ओ जाने वाले हो सके तो लौट के आना मैं तुम्हारे आंसुओं की बूंदें गिरते हुए देखता हूँ.मैं तुम्हें मेरा नाम पुकारते हुए सुनता हूँ.मैं जानता हूँ कि तुम मुझे नहीं देख सकते,लेकिन मैं तुम्हें वैसे ही थामे रहता हूँ.
आलोक कुमार
आलोक कुमार हूं। ग्रामीण प्रबंधन एवं कल्याण प्रशासन में डिप्लोमाधारी हूं। कई दशकों से पत्रकारिता में जुड़ा हूं। मैं समाज के किनारे रह गये लोगों के बारे में लिखता और पढ़ता हूं। इसमें आप लोग मेरी मदद कर सकते हैं। https://adsense.google.com/adsense/u/0/pub-4394035046473735/myads/sites/preview?url=chingariprimenews.blogspot.com chingariprimenews.com
ओ जाने वाले हो सके तो लौट के आना मैं तुम्हारे आंसुओं की बूंदें गिरते हुए देखता हूँ.मैं तुम्हें मेरा नाम पुकारते हुए सुनता हूँ.मैं जानता हूँ कि तुम मुझे नहीं देख सकते,लेकिन मैं तुम्हें वैसे ही थामे रहता हूँ.
आलोक कुमार
जमीनी नेताओं से मिलकर कांग्रेस प्रभारी ने किया चुनावी रणनीति पर मंथन
बिहार के राष्ट्रीय प्रभारी ने जमीनी स्तर के पार्टी कार्यकर्ताओं को सेतू बनाकर संगठन को जनमानस से जोड़कर लड़ने का आह्वान किया और चुनावी जीत का फार्मूला दिया, ’लड़ेंगे और जीतेंगे’.
प्रभारी अल्लावारू ने जमीनी स्तर के कांग्रेसजनों के साथ ग्रामीण स्तर पर जन-अभियान की रूपरेखा तैयार करने के लिए प्रखंड अध्यक्ष से लेकर जिलाध्यक्ष, विधायक, पूर्व प्रत्याशी आदि से सुझाव मांगे एवं संगठनात्मक सुदृढ़ीकरण पर विचार मंथन किया.इसके बाद इन नेताओं से मिले फीडबैक के आधार पर प्रदेश स्तर के वरिष्ठ नेताओं के साथ अलग से विचार मंथन किया गया. इसके अलावा पटना में उपलब्ध पार्टी विधायकों एवं पूर्व विधायकों के साथ अलग से विचार-विमर्श कर चुनावी जंग के लिए रणनीति के निर्धारण की दिशा विश्लेषण किया गया.
आज के इस बैठक में पटना महानगर ए पटना ग्रामीण-1 एवं पटना ग्रामीण-2 के अधीन आने वाले वर्तमान एवं पूर्व के सभी जनप्रतिनिधि के अलावा जिलाध्यक्ष, एआईसीसी सदस्य, प्रदेश डेलीगेट, प्रत्याशी गण, प्रखंड अध्यक्ष आदि लोगों के साथ मैराथन मीटिंग का दौर शुरू हुआ. जमीनी हकीकत जानने के बाद प्रदेश प्रभारी ने प्रदेश के सभी वरिष्ठ नेताओं के साथ उसका विश्लेषण और उसपर मंथन किया.
आज की बैठक का संचालन पटना महानगर कांग्रेस के अध्यक्ष शशि रंजन ने किया.बैठक में श्याम सुन्दर सिंह धीरज, प्रेमचन्द्र मिश्र, लाल बाबू लाल, संजीव प्रसाद टोनी, ब्रजेश प्रसाद मुनन, कपिलदेव यादव, अनिल कुमार, प्रवीण कुशवाहा, राजकुमार राजन, सुमित कुमार सन्नी, रघुनंदन पासवान, कुमार आशीष, राजेश कुमार सिन्हा, गुरजीत सिंह, चंदन सिंह, आशुतोष शर्मा, रामायण यादव, सत्येन्द्र बहादुर, कुमार कुमार रोहित, असफर अहमद, मनोज मेहता, अशोक गगन, सुधीर शर्मा, सत्येंद्र यादव, राजनन्दन कुमार, वरुण शर्मा,मुकुल यादव, परवेज अहमद, राजीव मेहता, दुर्गा प्रसाद, वसी अख्तर, कुमार संजीत सहित सभी प्रखंड अध्यक्ष, एआईसीसी डेलीगेट, प्रदेश डेलीगेट मौजूद रहे.
आलोक कुमार
चुनावी जंग के लिए कांग्रेस का शंखनाद
हमारा लक्ष्य डबल इंजन की सरकार का सफाया- डा0 अखिलेश
पटना.बिहार कांग्रेस आगामी विधानसभा चुनाव के लिए कमर कस चुकी है एवं पुरानी भूलों से सीख लेकर समय से पहले वार मोड में आ चुकी है.पिछले एक सप्ताह से चुनावी कार्यक्रमों की रूपरेखा तैयार करने के बाद आज उसके क्रियान्वयन का श्रीगणेश आज हो गया. इसके तहत प्रदेश अध्यक्ष डा0 अखिलेश प्रसाद सिंह अपने समर्थकों के हुजूम के साथ चम्पारण का दौरा शुरू कर दिया.उधर महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय अध्यक्ष अलका लांबा वैशाली पहुँच चुकी हैं.अगले दौर के कार्यक्रम की पूरी रूपरेखा भी युद्ध स्तर पर तैयार की जा रही है.मीडिया, सोशल मीडिया के द्वारा पार्टी की विचारधारा के प्रचार-प्रसार की रणनीति तैयार करने में जुटी है. वहीँ वार रूम के पुनर्गठन का काम तेजी से जारी है.
बिहार के नवनियुक्त प्रभारी कृष्णा अल्लावारू 24 फरवरी को बिहार के दौरे पर पटना पहुँचे. 24 फरवरी को यह सिलसिला पटना जिला से शुरू हुआ जिसके तहत पटना महानगर, पटना ग्रामीण-1 एवं पटना ग्रामीण-2 के अधीन आने वाले जिलाध्यक्ष, एआईसीसी सदस्य, प्रदेश डेलीगेट, प्रत्याशी गण, प्रखंड अध्यक्ष आदि लोगों के साथ मैराथन मीटिंग का दौर शुरू हुआ. जमीनी हकीकत जानने के बाद प्रभारी प्रदेश के सभी वरिष्ठ नेताओं के साथ उसका विश्लेषण और उसपर मंथन किया गया.
इसी तरह अगले दिन यानी 25 फरवरी को प्रभारी एवं प्रदेश अध्यक्ष के नेतृत्व में वरिष्ठ नेताओं का दल बेगूसराय पहुँचें. इस बैठक में बेगूसराय, खगड़िया और समस्तीपुर के सभी जमीनी स्तर नेता एवं कार्यकर्ता भाग लिए. इसी तरह 26 फरवरी को यह कारवां भोजपुर पहुँचे. जहाँ भोजपुर, बक्सर, रोहतास एवं कैमूर जिलों के प्रतिनिधियों से विस्तृत चर्चा हुई. फिर यही सिलसिला 27 फरवरी को मुजफ्फरपुर में दोहराया जाएगा जहाँ मुजफ्फरपुर, मधुबनी, दरभंगा एवं सीतामढ़ी के प्रतिनिधियों के साथ विचार मंथन किया गया.
प्रदेश अध्यक्ष डा0 अखिलेश प्रसाद सिंह ने चंपारण दौरा से पहले पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि हमारा लक्ष्य डबल इंजन की सरकार का सफाया है. हमने 50 सीट जीतने का लक्ष्य रखा है.लक्ष्य आसान नहीं है मगर नामुमकिन नहीं. हम इसे हासिल कर के रहेंगे. इस बार बिहार कांग्रेस के पक्ष में चौंकाने वाला परिणाम देगा.हम इसी लक्ष्य के साथ चुनावी जंग में निकल रहे हैं.
आलोक कुमार
पटना. पूर्व राज्यसभा सांसद एवं वरिष्ठ जदयू नेता अली अनवर अंसारी आज अपने पूरे लाव-लश्कर के साथ कांग्रेस में औपचारिक रूप से शामिल हो गए.अनवर 2017 तक नीतीश कुमार के सहयोगी रहे लेकिन नीतीश के भाजपा के साथ गठजोड़ करने से आहत होकर जदयू का दामन छोड़ा था. प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष डा0 अखिलेश प्रसाद सिंह ने अली अनवर एवं उनके दर्जनों सहयोगियों को कांग्रेस की प्राथमिक सदस्यता दिलाई, हालांकि इसकी घोषणा पहले दिल्ली में कर दी गई थी. इसके लिए पार्टी मुख्यालय सदाकत आश्रम में विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया.प्रदेश अध्यक्ष डा0 सिंह ने पार्टी में अली अनवर का स्वागत करते हुए कहा कि अनवर साहब एक सामाजिक सरोकार वाले व्यक्ति रहे हैं लेकिन ये नीतीश के मिजाज को भाँप नहीं पाये.राजनीति में ऐसी भूलें हो जाया करती हैं.अली अनवर के कांग्रेस में आ जाने से बिहार कांग्रेस को मजबूती मिलेगी.
अली अनवर ने कहा कि वे मोदी के नफरत के बाजार में राहुल जी की मोहब्बत की दुकान की ओर आकर्षित होने के कारण कांग्रेस का हाथ थामने का निर्णय लिया.अनवर ने शपथ ली कि अपनी बची हुई पुरी जिन्दगी कांग्रेस को मजबूत करने में लगायेंगे.मालूम हो कि अनवर आॅल इडिया पशमांदा मुस्लिम मुसलमानों का संगठन चलाते हैं और मुस्लिम समुदाय के अत्यंत पिछड़े समूहों के बीच काम करते रहे हैं. भाजपा मुसलमानों के इसी समुदाय को लुभाने की कोशिश करती रही है.जाहिर है कि अनवर के कांग्रेस में आने से भाजपा को झटका लगा है.
इस मौके पर जो कृपानाथ पाठक, डा0 अजय कुमार सिंह, ब्रजेश प्रसाद मुनन, राजकुमार राजन, लाल बाबू लाल, रीता सिंह, सौरभ सिन्हा, मिरनाल अनामय, शशि भूषण राय, सतीश कुमार मंटन, शशि रंजन, राज छविराज, सुदय शर्मा, मो0 कामरान, अब्दुल बाकी सज्जन, राजेश मिश्रा आदि उपस्थित थे.
आलोक कुमार
’जमीन पर संघर्ष करने वाले कार्यकर्ताओं को मिलेगा सम्मान : कृष्णा अल्लवारू’
पटना. कांग्रेस मुख्यालय सदाकत आश्रम में बिहार के नवनियुक्त प्रभारी कृष्णा अल्लावारू का भव्य स्वागत किया गया. इसके लिए खास तौर पर स्वागत समारोह का आयोजन किया गया जिसमें प्रदेश भर के जिलाध्यक्षों समेत तमाम पदाधिकारी-कार्यकर्ताओं ने हिस्सा लिया.मुख्यालय की ओर जाने वाली सड़कों पर बने बड़े-बड़े तोरणद्वार के अलावा घोड़ा, ऊँट, बैण्डबाजा एवं नारों की गूंज के साथ कांग्रेसियों ने अपने प्रभारी का स्वागत किया. पार्टी के सभी मोर्चा संगठनों, सभी विभागों एवं प्रकोष्ठों के सभी पदाधिकारी इस कार्यक्रम में हिस्सा लिया.
इस अवसर पर नेताओं और कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए बिहार कांग्रेस के प्रभारी कृष्णा अल्लावारू ने मेहनत और क्षेत्र में पकड़ के आधार पर कार्यकर्ताओं को उचित सम्मान देने की बात कही. अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि बिहार कांग्रेस में जो कार्यकर्ता हैं जो नेता हैं वे बेहद मजबूत हैं.जिस प्रदेश में सालों से हमारी सरकार नहीं है वहां भी अपने कंधे पर कांग्रेस का झंडा उठाया है और ये छोटी बात नहीं है. मैं बिहार कांग्रेस अध्यक्ष, सभी वरिष्ठ नेताओं, नेता और सभी कार्यकर्ताओं को दिल से सलाम करना चाहता हूं.
उन्होंने कार्यकर्ताओं का मनोबल बढ़ाते हुए कहा कि जो जितनी मेहनत करेगा उसको इतना सम्मान देने का काम करूंगा.रेस के घोड़े को शादी में और शादी के घोड़ों को रेस में नहीं लगाया जाएगा और कार्यकताओं को एकजुट होकर क्षेत्र में चुनावों में उतरने का काम करना होगा. बिहार के बूथ, वार्ड, गांव, पंचायत और प्रखंड से सत्ता निकल कर आती है इसलिए पटना दिल्ली छोड़कर क्षेत्र में मेहनत करें.
इस अवसर पर अपने स्वागत भाषण में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष डॉ अखिलेश प्रसाद सिंह ने कहा कि बिहार परिवर्तन की भूमि है और कृष्णा अल्लावारू जी के बारे में जो बातें मुझे बहुत प्रभावित किया वो है उनका आउट ऑफ बॉक्स सोच और बदलाव से लगाव. डॉ. सिंह ने कहा कि बिहार से भाजपा जदयू सरकार को बाहर करना इतनी बड़ी जंग नहीं जैसा मीडिया दर्शाता है. हकीकत यह है कि पिछले विधानसभा चुनाव में हमारे वोट केवल 12 हजार कम थे. इसी तरन गहराई से 2024 के लोक सभा चुनाव में हर क्षेत्र में एक लाख से अधिक मतों की बढ़ोतरी हुई. और मुझे विश्वास है कि 2025 में हमारी सिट 19 से बढ़कर 50 हो जाएगा. अल्लावारु के बारे में उन्होंने कहा कि चीजों को परखने की कला इन्हें अन्य लोगों से अलग करती है एवं उनका प्रबंधन कौशल बिहार कांग्रेस को धारदार बनाएगा.
जिन लोगों ने स्वागत समारोह को संबोधित किया उनमे शामिल हैं डॉ. मदन मोहन झा, प्रो. राम जतन सिन्हा, डॉ. शकील अहमद, चन्दन बागची, पूनम पासवान, शाहनवाज आलम, कौकब कादरी, राजेश कुमार, लालबाबू लाल, शिव प्रकाश गरीब दास, शरवत जहां फातिमा, सूरज यादव, चंद्र प्रकाश सिंह, उमेर खान.मंच का संचालन डॉ समीर कुमार सिंह ने किया और धन्यवाद ज्ञापन एआईसीसी के राष्ट्रीय सचिव तौकीर आलम ने किया.अभिनंदन समारोह के बाद बिहार कांग्रेस प्रभारी कृष्णा अल्लवारू ने वरिष्ठ नेताओं, युवा कांग्रेस, आईटी सेल सहित अन्य संगठनों के साथ बैठक की.
इस अवसर पर कांग्रेस का शीर्ष नेतृत्व शामिल रहा जिनमे प्रमुख हैं कृपानाथ पाठक, वीणा शाही, संजीव प्रसाद टोनी, अवधेश कुमार सिंह, श्याम सुन्दर सिंह धीरज, विजय शंकर दुबे, नरेन्द्र कुमार, प्रेमचंद्र मिश्र, डॉ. अशोक कुमार के अलावा सभी विधायक, पूर्व विधायक एवं विधान पार्षद मौजूद रहे.
आलोक कुमार
पुरस्कार वितरण समारोह में प्रथम पुरस्कार नजफगढ़ पल्ली को मिला
दूसरा पुरस्कार फ़रीदाबाद पल्ली और तीसरा पुरस्कार विकासपुरी पल्ली को मिला
बेसिक एक्लेशियल कम्युनिटी (बीईसी)के वार्षिक दिवस के अवसर पर चर्च ऑफ आवर लेडी ऑफ ग्रेसेस, विकासपुरी के बीईसी गॉस्पेल गायन प्रतियोगिता आयोजित की गई.चर्च ऑफ आवर लेडी ऑफ ग्रेसेस, विकासपुरी को तृतीय पुरस्कार के रूप में ट्रॉफी मिला और प्रतिभागियों को भागीदारी प्रमाण पत्र दिया गया.
आलोक कुमार
सेवियो ने नई पुस्तक ‘मोदी का भारत' उपलब्धियों का दशक’ की एक प्रति भी भेंट की
पटना
. गोवा क्रॉनिकल के फाउंडर एवं भारतीय जनता पार्टी के गोवा के वरिष्ठ नेता सेवियों रॉड्रिक्स हैं.उन्होंने कई किताबें लिखी है.वे कहते हैं कि भारत के सबसे तेज तर्रार राजनीतिक दिमागों में से एक केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मिलना मेरे लिए सम्मान की बात है, जिनका जीवन न केवल प्रेरणादायक है, बल्कि मैं उनसे व्यक्तिगत रूप से राष्ट्रवाद, राजनीति और राष्ट्रीय सुरक्षा के बारे में बहुत कुछ सीख सकता हूँ.
उनके साथ अपने विचार साझा करने और उनकी सलाह और ज्ञान को सुनने का अवसर पाकर मैं बहुत खुश हूँ.साथ ही उन्हें हमारी नई पुस्तक ‘मोदी का भारत' उपलब्धियों का दशक’ की एक प्रति भी भेंट की.भारत माता की सेवा करने की अपनी यात्रा पर आगे बढ़ने के लिए उनका आशीर्वाद लिया.
राजन क्लेमेंट साह उर्फ क्लेमेंट साहब का सेवियों रॉड्रिक्स जिगरी दोस्त हैं.उनके विधानसभा चुनाव में सहयोग करने गोवा गए थे.
आलोक कुमार