासचिव डा0 शकील अहमद ने भाजपा की धार्मिक वैमनस्यता की राजनीति पर चोट किया।मंच संचालन डा0 आशुतोष शर्मा ने किया तथा धन्यवाद ज्ञापन मिन्नत रहमानी ने किया।

      मिलन समारोह में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं हजारों कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। जो नेता आज के समारोह में मुख्य रूप से उपस्थित थे उनमें शामिल हैं - पूर्व मंत्री कृपानाथ पाठक, वीणा शाही, विधान पार्षद डा0 समीर कुमार सिंह, विधायक प्रतिमा कुमारी दास, अजय कुमार सिंह, इजहारूल हुसैन, पूर्व विधायक नरेन्द्र कुमार, बंटी चौधरी


, प्रमोद कुमार सिंह, मनोज कुमार सिंह, भावना झा, लाल बाबू लाल, राजेश राठौड़, ब्रजेश प्रसाद मुनन, ब्रजेश पाण्डेय, कपिलदेव यादव, निर्मल वर्मा, डा0 विनोद शर्मा, राज कुमार राजन, असितनाथ तिवारी, शिव प्रकाश गरीब दास, शरवत जहां फातिमा, डा0 संजय यादव, रामायण प्रसाद यादव, आलोक हर्ष, ज्ञान रंजन, दुर्गा प्रसाद, सुधा मिश्रा, आई0 पी0 गुप्ता, रीता सिंह, शशि रंजन, कैसर खान, शंकर स्वरूप, राज किशोर सिंह, अमरेन्द्र सिंह मृणाल अनामय, राजेश मिश्रा, अखिलेश्वर सिंह, धर्मवीर शुक्ला, सुमित कुमार सन्नी, निधि पाण्डेय।

आलोक कुमार

शुक्रवार, 1 दिसंबर 2023

लोकतान्त्रिक राष्ट्रनिर्माण अभियान का सम्मेलन सम्पन्न





लोकतान्त्रिक राष्ट्रनिर्माण अभियान का सम्मेलन सम्पन्न


बोधगया. गया जिले में दोमुहान है.यहां पर जीवन संघम नामक गैर सरकारी संस्था का कार्यालय है.यहां पर गुरुवार 30 नवंबर को 11 बजे दिन में एक दिवसीय सम्मेलन हुआ. इस सम्मेलन का उद्घाटन प्रांतीय संयोजक सुशील कुमार ने किया.
     आज जीवनसंघम बोधगया में एक दिवसीय सम्मेलन की शुरुआत की गई. लोकतान्त्रिक राष्ट्र निर्माण अभियान के प्रदेश संयोजक सुशील कुमार जी सम्मेलन का उद्घाटन किया. यात्रा का रिपोर्ट फादर अन्टो जोसेफ ने रखा.कला जत्था और नुक्कड़ नाटक के असर के बारे में जगत और कारू ने रखा.
     सम्मेलन में लोकतान्त्रिक राष्ट्र निर्माण की स्थापना काल से अब तक के कार्यों की जानकारी दी गयी. अबतक बिहार, उत्तर प्रदेश,उड़ीसा,झारखंड, महाराष्ट्र और दिल्ली में सम्मेलन सम्पन्न हुआ हैं. लोकतंत्र और संविधान की रक्षा करना दीर्घकालीन उद्देश्य है. तात्कालिक उद्देश्य भाजपा को सत्ता से बेदखल करना है.नौ प्रखंड के आए हुए प्रतिनिधियों ने अपने प्रखंड की रिपोर्ट रखा.                 
            पचमनियां आंदोलन के वरिष्ठ साथी देवनाथदेवन ने कहा कि  गरीबों   की लड़ाई को तेज करने की जरूरत बताया.यादव नेतृत्व को गरीबों के साथ तालमेल कर चलने की जरूरत है. राष्ट्रीय सहसंयोजक मंथन जी समापन भाषण में चुनौतीपूर्ण कार्याे को सम्पन्न करने के लिए छोटे-छोटे नारे गढ़ने पर जोर दिया और यूट्यूब पर डालने को कहा है.
              इस सम्मेलन में पारित प्रस्ताव किया गया.1.आनंद, डोभी. 2.संगीता, डोभी. 3.कंचन, बाराचट्टी,4.कैलाश भारती, मोहनपुर. 5.बनारसी आलम, मोहनपुर. 6.राजेंद्र यादव,नरावट, अतरी. 7. सुरेन्द्र, डिहुरी,अतरी. 8.श्याम बिहारी, धनगांय. 9 सुदर्शन टनकुप्पा प्रखंड. 10.फादर अन्टो, जीवन संघम, 11.संजय आनंद, बोधगया. 12.जगत भूषण तथा 13,कारू, बोधगया.इन लोगों को कोर कमेटी में शामिल किया गया. इसके अलावे सम्मेलन में आने वाले प्रतिभागियों को लोकतान्त्रिक राष्ट्र निर्माण अभियान के सदस्य मनोनीत किया गया.यह प्रस्ताव पारित किया गया कि प्रत्येक प्रखण्ड जहां से परतिनिधि आए हैं वहां पर सम्मेलन किया जाए.किसान महापंचायत फरवरी किया जाएगा तिथि कोर कमेटी तय करेगी. युवाओं का जिला स्तरीय कन्वेंशन किया जाएगा.तिथी युवको की बैठक में तय किया जाएगा.गया जिले के किसान -मजदूर यूनियन की सदस्यता के लिए अभियान चलाकर किसान को प्रेरित किया जाएगा.


आलोक कुमार
 


जिलाधिकारी के जनता दरबार में कई मामलों का हुआ ऑन-द-स्पॉट समाधान

 * जिलाधिकारी के जनता दरबार में कई मामलों का हुआ ऑन-द-स्पॉट समाधान

* लोगों ने अपनी समस्याओं, शिकायतों से जिलाधिकारी को कराया अवगत

* संबंधित अधिकारियों को समस्याओं के निष्पादन को लेकर जिलाधिकारी ने दिए आवश्यक दिशा-निर्देश


बेतिया। जिलाधिकारी कार्यालय प्रकोष्ठ में पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार आज जनता दरबार का आयोजन किया गया। पश्चिम चंपारण जिले के जिलाधिकारी, श्री दिनेश कुमार राय ने लोगों की समस्याओं एवं शिकायतों को सुना। संबंधित अधिकारियों को समस्याओं के निष्पादन को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

        जिलाधिकारी के जनता दरबार में 82 से अधिक मामले आये। जनता दरबार में जिन लोगों द्वारा अपनी समस्याओं से जिलाधिकारी को अवगत कराया गया, उनमें श्याम नारायण निराला, सिकंदर कुमार, कैफ गद्दी, संतोष कुमार, रीता देवी, गिरजा देवी, सिंहासन बैठा, अमृता कुमारी आदि के नाम शामिल है। 

              जिन मामलों का समाधान आज नहीं हो पाया, उसे संबंधित विभाग/अधिकारियों को भेजते हुए त्वरित गति से नियमानुकूल समाधान कराने के लिए निर्देशित किया गया। जनता दरबार में कई समस्याओं/शिकायतों का ऑन-द-स्पॉट समाधान कराया गया। साथ ही कई मामलों में संबंधित अधिकारियों को फोन कर समस्याओं का समाधान करने के लिए शीघ्र समुचित कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

            जनता दरबार समाप्ति के पश्चात भी अपनी समस्याओं के निराकरण को लेकर विभिन्न जगहों से आए लोगों को जिलाधिकारी ने सुना और तत्क्षण संबंधित अधिकारियों को फोन कर समस्या का समाधान करने के लिए निर्देशित किया।  

              इस अवसर पर उप विकास आयुक्त, श्री अनिल कुमार, अपर समाहर्ता श्री राजीव कुमार सिंह, अपर समाहर्ता-सह-जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी, श्री अनिल राय, जिला आपूर्ति पदाधिकारी, श्री कुमार रविन्द्र, एसडीएम, बेतिया, श्री विनोद कुमार, एएसडीएम, बेतिया सदर, श्री अनिल कुमार, वरीय उप समाहर्ता, श्री मनीष कुमार सहित अन्य जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।


आलोक कुमार

 


मृत एवं अन्य जगहों पर शिफ्ट हो चुके व्यक्तियों का नाम वोटर लिस्ट से हटाए : जिलाधिकारी

* मृत एवं अन्य जगहों पर शिफ्ट हो चुके व्यक्तियों का नाम वोटर लिस्ट से हटाए : जिलाधिकारी

* 18-19 वर्ष के सभी मतदाताओं एवं लिंगानुपात में सुधार करने के लिए छुटी हुई महिलाओं का नाम वोटर लिस्ट में जोड़ने का निर्देश

* पीएसई एवं डीएसई से संबंधित कार्यों को ससमय निष्पादित करने का निर्देश

* जिला निर्वाचन पदाधिकारी की अध्यक्षता में समीक्षात्मक बैठक सम्पन्न

* 02 एवं 03 दिसंबर को जिले के सभी मतदान केंद्रों पर आयोजित होगा विशेष कैम्प

* वोटर लिस्ट में नाम जोड़ने, हटाने, सुधारने आदि का होगा कार्य

बेतिया। अर्हता तिथि 01.01.2024 के आधार पर निर्वाचक सूची का विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण कार्यक्रम के तहत जिले में किये जा रहे कार्यों का जिला निर्वाचन पदाधिकारी, श्री दिनेश कुमार राय द्वारा लगातार समीक्षा की जा रही है।

           डेड एवं शिफ्टेड व्यक्तियों का नाम मतदाता सूची से हटाने, 18-19 वर्ष आयु पूर्ण कर चुके सभी लोगों का नाम वोटर लिस्ट में अनिवार्य रूप से जोड़ने, लिंगानुपात में सुधार, पीएसई (फोटो सिम्लर इन्ट्री) एवं डीएसई (डेमोग्राफी सिम्लर इन्ट्री) आदि कार्यों की नियमित समीक्षा एवं अनुश्रवण जिला निर्वाचन पदाधिकारी द्वारा स्वयं की जा रही है।

       इसी क्रम में आज पुनः जिला निर्वाचन पदाधिकारी द्वारा उक्त कार्यों की प्रगति की समीक्षा की गई तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिया गया। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची में नाम जोड़ने, हटाने आदि हेतु प्रपत्र संग्रहण कार्य में प्रगति हुई है। इसे और तीव्रता के साथ करने की आवश्यकता है।

        जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि मृत एवं अन्य जगहों पर शिफ्ट हो चुके व्यक्तियों का नाम मतदाता सूची से हर हाल में विलोपित किया जाय। सभी बीएलओ इस के लिए कारगर तरीके से कार्य करें और फॉर्म 07 भरते हुए मृत एवं अन्य जगहों पर शिफ्ट हो गए व्यक्तियों का नाम वोटर लिस्ट से हटाना सुनिश्चित करें।

        उन्होंने कहा कि निर्धारित समयावधि के उपरांत अगर संबंधित बीएलओ के क्षेत्र में एक भी मृत अथवा दूसरे जगह शिफ्ट हो चुके व्यक्तियों का नाम मतदाता सूची में पाया जाता है तो संबंधित बीएलओ के विरुद्ध विधि सम्मत कार्रवाई की जायेगी। उन्होंने निर्देश दिया कि 18-19 वर्ष आयु पूर्ण कर चुके सभी लोगों का नाम वोटर लिस्ट में अनिवार्य रूप से जोड़ना सुनिश्चित करेंगे।

        उन्होंने निर्देश दिया कि जिले के सभी मतदान केन्द्रों पर 02 एवं 03 दिसंबर 2023 को मतदाता सूची में नाम जोड़ने, हटाने, सुधारने आदि को लेकर विशेष कैम्प का निर्धारण किया गया है। इसकी सभी तैयारी ससमय कर ली जाय।

          जिलाधिकारी ने कहा कि निर्वाचन आयोग द्वारा पीएसई (फोटो सिम्लर इन्ट्री) एवं डीएसई (डेमोग्राफी सिम्लर इन्ट्री) के लिए सभी बीएलओ के लॉगिन पर डिटेल उपलब्ध करा दिया गया है। बीएलओ डिटेल देखकर पीएसई एवं डीएसई कार्यों को ससमय निष्पादित करना सुनिश्चित करेंगे।

            इस अवसर पर उप विकास आयुक्त, श्री अनिल कुमार, अपर समाहर्त्ता, श्री राजीव कुमार सिंह, जिला शिक्षा पदाधिकारी, श्री रजनीकांत प्रवीण, उप निर्वाचन पदाधिकारी, श्री लालबहादुर राय, एसडीएम, बेतिया, श्री विनोद कुमार, वरीय उप समाहर्त्ता, श्री सुजीत बरनवाल, विशेष कार्य पदाधिकारी, जिला गोपनीय शाखा, श्री सुजीत कुमार सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। साथ ही अन्य सभी एसडीएम, सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी,  सभी बीपीआरओ, बीपीएम, जीविका, सीडीपीओ आदि वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े रहें।


आलोक कुमार

गुरुवार, 30 नवंबर 2023

संत फ्रांसिस असीसी चर्च,मोतिहारी के द्वारा 3 दिसंबर को ईसा मसीह का पर्व

 संत फ्रांसिस असीसी चर्च,मोतिहारी के द्वारा 3 दिसंबर को ईसा मसीह का पर्व

ईसाई समुदाय का मानना है कि राजाओं का राजा ईसा मसीह ही है.पूर्वी चंपारण जिला में बेतिया धर्मप्रांत संचालित है.जिले के मुख्यालय मोतिहारी में छोटा बरियारपुर है.यहां पर कैपुचिन फादरों के द्वारा संत फ्रांसिस असीसी चर्च, मोतिहारी संचालित है.यहां के प्रधान पल्ली पुरोहित सह पल्ली पुरोहित फादर ललित बारा है.
इस एरिया में सामाजिक कार्यकर्ता सीसिल साह रहते हैं.सीसिल साह और कैपुचिन पुरोहितों का संबंध प्रगाढ़ है.उनके और फ्रांसिस्कन ऑर्डर की पादरी की हवेली चर्च के पूर्व पल्ली पुरोहित फादर जेरम के सहयोग और प्रयास से पादरी की हवेली को पर्यटन स्थल घोषित किया गया है.सामाजिक कार्यकर्ता के अनुसार संत फ्रांसिस असीसी चर्च,मोतिहारी के द्वारा 3 दिसंबर को ईसा मसीह का पर्व के अवसर पर जुलूस सह पवित्र युकरिस्ट समारोह होने जा रहा है.उन्होंने कहा कि 3 दिसंबर को 10ः30 बजे से मिस्सा होगा.उसके बाद 1 बजे से प्रीतिभोज और उसके बाद 2 बजे से जुलूस निकाला जाएगा.अधिकाधिक संख्या में लोगों से भाग लेने का अनुरोध किया गया है.

बुधवार, 29 नवंबर 2023

बिहार बिजनेस कनेक्ट 2023- ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट पटना के ज्ञान भवन में

बिहार बिजनेस कनेक्ट 2023- ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट

गया । उद्योग विभाग, बिहार सरकार, राज्य के औद्योगिक परिदृश्य को बदलने के लिए प्रतिबद्ध है। इसके तहत 13 और 14 दिसंबर 2023 को पटना के ज्ञान भवन में ‘बिहार बिजनेस कनेक्ट 2023’ का आयोजन किया जा रहा है। इस वैश्विक निवेशक शिखर सम्मेलन को सफल बनाने के लिए आज जिला पदाधिकारी गया डॉ० त्यागराजन एसएम की अध्यक्षता में बीटीएमसी बोधगया के सभाकक्ष में विभिन्न देश के तमाम मॉनेस्ट्री के केयरटेकर एवं मॉनेस्ट्री के हेड ऑफ़ मोंकगण के साथ बैठक कर कैसे बड़े-बड़े उद्योग को बिहार में संस्थापित किया जाए इसपर विचार विमर्श किया गया। आज बैठक में 63 मॉनेस्ट्री प्रतिनिधि/ केअर टेकर उपस्थित हुए हैं। जिला पदाधिकारी ने सभी मॉनेस्ट्री के प्रतिनिधि को बैठक में स्वागत करते हुए कहा कि सरकार एवं प्रशासन का प्रयास है कि आप सभी अलग-अलग विभिन्न देशों से जुड़े हुए हैं आप सभी बोधगया में आपका मॉनेस्ट्री भी है। बिहार के साथ-साथ गया जिला को इकोनॉमिकली ग्रोथ करने में आगे बढ़े। बिहार में बड़े-बड़े अपने उद्योग संस्थापित करने के लिए आप अपने स्तर से भी अपने देश के उद्योगपतियों को प्रेरित करे।

    बिहार बिजनेस कनेक्ट 2023- ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट (Global Investors Summit) का आयोजन करने के पीछे सबसे बड़ा मकसद राज्य में बाहरी निवेशकों को आकर्षित (Attract Investors) करना होता है. इसमें दुनिया भर के निवेशकों और कंपनियों को आमंत्रित किया जाता है।

     13 दिसंबर को टेक्सटाइल, लेदर, फूड प्रोसेसिंग, जनरल मैन्युफैक्चरिंग, आईटी एवं ईएसडीएम जैसे उद्योग लगाने के लिए उद्योगपतियों के साथ कार्यशाला आयोजित की जाएगी।

    आज की बैठक में बिहार में विदेशी निवेशकों को प्रोत्साहन पर विशेष रूप से परिचर्चा की गई। जिला पदाधिकारी ने उपस्थित विभिन्न देशों के बौद्ध भिक्षुओं को राज्य की मजबूत आधारभूत संरचना, उत्तम कानून व्यवस्था और शांति एवं सौहार्दपूर्ण माहौल की जानकारी दी गई तथा अपने देश के निवेशकों को अधिक से अधिक निवेश करने का अनुरोध किया गया।

    बैठक में सभी देशों के मोनास्ट्री के केयर टेकर को बताया गया कि इस दो दिवसीय मेगा इवेंट में बिहार के बदलते औद्योगिक परिदृश्य को प्रस्तुत किया जाएगा। इसका मकसद निवेशकों को प्रोत्साहित और आकर्षित है। दो दिन के इस कार्यक्रम में बिजनेस नेटवर्किंग, ज्ञानवर्धक चर्चाएं, तालमेल और साझेदारी के अवसरों की खोज से संबंधित सत्र होंगे।

       इतिहास, संस्कृति और कृषि के के लिए जाने जाना वाला बिहार अब औद्योगिक विकास के पथ पर अग्रसर है। पिछले कुछ वर्षों में बिहार की अर्थव्यवस्था तेजी से बढ़ रही है। 2021-22 में बिहार की विकास दर (10.98%, देश में तीसरी सबसे अधिक थी। बिहार औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन नीति 2016 ने राज्य में औद्योगिक भागीदारी के लिए एक अनुकूल माहौल तैयार किया है। अब यहां उद्योगों को बढ़ावा दिया जा रहा है। इसके लिए यहां निवेशकों के अनुकूल औद्योगिक नीतियां बनायी गयीं हैं जिनमें प्रमुख हैं- बिहार औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन नीति 2016, बिहार कपड़ा और चमड़ा नीति 2022, बिहार ब्योफ्यूएल्स उत्पादन प्रोत्साहन नीति 2023, बिहार लॉजिस्टिक नीति 2023 । इन नीतियों के तहत आकर्षक इंसेंटिव और सब्सिडी प्रदान की जाती हैं। उपयुक्त अवसर और अनुकूल वातावरण के कारण बिहार अब औद्योगिक उड़ान के लिए तैयार है।

    आज की बैठक में उप उप विकास आयुक्त, अनुमंडल पदाधिकारी सदर, पुलिस उपाधीक्षक बोधगया, पटना से आये उद्योग विभाग के नोडल पदाधिकारी विवेक आनंद, कार्यपालक पदाधिकारी नगर परिषद बोधगया, सचिव बीटीएमसी, बीटीएमसी के सभी सम्मानित सदस्यों, आईबीसी के जनरल सेक्रेटरी सहित 63 मोनास्ट्री के हेड/इंचार्ज/केअर टेकर उपस्थित थे।

आलोक कुमार

सोमवार, 27 नवंबर 2023

कैथेड्रल से शाम 4बजे जुलूस निकला

लखनऊ से  शैलेंद्र शाह लिखते है कि यहां पर कैथेड्रल से शाम 4बजे जुलूस निकला

इलाहाबाद धर्मप्रांत का हिस्सा था लखनऊ धर्मप्रांत.इलाहाबाद धर्मप्रांत के 10 जिले (लखनऊ, उन्नाव, बाराबंकी, गोंडा, बहराईच, सीतापुर, खीरी, नैनीताल और अल्मोडा) शामिल था..12 जनवरी, 1940 को लखनऊ धर्मप्रांत स्थापित हुआ.युद्ध के कारण, लखनऊ के पहले बिशप को 12 दिसंबर, 1946 को नियुक्त किया गया और 16 फरवरी, 1947 को धर्मप्रांत पर कब्ज़ा कर लिया गया.इस धर्मप्रांत के निर्माण के समय, बीपी एंजेलो पोली, ऑफ कैप, इलाहाबाद के बिशप को नए धर्मप्रांत  का प्रशासक नियुक्त किया गया था.वर्तमान में लखनऊ धर्मप्रांत में उत्तर प्रदेश के आठ नागरिक जिले शामिल हैं, लखनऊ, उन्नाव, बाराबंकी, गोंडा, बहराईच, सीतापुर, हरदोई और खीरी है.
इस समय लखनऊ धर्मप्रांत के धर्माध्यक्ष गेराल्ड जॉन मैथियास है.इनके ही नेतृत्व में ख्रीस्त राजा का पर्व मनाया गया.लखनऊ से शैलेंद्र शाह लिखते है कि यहां पर कैथेड्रल से शाम 4 बजे जुलूस निकला.

आलोक कुमार

 

बेहतर अवसर और संसाधन उपलब्ध कराने के लिए तत्पर

          शैक्षणिक सहयोग को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए  Patna Women’s College (स्वायत्त) ...