शनिवार, 31 दिसंबर 2022

संत पापा बेनेडिक्ट 16वें पिता के घर लौट गये

 


वाटिकन.धर्मनिरपेक्ष यूरोप में ईसाई धर्म के पुनर्जागरण की कोशिश करने वाले पोप एमेरिटस बेनेडिक्ट 16वें का जन्म मारक्टल अम इन्न स्थित पासौ (जर्मनी) धर्मप्रांत में 16 अप्रैल 1927 (पुण्य शनिवार) को हुआ था और बपतिस्मा भी उसी दिन हुआ.उनका बचपन का नाम जोसेफ रतजिंगर था.31 दिसंबर 2022 शनिवार को सुबह 9:34 बजे अंतिम सांस ली.वे 95 वर्ष के थे.उनके निधन होते ही ईसाई समुदाय में मातम छा गया है.

       वेटिकन प्रवक्ता मैत्तियो ब्रुनी ने शनिवार सुबह जारी एक बयान में कहा , ‘‘बड़े दुख के साथ सूचित करना पड़ रहा है कि पोप एमेरिटस बेनेडिक्ट 16वें का वेटिकन में आज निधन हो गया. वहीं वाटिकन प्रेस कार्यालय ने शोक समाचार की घोषणा करते हुए जानकारी दी कि संत पापा बेनेडिक्ट 16वें पिता के घर लौट गये. उनका निधन शनिवार सुबह 9:34 बजे वाटिकन के मातेर एक्लेसिए मठ में हुआ, जिसमें उन्होंने 2013 में परमाध्यक्षीय पद से इस्तीफा देने के बाद रहने का निश्चय किया था. कार्डिनल जोसेफ रतजिंगर, पोप बेनेडिक्ट 16वें का जन्म मारक्टल अम इन्न स्थित पासौ (जर्मनी) धर्मप्रांत में 16 अप्रैल 1927 (पुण्य शनिवार) को हुआ था और बपतिस्मा भी उसी दिन हुआ.उनके पिता एक पुलिस कमीशनर थे जो बावारिया के एक किसान परिवार से आते थे जिनकी आर्थिक स्थिति मध्यमवर्गीय थी. उनकी माता केइम झील पर रिमस्टिंग से एक कारीगर की बेटी थी तथा शादी करने के पूर्व कई हॉटलों में रसोईया के रूप में काम कर चुकी था.

     बेनेडिक्ट 16वें को 2005 में उन्हें वेटिकन सिटी का पोप चुना गया था. तब उनकी उम्र 78 वर्ष की थी और वह सबसे उम्रदराज पोप में से एक थे. वह करीब आठ साल तक रोमन कैथोलिक चर्च के पोप रहे. बीमारी के चलते उन्होंने फरवरी 2013 में पद छोड़ दिया था.


जर्मनी से ताल्लुक रखने वाले बेनेडिक्ट एक ऐसे धर्मगुरु के रूप में याद रखे जाएंगे, जो पोप के पद से इस्तीफा देने वाले 600 वर्षों में प्रथम ईसाई धर्मगुरु थे.बेनेडिक्ट ने 11 फरवरी 2013 को विश्व को उस वक्त स्तब्ध कर दिया था, जब उन्होंने यह घोषणा की कि वह 1.2 अरब अनुयायियों वाले कैथोलिक चर्च का अब नेतृत्व करने में सक्षम नहीं हैं. वह आठ वर्षों तक इस पद रहे और इस दौरान कई विवादों का सामना करना पड़ा. उनके इस्तीफे ने इस शीर्ष पद के लिए पोप फ्रांसिस के चुने जाने का मार्ग प्रशस्त किया.

      पद से इस्तीफा देने के बाद से वह वेटिकन परिसर में स्थित मठ में रह रहे थे. उनकी तबीयत लंबे समय से खराब चल रही थी. वेटिकन ने 28 दिसंबर को पोप के स्वास्थ्य की जानकारी दी और कहा कि उनकी हालत और खराब हो रही है.

     

प्रधानमंत्री ने ट्वीट किया;


“पोप एमेरिटस बेनेडिक्ट सोलहवें के निधन से दुखी हूं, जिन्होंने अपना पूरा जीवन चर्च और प्रभु मसीह की शिक्षाओं के लिए समर्पित कर दिया. उन्हें समाज के लिए उनकी बहुमूल्य सेवा के लिए याद किया जाएगा. मेरी संवेदनाएं दुनिया भर के उन लाखों लोगों के साथ हैं, जो उनके निधन से दुखी हैं.”


आलोक कुमार


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पूर्व स्व0 कृष्ण बल्लभ सहाय के चित्र पर माल्यार्पण किया

 


पटना.बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री स्व 0 के0 बी0 सहाय की 123 वीं जयंती  आज प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय, सदाकत आश्रम में मनाई गई. समारोह की अध्यक्षता प्रदेश कांग्रेस कमिटी के पूर्व उपाध्यक्ष जमाल अहमद भल्लू ने की.

इस अवसर पर जमाल अहमद भल्लू ने स्व0 के0 बी0 सहाय के प्रति श्रद्धाँजलि अर्पित करते हुए कहा कि बिहार में जमींदारी प्रथा के उन्मूलन तथा भूमि सुधार कार्यक्रम को लागू करने में स्व0 सहाय की बड़ी भूमिका थी.उन्होंने कहा कि राज्य सरकार के राजस्व मंत्री तथा बाद में मुख्यमंत्री के रूप में उन्होंने दलितों, पिछड़ों तथा अल्पसंख्यकों के उत्थान के लिए अनेक कार्यक्रम को लागू किया जिसका लाभ आज समाज के इन वर्गों में विकास के रूप में देखा जा सकता है. इसके पूर्व स्व0 कृष्ण बल्लभ सहाय के चित्र पर माल्यार्पण किया गया.

इस अवसर पर ब्रजेश प्रसाद मुनन, अजय कुमार चौधरी, राज किशोर सिंह, इरशाद हुसैन, धनंजय शर्मा, संतोष कुमार श्रीवास्तव, मो शाहनवाज, सतेन्द्र कुमार सिंह ,प्रदुमन कुमार,दिलीप कुमार सिंह,राज कुमार राम, धीरेन्द्र कुमार,अजय शर्मा, रामशंकर कुमार, उमेश कुमार सिंह,बिपिन झा  के अलावे अन्य कांग्रेस नेताओं ने भी स्व0 सहाय के चित्र पर माल्यार्पण किया.


आलोक कुमार

2022 में जनता मंहगाई, बेरोजगारी और सामाजिक विभेद का मार झेलती रही

 


पटना.बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी, के प्रवक्ता सह चेयरमैन रिसर्च विभाग एवं मेनिफेस्टो कमेटी श्री आनन्द माधव ने एक बयान जारी कर कहा कि कहा जाता है कि गुजरे हुए के बारे में बुरा नहीं कहना चाहिए.लेकिन नव वर्ष की शुभकामनाओं के साथ ये भी आवश्यक है कि बीते वर्ष का आकलन कर लिया जाये. बीता वर्ष भारत की जनता के लिए एक धोखा एवं घाटे का वर्ष रहा. एक तो कोरोना ने 2020- 2021 में लोगों को आर्थिक रूप से तोड़ दिया था, दूसरी ओर 2022 में जनता मंहगाई, बेरोजगारी और सामाजिक विभेद का मार झेलती रही. गैस सिलिंडर 200 रुपया मंहगा हुआ, दूध कि कीमत पूरे साल में लगभग 10 रूपये बढ़ गई, अरहर की दाल 10 रूपये महंगा हुआ,खाने का तेल 15से लेकर 20 रूपये तक बढ़ गया, आटे कि कीमत 25 रूपये तक बढ़ गए. पेट्रोल एवं डीजल के कीमतों में भी बेतहाशा वृद्धि हुई. केन्द्र सरकार मात्र जुमलों की पोटली खोल आश्वासन देती रही.

न सिर्फ राष्ट्रीय स्तर पर वरण अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी हमारी किरकिरी हुई है. कई मुद्दों पर हम अगर भारत की ग्लोबल रैंकिंग देखें तो यह स्पष्ट पता चलता है कि अन्य देशों की तुलना में हम बहुत पीछे है. हंगर इंडेक्स की बात करें तो हमारा स्थान 121 देशों में 107 वां है. हम बेटी पढाओ बेटी बचाओ के नारे बहुत लगाते हैं, विज्ञपन पर भी करोड़ों खर्च करते हैं. लेकिन भारत का स्थान जेंडर गैप में 146 देशों में 135वां है. खुशहाल देशों की श्रेणी में हम 146 देशों में 139 वें स्थान पर आते हैं. पर्यावरण पर लंबे चौडे भाषण तो बहुत सुनने को मिलता है लेकिन हम 2022 में 180 देशों में 180 वां हमारा है. एनवायरनमेंट प्रोटेक्शन इंडेक्स यह बताता है कि वियतनाम, पाकिस्तान एवं बांग्लादेश जैसे देश हमारे ऊपर है. वर्ल्ड इकनोमिक फोरम के अनुसार 2022 में वर्ल्ड ट्रेवल एवं टूरिज्म विकास में हम 54 वें स्थान पर हैं. यू एन डी पी की रिपोर्ट कहती है कि मानव विकास मानकों में भारत 191 देशों में 131वें स्थान पर हैं. यहाँ तक कि प्रेस की स्वतंत्रता में 150 देशों में हम 142 वें स्थान पर हैं. नवाचार में भी हम बहुत पीछे हैं, 66 देशों में हमारा स्थान 40वां है. ऊर्जा संक्रमण सूचकांक में हम 115 देशों के बीच 87 वें पायदान पर खडे हैं.

डोकलाम के बाद तवांग में चीन हमारी सीमा का अतिक्रमण कर रहा है. हम चुप है. पाकिस्तान का विदेश मंत्री अनर्गल प्रलाप कर रहा और हम बातों का गुलदस्ते बना रहे हैं.

सच तो यह है कि भारत आज एक संक्रमण काल की स्थिति से गुजर रहा है. कुल मिलाकर अगर देखें तो हर प्रकार से 2022 भारत के लिए भारत के लोगों के लिए एक दुखद साल रहा. हमारी कामना है कि 2023 में भारत की जनता के ये दुबारा नहीं देखना पड़े.


आलोक कुमार

बुधवार, 21 दिसंबर 2022

व्यापार तंत्र के विरुद्ध विशेष रूप से कार्रवाई सुनिश्चित करने का स्पष्ट निर्देश

 

नालंदा.मद्य निषेध के सख्ती से अनुपालन को लेकर जिलाधिकारी श्री शशांक शुभंकर एवं पुलिस अधीक्षक श्री अशोक मिश्रा ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक की.सभी संबंधित पदाधिकारियों को, विशेष रूप से थाना प्रभारियों को आसूचना संकलन पर विशेष रूप से बल देने को कहा गया. चौकीदार परेड को नियमित रूप से कारगर ढंग से सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया.

    शराब के अवैध कारोबार में लिप्त व्यक्तियों एवं व्यापार तंत्र के विरुद्ध विशेष रूप से कार्रवाई सुनिश्चित करने का स्पष्ट निर्देश दिया गया.स्पिरिट का उपयोग करने वाले संस्थानों के स्टॉक का सत्यापन कराया जाएगा. इसके लिए संबंधित अनुमंडल पदाधिकारी,उत्पाद अधीक्षक एवं औषधि निरीक्षक के संयुक्त दल के माध्यम से जांच कराई जाएगी.

सभी थानों में जब्त शराब का त्वरित विनष्टीकरण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया.जप्त वाहन एवं भवन की नीलामी के लंबित मामलों का ससमय निष्पादन सुनिश्चित करने को कहा गया.

बैठक में अपर समाहर्त्ता, सभी अनुमंडल पदाधिकारी, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, उत्पाद अधीक्षक तथा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी प्रखण्ड विकास पदाधिकारी, थाना प्रभारी आदि जुड़े थे.


आलोक कुमार

सोमवार, 19 दिसंबर 2022

मेयर उम्मीदवार के पक्ष में मतदान करने का निवेदन करते

  

पटना.पटना नगर निगम में 75 वार्ड है.इसमें मजबूती से मेयर की दावेदारी रजनी देवी पेश कर रही है.मेयर उम्मीदवार के सैकड़ों समर्थक हैं. इन समर्थकों में हर कौम के लोग शामिल है.जो मजबूती से अपने कौम के वोटर को मेयर उम्मीदवार के पक्ष में मतदान करने का निवेदन करते हैं.इसके साथ मैनपुरा ग्राम पंचायत के पूर्व मुखिया भाई धर्मेंद्र और पूर्व सरपंच श्री भगवान राय साथ चल रहे हैं.बीजेपी के नेता संजय राय भी सहयोग कर रहे हैं.इनका साथ देने के मतलब बीजेपी के कैडर वोट मिलना निश्चित है.सबसे महत्वपूर्ण व्यक्ति पप्पू राय हैं. जो मेयर उम्मीदवार रजनी देवी के देवर हैं.इनको चुनाव में जीत सुनिश्चित करने में महारत है.

     जानकारी के अनुसार पटना नगर निगम का चुनाव 2017 में हुआ था.पंचायत से पटना नगर निगम में शामिल क्षेत्र में वार्ड संख्या 22 सी से रजनी देवी उम्मीदवार थीं. समाजसेवी पप्पू राय के चुनाव प्रबंधन के कारण रजनी देवी 22 सी चुनाव जीतकर वार्ड पार्षद बन गयी.इसके बाद डिप्टी मेयर का भी पद हथियाने में सफल हो गयी. इसमें निवर्तमान मेयर सीता साहू का भी साथ मिला.इसके बाद समाजसेवी पप्पू राय ने त्रिस्तरीय ग्राम पंचायत के चुनाव में भतीजा चंदन कुमार को नकटा दियारा ग्राम पंचायत के पंचायत समिति के सदस्य बनवाने में सफल हो गये.

     

इस समय समाजसेवी पप्पू राय निवर्तमान डिप्टी पार्षद और मेयर पद की उम्मीदवार रजनी देवी और वार्ड 22 बी से रीता देवी को चुनावी वैतरणी पार करवाने में लगे हैं.द्वितीय चरण का चुनाव प्रचार चरम पर है.26 दिसंबर को चुनाव प्रचार बंद होगा. 28 दिसंबर को चुनाव है.एक वोटर को तीन वोट देना है.ईवीएम का बटन दबाकर मेयर,डिप्टी मेयर और पार्षद को चुनाव करना है.30 दिसंबर को मतगणना है.

       


समाजसेवी पप्पू राय ने कहा कि 75 वार्ड में जनसंपर्क अभियान जारी है.इस दौरान नुक्कड़ नाटक, नुक्कड़ नाटक,जन समस्याओं का समाधान किया जा रहा है.कुल मिलाकर मेयर पद की उम्मीदवार रजनी देवी चुनावी दौड़ में आगे हैं.


आलोक कुमार

टीम में नौबतपुर निवासी रक्तवीर कुंदन सिंह

 * दिव्यांग आदित्य शर्मा का अद्भुत जज्बा, पहली बार रक्तदान कर बचाई जानरूप्रबोध जन सेवा संस्थान


पटना.अगर हौसलों में दम हो और मन में परोपकार का भाव तो शारीरिक अक्षमता भी आपके रास्ते नहीं आ सकती। कुछ ऐसा ही जज्बा मोहम्मदपुर, जानीपुर (पटना) निवासी आदित्य शर्मा में नजर आया। सड़क दुर्घटना की वजह से अपना एक पैर गंवाने वाले दिव्यांग आदित्य शर्मा को जब ‘प्रबोध जन सेवा संस्थान‘ के मुख्य सहयोगी ग्राम अब्बूपुर लोदीपुर (पटना) निवासी रक्तवीर पिंटू शर्मा जी के द्वारा यह बताया गया की हमारे टीम में नौबतपुर निवासी रक्तवीर कुंदन सिंह जी के द्वारा दुल्हिन बाजार, पालीगंज (पटना) निवासी लालसा देवी का केस आया है। जो एम्स, पटना में इलाजरत है जिन्हें तत्काल रक्त की जरूरत है। जैसे ही यह जानकारी रक्तदाता आदित्य शर्मा को ज्ञात हुआ उन्होंने तत्काल रक्तदान करने की इच्छा जाहिर करते हुए एम्स, पटना पहुंच गए। रक्तदान उपरांत उन्होंने कहा- रक्तदान-जीवनदान है। अपना खून देकर किसी की जिंदगी बचाने से बड़ा पुण्य का काम कोई दूसरा नहीं। इंसान ने कई तरह के कृत्रिम अंग तो बना लिए, लेकिन खून को लैब में आज तक नहीं बनाया जा सका। इसकी जरूरत के लिए इंसान आज भी स्वैच्छिक डोनर पर ही निर्भर है।

आलोक कुमार

अब तक 9600 क्रेडिट कार्ड निर्गत किए गए

 * बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड, कुशल युवा कार्यक्रम एवं मुख्यमंत्री निश्चय स्वयं सहायता भत्ता योजना के लिए अधिक से अधिक आवेदन सृजित करने का निर्देश


* विभिन्न स्तरों पर लंबित आवेदनों का त्वरित निष्पादन का निर्देश


नालंदा.इस जिले के जिलाधिकारी श्री शशांक शुभंकर ने आज जिला निबंधन सह परामर्श केंद्र (डीआरसीसी) के कार्यों की समीक्षा की.बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना के तहत अब तक 9600 क्रेडिट कार्ड निर्गत किए गए हैं. इनमें से 8679 आवेदकों के लिए ऋण की राशि संबंधित शैक्षणिक संस्थानों को भुगतान किया गया है.इस योजना के तहत अब तक 156.5 करोड़ रुपए  ऋण की राशि का भुगतान किया जा चुका है.
    वर्तमान वित्तीय वर्ष में स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड के लिए निर्धारित लक्ष्य 2929 के विरुद्ध अब तक 1925 आवेदन सृजित किए गए हैं. इसके लिए सभी प्लस टू/ इंटर स्तरीय विद्यालय/ महाविद्यालय के छात्रों की काउंसलिंग कराई जा रही है. जिलाधिकारी ने काउंसलिंग में भाग लेने वाले छात्र/छात्राओं के साथ नियमित रूप से फॉलोअप करते हुए अधिक से अधिक छात्र/छात्राओं को इस योजना से लाभान्वित कराने का निर्देश दिया.
    इस योजना के तहत थर्ड पार्टी वेरिफिकेशन के लिए 427 आवेदन लंबित पाए गए. जिलाधिकारी ने 30 दिनों से अधिक अवधि से लंबित आवेदनों के निष्पादन के लिए थर्ड पार्टी अथॉरिटी को पत्र के माध्यम से संसूचित करने को कहा.
     स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड से संबंधित 472 आवेदन संबंधित छात्र/ अभिभावक के साथ एग्रीमेंट के लिए लंबित पाए गए. जिलाधिकारी ने इन सभी छात्रों से लगातार दूरभाष के माध्यम से संपर्क कर एग्रीमेंट की प्रक्रिया को पूर्ण करने का निर्देश दिया. इसके लिए बिहार शिक्षा वित्त निगम के प्राधिकृत पदाधिकारी से स्पष्टीकरण भी पूछा गया. उन्हें लंबित एग्रीमेंट के लिए त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया. आवश्यकतानुसार अतिरिक्त मोबाइल फोन उपलब्ध कराने एवं कॉल करने के लिए अतिरिक्त कर्मियों को लगाने का निर्देश दिया गया.
     मुख्यमंत्री निश्चय स्वयं सहायता भत्ता योजना के तहत अब तक 29196 युवाओं को लगभग 44 करोड़ राशि भत्ता के रूप में भुगतान किया गया है. वर्तमान वित्तीय वर्ष में 7326 के लक्ष्य के विरुद्ध अब तक 1440 आवेदन प्राप्त किए गए हैं. जिलाधिकारी ने अधिक से अधिक पात्र लोगों से संपर्क कर आवेदन सृजन में वृद्धि लाने को कहा.
    कुशल युवा कार्यक्रम के तहत अब तक 67557 युवाओं को प्रशिक्षण दिया गया है. वर्तमान वित्तीय वर्ष में 17500 के लक्ष्य के विरुद्ध अब तक 12534 आवेदन स्वीकृत किए गए हैं. इस योजना का लाभ अधिक से अधिक युवाओं को देने के लिए उप विकास आयुक्त को सभी विद्यालय/महाविद्यालय के प्रधानाध्यापक/प्राचार्य के साथ बैठक कर सभी पात्र छात्र/ छात्राओं को आच्छादित करने को कहा गया.
     जिलाधिकारी ने स्पष्ट रूप से कहा कि जिला निबंधन सह परामर्श केंद्र में कार्यरत जो भी पदाधिकारी या कर्मी कार्य में शिथिलता बरतने, उन्हें सेवा से हटाने का प्रस्ताव भेजा जाएगा.
बैठक में उप विकास आयुक्त श्री वैभव श्रीवास्तव, सहायक समाहर्ता, जिला योजना पदाधिकारी, प्रबंधक डीआरसीसी सहित सभी सहायक प्रबंधक एवं अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे.

आलोक कुमार

सेंट डोमिनिक सेवियो हाई स्कूल



पटना.सेंट डोमिनिक सेवियो हाई स्कूल, दीघा, पटना के संस्थापक निदेशक स्वर्गीय जोसेफ पी. गॉल्स्टन थे. यह एक ईसाई धार्मिक अल्पसंख्यक संस्थान है.इसके नाते, यह मुख्य रूप से एंग्लो-इंडियन / ईसाई समुदाय की शैक्षिक आवश्यकताओं को पूरा करता है, लेकिन सीटों की उपलब्धता के आधार पर धर्म जाति या समुदाय के बावजूद अन्य लोगों के लिए भी प्रवेश खुला है. 

सेंट डोमिनिक सेवियो हाई स्कूल शिक्षा केंद्र, नासरीगंज, दीघा, पटना 1982 में स्थापित किया गया था.40 साल पूरा करने के उपलक्ष्य में सेंट डोमिनिक सेवियो हाई स्कूल मंे वार्षिक संगीत समारोह आयोजित किया गया.इस अवसर पर बिहार की पूर्व उपमुख्यमंत्री रेणु देवी मुख्य अतिथि थीं.अभी बिहार विधानसभा के पुस्तकालय समिति की अध्यक्ष हैं.

   सेंट डोमिनिक सेवियोज हाई स्कूल,जूनियर सेक्शन का रूबी जुबली एवं वार्षिक उत्सव विद्यालय के सभागार नासरीगंज, दीघा, पटना में आयोजित किया गया. मुख्य अतिथि श्रीमती रेणु देवी माननीय अध्यक्ष पुस्तकालय


समिति बिहार विधानसभा के द्वारा कार्यक्रम का उद्घाटन किया गया.नाटक दि स्लीपिंग ब्यूटी (एक  परी कथा) मशहूर लेखक गैमबतिस्ता बैसिल लिखित पुस्तक में संकलित कहानी पर आधारित था. मुख्य कलाकार राजा,रानी, राजकुमार,राजकुमारी औरोरा एवं मेलिफिसेंट की भूमिका क्रमशरू आदर्श गोयनका,खुशी कुमारी,दक्ष शर्मा, सारा जेसिका एवं अवंशिका ने निभाया.सभी प्रतिभागियों ने दर्शकों को काफी प्रभावित और मंत्रमुग्ध कर दिया .कार्यक्रम के अंतराल में कई नृत्य एवं संगीत की प्रस्तुति काफी आकर्षक थी.

 मुख्य अतिथि ने बेहतरीन प्रदर्शन के लिए कलाकारों की सराहना की और कहा कि इस कार्यक्रम से पता चलता है कि विद्यालय बच्चों के सर्वागीण विकास के लिए काफी मेहनत कर रहा है उन्होंने विद्यालय प्रबंधन को बधाई दी और कहा कि उन्हें इस बात की खुशी है कि विद्यालय गुणात्मक शिक्षा के साथ-साथ के कुछ नाटक गायक एवं नृत्य की शिक्षा दे रहा है मशहूर लेखक श्री विकास झा एवं श्रीमती प्रिया मनीष कुमार सहायक प्रोफेसर सेंट जेवियर कॉलेज विशिष्ट अतिथि थे.

 विद्यालय की प्राचार्य श्रीमती ग्लेंडा गॉल्स्टन ने पिछले 40 वर्षों में विद्यालय द्वारा हासिल उपलब्धियों को गिनाया
तथा कहा कि विद्यालय के बच्चे भारत ही नहीं अपितु विश्व के कोने- कोने में लगभग सभी व्यवसाय में  प्रतिष्ठित पदों पर आसीन हैं.

 विद्यालय के संगीत समूह के द्वारा स्वागत नृत्य भी प्रस्तुत किया गया.विद्यालय की  प्राचार्य श्रीमती सेंड्रा ईलीस ने धन्यवाद ज्ञापन किया.


आलोक कुमार

सारण में जहरीली शराब से हुई मौत पर कांग्रेस ने गठित की 5 सदस्यीय जांच समिति

*सारण में जहरीली शराब से हुई मौत पर कांग्रेस ने गठित की 5 सदस्यीय जांच समिति


पटना. बिहार प्रदेश कांग्रेस कमिटी के अध्यक्ष डॉ अखिलेश प्रसाद सिंह ने  जहरीली शराब से सारण जिले में हुई मौतों पर 5 सदस्यीय समिति का गठन किया है.बिहार कांग्रेस के अध्यक्ष डॉ अखिलेश प्रसाद सिंह ने इस आशय का पत्र जारी करते हुए जांच सदस्यों को शीघ्रताशीघ्र प्रतिवेदन प्रदेश कांग्रेस कमिटी में सौंपने का निर्देश दिया है.


इस जांच समिति के बारे में  बिहार कांग्रेस के मीडिया विभाग के चेयरमैन राजेश राठौड़ ने बताया कि इस पांच सदस्यीय जांच समिति में पार्टी के वरिष्ठ नेता व विधायक विजय शंकर दूबे, राजेश राम, आनन्द शंकर, प्रतिमा कुमारी दास के अलावे पूर्व महासचिव कपिलदेव प्रसाद यादव शामिल रहेंगे. इस जांच समिति को जहरीली शराब से हुई मौतों पर अपना प्रतिवेदन प्रदेश कांग्रेस कमिटी के अध्यक्ष  को जल्द से जल्द जमा करना है.


आलोक कुमार


प्रत्येक मतगणना टेबल पर तीन-तीन पदाधिकारी

* नगर पालिका आम निर्वाचन 2022 के तहत प्रथम चरण के मतदान की मतगणना की तैयारी पूरी

*नालंदा कॉलेज स्थित मतगणना केंद्र पर मंगलवार को प्रातः 8:00 बजे से मतगणना होगी प्रारंभ


नालंदा. नगर पालिका आम निर्वाचन 2022 के अवसर पर रविवार को प्रथम चरण में जिला के सात नगर निकायों में मतदान कार्य संपन्न हुआ.प्रथम चरण के सभी नगर निकायों के सभी पदों के लिए मतगणना का कार्य मंगलवार को नालंदा कॉलेज स्थित मतगणना केंद्र पर अलग-अलग मतगणना कक्ष में किया जाएगा.

       


सभी नगर निकायों में मुख्य पार्षद, उप मुख्य पार्षद एवं वार्ड पार्षद के पदों के लिए अलग-अलग मतगणना की जाएगी.नगर पंचायत एकंगरसराय, चंडी, हरनौत, नालंदा, सिलाव एवं गिरियक के मतगणना कक्ष में प्रत्येक पद के लिए पांच-पांच अलग-अलग टेबल (प्रत्येक नगर निकाय के लिए कुल 15 टेबल) तथा नगर परिषद हिलसा के मतगणना कक्ष में प्रत्येक पद के लिए दस-दस अलग-अलग टेबल(कुल 30 टेबल) पर मतगणना का कार्य किया जाएगा.

     प्रत्येक मतगणना टेबल पर तीन-तीन पदाधिकारी/कर्मी प्रतिनियुक्त किए गए हैं। प्रत्येक टेबल पर एक मतगणना सहायक, एक मतगणना माइक्रो ऑब्जर्वर एवं एक मतगणना पर्यवेक्षक प्रतिनियुक्त रहेंगे.मतगणना कक्ष में सीसीटीवी कैमरा लगाया गया है.इसके साथ ही मतगणना की सतत वीडियोग्राफी भी कराई जाएगी.मतगणना कार्य में आधुनिक टेक्नोलॉजी का भी प्रयोग किया जा रहा है. ऑप्टिकल कैरेक्टर रिकॉग्निशन सिस्टम (ओटीआर) के माध्यम से भी ईवीएम में दर्ज मतों की जानकारी प्राप्त की जा सकेगी.मतगणना केंद्र परिसर में त्रिस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की गई है.


आलोक कुमार

रविवार, 18 दिसंबर 2022

शिवाजी नगर दीघा में क्रिसमस गेट टू गेदर का कार्यक्रम संपन्न

 टीचर्स एनक्लेव कॉलोनी,शिवाजी नगर दीघा में क्रिसमस गेट टू गेदर का कार्यक्रम संपन्न हुआ



पटना। क्रिसमस की तैयारी के उपलक्ष में आज टीचर्स एनक्लेव कॉलोनी,दीघा में क्रिसमस गेट टू गेदर का कार्यक्रम संपन्न हुआ।जिसमें कॉलोनी के सभी परिवार के सदस्य हर्षोल्लास के साथ शामिल हुये।कार्यक्रम की शुरुआत में कॉलोनी के सबसे बुजुर्ग एस.के. लॉरेन्स ने प्रभु येसु के बालक के रूप में जन्म लेने तथा उनके आगमन से संबंधित गीत 'दूर कहीं से आवाज आई,मुक्तिदाता आने वाला है'   प्रस्तुत किया।तत्पश्चात हमेशा की तरह एस.के.लॉरेन्स ने गरीब एवं जरुरतमंदों को सिस्टर अलका के माध्यम से कम्बल का वितरण किया।ज्ञात हो कि एस.के.लॉरेन्स ने कुछ दिन पहले ही नवज्योति निकेतन, कुर्जी में क्रिसमस मिलन समारोह के दौरान बिहार के अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री माननीय जमा खान साहब तथा अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष माननीय सलीम परवेज साहब के माध्यम से गरीब तथा जरूरतमंदों को कम्बल का वितरण किया था।तत्पश्चात सिस्टर ने प्रार्थना की।क्रिसमस के गीत गाए गये,क्रिसमस का संदेश दिया गया। आज के कार्यक्रम की संचालिका कॉलोनी की ही स्टेला पॉल ने अनुप ऐन्ड्रू तथा अन्य लोगों के सहयोग से सफलतापूर्वक संचालित किया।


आलोक कुमार


अपने "राष्ट्रीय हित" सच में रक्त रंजित आर्थिक लाभ के लिए इस आपदा को हवा देने में लगे


आज हम युद्ध वैश्विक अशांति के माहौल में जी रहे हैं. रूस और यूक्रेन के बीच करीब विगत 10 माह से विध्वंसकारी युद्ध चल रहा है.सैकड़ों और हजारों की तादाद में लोग मारे जा रहे हैं और लाखों की संख्या में लोग घर से बेघर हो रहे हैं. विभिन्न संपन्न देश कहीं ना कहीं इस मानव निर्मित आपदा में जूझते आ रहे हैं.कई तो अपने "राष्ट्रीय हित" सच में रक्त रंजित आर्थिक लाभ के लिए इस आपदा को हवा देने में लगे हैं,वहीं कुछ इसी मकसद से चुप रह कर तमाशा देख रहे हैं, इस आशा में कि हमें इससे क्या लाभ मिलेगा. अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लोगों को तीसरे विश्व युद्ध के आसार नजर आ रहे हैं?

       विश्व स्तर पर ही क्यों, अलग-अलग देशों में अलग-अलग रूपों में अशांति व्याप्त है.धर्म,जाति, संस्कृति, विचारधारा और क्षेत्रवाद आदि के नाम पर ध्रुवीकरण का संकट गहराता जा रहा है.आम लोगों में एक- दूसरे के प्रति डर गहराता जा रहा है. डार्विन की वैज्ञानिक सोच समुदायों और व्यक्तियों के जीवन में, आधार मूल सिद्धांत के रूप में जड़ जमाता जा रहा है. इसके अनुसार - 'केवल सक्षम को जीने और बने रहने का अधिकार है'?

        इस उभर रही सोच का पूंजीवाद, उपभोक्तावाद, राष्ट्रवाद,साम्राज्यवाद के सहारे राजनैतिक और आर्थिक संस्थान और शक्तियों सचेत रूप से विस्तार कर रही है.इसका कुल नतीजा यह निकल रहा है कि आदमी, आदमी से डर रहा है. वह डर के माहौल में जीने को मजबूर है और उसी में घुट- घुट कर जी रहा है. यही डरा हुआ इंसान दिन -ब- दिन स्वकेंद्रित होता जा रहा है.                                                                        

        मानव निर्मित आपदाओं का प्रकृति मुखर प्रतिरोध करने लगी है. कहीं बेमौसम अति वृष्टि, कहीं पानी की कमी से अकाल और सूखे की वजह से मरने की स्थिति,प्राकृतिक आपदाओं, कर्ज के बोझ और सरकारी उपेक्षाओं के शिकार -सबसे जीवन को बनाए रखने वाले किसान आत्महत्या कर अपनी ही जीवन लीला समाप्त कर रहे हैं. अपने असीमित लाभ और क्षणिक खुशियों के लिए हमें हवा और पानी को दूषित करने के लिए से कोई गुरेज नहीं है.मामला जरूरत से ज्यादा चीजों के इस्तेमाल का हो या आतिशबाजी करने का या बेवजह बिजली पानी तथा ऊर्जा की खपत की बर्बादी का या फिर पराली जलाने का !जब हमारी सोच में 'मैं' सर्वोपरि तो हमें किसी अन्य की कोई चिंता नहीं - चाहे वे हमारे बच्चे -बच्चियां,उनके होने वाले बच्चे-बच्चियां यानी हमारी खुद की आने वाली पीढ़ियां ही क्यों न हों.                                            

         इस भयानक और डरावनी परिस्थिति में हम 'ख्रीस्त जयंती' ही मना रहे हैं. नवी इसायाह ने 740 ईसा पूर्व प्रभु येसु के आगमन की भविष्यवाणी करते हुए लिखा था -" अपूर्व परामर्शदाता! शक्तिशाली  ईश्वर, शाश्वत पिता, शांति का राजा'(इसा.9:5). आगे यही नबी अपनी पुस्तक के 34 वें अध्याय में लिखते हैं-  घबराए हुए लोगों से कहो- ढारस रखो,डरो मत. देखो तुम्हारा ईश्वर आ रहा है... वह स्वयं तुम्हें बचाने आ रहा है,'(इसा.35:4). आशावान बने रहो.तुम यह जानाे और विश्वास करो कि उन्हें प्रभु में तुम्हारी मुक्ति निकट है.                                                                

         नबी के माध्यम से प्रभु अपने इस वायदे से हमें आश्वासन देते हैं कि परिस्थितियां बदलेगी. संत याकूब अपने पत्र के पांचवें अध्याय में किसान का उदाहरण देते हुए सबका आह्वान करते हैं कि एक किसान की तरह, जो अपना कर्म करते हुए, बीज रोपण और धीरज के साथ समुचित वर्षा और समय पर फसल के तैयार होने की प्रतीक्षा करता है, हमें भी प्रभु येसु की शिक्षानुसार,अपना कर्म करते हुए  अपनी मुक्ति की प्रतीक्षा करनी चाहिए. शांति के राजा, प्रभु येसु की शिक्षा यही थी कि उनके शिष्य ईमानदारी और लगन से एक -दूसरे को प्यार और क्षमा देते हुए अपने आप में दूसरों में जीवन को मजबूत करें. प्रभु के प्रति हमारी सच्ची श्रद्धा होगी कि हम प्रभु की जीवन शैली को अपनाए, उनके जीवन मूल्यों को जीयें  और न्याय, शांति ,प्रेम, क्षमा और सहभागिता का जीवन जीते हुए अपने परिवार और दुनिया में एक नये समाज के जड़ें को मजबूत करें.                                         

        हम सबको और प्रत्येक परिवार को बालक येसु की शांति और आशीर्वाद मिले.सब को नए वर्ष की शुभकामनाएं!आपका जीवन मंगलमय हो. 

     फादर पीयुस माइकल,ये.स. कुर्जी के पल्ली पुरोहित.


आलोक कुमार


सभी उम्मीदवारों मैदान मारने के लिए मैदान मडरा रहे हैं

  

पटना. पटना नगर निगम का चुनाव प्रचार अभियान चरम पर है.द्वितीय चरण का चुनाव 28 दिसंबर को है.इसके आलोक में प्रत्याशी और उनके समर्थक मतदाताओं को लुभाने में लग गए हैं.निवर्तमान मेयर और मेयर प्रत्याशी सीता साहू ने तो मैसेज को टेप करके मोबाइल उपभोक्ताओं को फोन करने  लगी है.वहीं निवर्तमान डिप्टी मेयर और मेयर प्रत्याशी रजनी देवी जनसंपर्क पर विश्वास कर मतदाताओं से मिलकर मत देने का आग्रह कर रही हैं.मेयर प्रत्याशी रजनी देवी के समर्थक पटना नगर निगम के 75 वार्ड में छा गए हैं.वार्ड संख्या 1 में ससुर रामजी चौधरी और वार्ड संख्या 22 ए में दमाद उमेश चौधरी मैदान में है.  उल्लेखनीय है कि पटना नगर निगम चुनाव में मेयर पद के लिए 32, डिप्टी मेयर के लिए 16 और पार्षद पद के लिए 477 उम्मीदवार मैदान में रह गए हैं.सभी उम्मीदवारों मैदान मारने के लिए मैदान मडरा रहे हैं. 

मेयर की उम्मीदवार

अंजू सिंह, अनुराधा चौधरी, आरती सिंह, कांति देवी, कुसुम लता वर्मा, नूतन कुमारी, पिंकी यादव, पुष्पलता सिन्हा, पुष्पा देवी, पुनम गुप्ता, बबीता कुमारी, विनीता कुमारी, मधु मंजरी, महजबीं, माला सिन्हा, मोसर्रत परवीन, रजनी देवी, रत्ना पुरकायस्थ, रानी कुमारी, रीता रस्तोगी, रूची अरोड़ा, विनीता सिंह, विनिता वर्मा, वीणा देवी, श्वेता झा, सरिता नोपानी, सीता साहू, सुचित्रा सिंह, सोनी कुमारी, स्वाति कानोडिया, स्वाति अग्रवाल.

डिप्टी मेयर की उम्मीदवार


1. अंजना गांधी : किलारोड, पटना सिटी


2. डा. नीलम गुप्ता, कांटी फैक्ट्री रोड


3. अंजु देवी : आरएमएस कालोनी, कंकडबाग


4. कंचन देवी, बीएमदास रोड


5. कुमुम देवी : गोलकपुर, महेंद्रु


6. गुड़‍िया कुमारी, शास्त्रीनगर


7. तेजस्वनी ज्योति, चांदपुर बेला


8. बबीता देवी, पटना सिटी, पूर्वी नंदगोला


9. मंजू कुमारी, चुटकिया बाजार


10. ममता देवी : मखदुमपुर, दीघा


11. रानी कुमारी, पीएण्डटी कालोनी किदवईपुरी


12. रेखा कुमारी : दलदली रोड, बाकरगंज


13. रेश्मी : नया गांव, मुसल्लहपुर


14. विभा देवी, छक्कनटोला उत्तरी मंदिरी


15. सीमा कुमारी : अशोक नगर, कंकडबाग


16. सुनीता देवी, दीघा बांसकोठी.



निवर्तमान डिप्टी मेयर और मेयर प्रत्याशी रजनी देवी का चुनाव प्रभारी समाजसेवी पप्पू राय जोरदार ढंग से चला रहे है जगह जगह नुक्कड़ सभा कर रहे हैं.

आलोक कुमार


भारत जोड़ो यात्रा को बल देने के लिए बूथ से प्रदेश तक दो महीने तक चलेगी कांग्रेस की हाथ से हाथ जोड़ो यात्रा: डॉ अखिलेश प्रसाद सिंह

 



*बड़ी रैली के साथ मल्लिकार्जुन खड़गे की उपस्थिति में बांका से 5 जनवरी को बिहार कांग्रेस शुरू करेगी भारत जोड़ो यात्रा: डॉ अखिलेश प्रसाद सिंह

*भारत जोड़ो यात्रा को बल देने के लिए बूथ से प्रदेश तक दो महीने तक चलेगी कांग्रेस की हाथ से हाथ जोड़ो यात्रा: डॉ अखिलेश प्रसाद सिंह


*90 के दशक के खोई जनाधार को वापस लाएगी कांग्रेस: प्रदेश अध्यक्ष डॉ अखिलेश प्रसाद सिंह

*गुटबाजी रहित कांग्रेस की स्थापना कर 90 के दशक की मजबूती के साथ लौटेगी कांग्रेस: प्रदेश अध्यक्ष डॉ अखिलेश प्रसाद सिंह

पटना.

अखिल भारतीय कांग्रेस कमिटी  के निर्देश पर बिहार प्रदेश कांग्रेस कमिटी के द्वारा आज प्रदेश कांग्रेस कार्यालय सदाकत आश्रम में हाथ से हाथ जोड़ो अभियान की शुरुआत को लेकर अहम बैठक का आयोजन किया।

इस बैठक को सम्बोधित करते हुए बिहार कांग्रेस के प्रभारी भक्तचरण दास ने कहा कि बिहार के कांग्रेसजन राजनीतिक तौर पर सबसे सशक्त लोग हैं। भारत जोड़ो यात्रा की सफलता को आगामी हाथ से हाथ जोड़ो अभियान बिहार के घर घर तक पहुँचाएगी और यह अभियान हमारी ताकत का प्रतीक बनेगी। उन्होंने राहुल गांधी के ऐतिहासिक भारत जोड़ो यात्रा के पीछे की तार्किक सोच को बैठक में मौजूद कांग्रेस के नेताओं को बताते हुए कहा कि सभी नेता एकजुट होकर इस अभियान की सफलता के लिए प्रयास करें जिससे बिहार के अन्य दलों को भी संदेश दिया जा सकें कि हमारा दल पूरी मजबूती के साथ राज्य में जनता के बीच मौजूद है। साथ ही उन्होंने अनुशासन और प्रोटोकॉल की हिदायत देते हुए दल के सभी नेताओं को बांका से इस अभियान को 5 जनवरी से शुरुआत और राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद पहली बार बिहार आ रहे मल्लिकार्जुन खड़गे के सामने मजबूती से अपनी उपस्थिति दिखाने को दम भरने को कहा।

इस बैठक की अध्यक्षता प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष डॉ अखिलेश प्रसाद सिंह ने की। उन्होंने अध्यक्षीय सम्बोधन में कहा कि यह कार्यक्रम हमारे राष्ट्रीय नेता पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी के ऐतिहासिक भारत जोड़ो यात्रा की सफलता को बिहार के आमजन तक पहुंचाने के लिए हाथ से हाथ जोड़ो अभियान की शुरुआत प्रदेश में होगी। इसके लिए कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की उपस्थिति में बांका जिले से 5 जनवरी 2023 को यह अभियान प्रारंभ होगी। साथ ही हाथ से हाथ जोड़ो अभियान को राज्य से बूथ स्तर तक संचालित की जाएगी जिसमें कांग्रेस के कार्यकर्तागण पंचायतों से लेकर प्रखंड और बूथ से लेकर जिला एवं राज्यस्तर पर पदयात्रा करेंगे।

इस अभियान के बाबत विस्तार से जानकारी देने के लिए उन्होंने बैठक में विधान पार्षद प्रेमचंद मिश्र को आमंत्रित किया जिसमें उन्होंने बताया कि यह यात्रा 2 महीने तक संचालित होगी जिसमें डोर टू डोर कैम्पेन और प्रत्येक घरों पर भारत जोड़ो यात्रा के स्टिकर और कांग्रेस के संदेश प्रसारित किए जाएंगे। साथ ही एनएसयूआई और यूथ कांग्रेस के द्वारा गांवों और शहरों में मोटरसाइकिल जुलूस निकालेंगे। प्रत्येक घरों में कांग्रेस का झंडा लगाने के साथ और उन क्षेत्रों में कांग्रेस के ऐतिहासिक भावनात्मक वीडियो संदेश को लोगों को लोगों के बीच प्रचारित करेंगे। 
कार्यक्रम के अंत में मोदी सरकार के खिलाफ चार्ज शीट बाटेंगे और राहुल गांधी के संदेशों को पत्र के रूप में बाटेंगे।

बैठक को सम्बोधित करते हुए बिहार कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष व विधान परिषद में दल के नेता डॉ मदन मोहन झा ने कहा कि नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष डॉ अखिलेश प्रसाद सिंह काफी  क्षमतावान हैं और वें अभियान को बेहतर तरीके से संचालित करने में सक्षम हैं। यह अभियान देश में नजीर के तौर पर साबित हो इसका ख्याल हम एक एक कांग्रेस कार्यकर्ताओं को रखना होगा।
मंच संचालन अंबुज किशोर झा ने किया वहीं धन्यवाद ज्ञापन बक्सर विधायक मुन्ना तिवारी ने किया।

इस बैठक में बिहार कांग्रेस के प्रभारी भक्त चरण दास, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष डा0 अखिलेश प्रसाद सिंह,विधान परिषद में कांग्रेस दल के नेता डा0 मदन मोहन झा,प्रदेश कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष अनिल कुमार शर्मा, बिहार सरकार के मंत्री अफाक आलम, मुरारी गौतम, पूर्व मंत्री कृपानाथ पाठक, विधायक विजय शंकर दूबे, प्रेमचन्द्र मिश्रा, शकील अहमद खान, राजेश कुमार, डा0 समीर कुमार सिंह, मुन्ना तिवारी, इजहारूल हुसैन, प्रतिमा कुमारी दास, विजेन्द्र चैधरी, अजय कुमार सिंह, छत्रपति यादव, आनन्द शंकर, राजीव कुमार,विश्वनाथ राम, पूर्व मंत्री वीणा शाही, नरेन्द्र कुमार, राजेश राठौड़, पूर्व विधायक डा0 हरखू झा, बंटी चैधरी, लाल बाबू लाल, राज कुमार राजन, जमाल अहमद भल्लू, अम्बुज किशोर झा, अजय कुमार चैधरी,  ब्रजेश पाण्डेय, आसिफ गफूर, डा0 अजय कुमार सिंह, प्रमोद कुमार सिंह, मनोज कुमार सिंह, अर्जुन मंडल, गजानन्द शाही, रविन्द्र नाथ मिश्रा, ब्रजेश प्रसाद मुनन, इरशाद हुसैन, प्रवीण सिंह कुशवाहा, कुमार आशीष, शरवतजहां फातिमा, चन्द्र प्रकाश सिंह, नागेन्द्र प्रसाद विकल, प्रो0 रामायण प्रसाद यादव, अमरेन्द्र सिंह, आनन्द माधव, कपिलदेव प्रसाद यादव, चन्द्रिका प्रसाद यादव, कमलदेव नारायण शुक्ला, शशिकांत तिवारी,  राजेश कुमार सिन्हा, आलोक हर्ष, असित नाथ तिवारी, ज्ञान रंजन, डा0 स्नेहाशीष वर्द्धन पाण्डेय, सौरभ सिन्हा, राज किशोर सिंह, अरविन्द लाल रजक, धनंजय शर्मा, ललन यादव ,रीता सिंह, उदय शंकर पटेल, डा0 आशुतोष शर्मा, शशि रंजन, अनुराग चंदन, गुंजन पटेल, मृणाल अनामय, गुरूदयाल सिंह, सिद्धार्थ क्षत्रिय, सत्येन्द्र कुमार सिंह, सुनिल कुमार सिंह, मो0 शोएब, अखिलेश्वर सिंह, दुर्गा प्रसाद, सत्येन्द्र बहादुर, हसनैन कैशर, संजय कुमार श्रीवास्तव, मनोज शर्मा, रेखा देवी, सुधीर शर्मा, संतोष कुमार श्रीवास्तव,प्रदुम्न यादव, मो0 शहनवाज, रमाशंकर कुमार, निधि पाण्डेय,  सहित विधायक, पूर्व विधायक, पूर्व मंत्री सहित सैकड़ों नेता व कार्यकर्तागण मौजूद रहें।

शुक्रवार, 16 दिसंबर 2022

शिल्पी कुमारी से कहने पर ही तीनपहिया गाड़ी मिल सका

  पटना.पटना जिले में नगर निकाय चुनाव के पहले चरण के प्रचार-प्रसार का शोर शुक्रवार यानी आज शाम पांच बजे थम गया. अगर कोई उम्मीदवार प्रचार-प्रसार करेंगे तो वह आचार संहिता का उल्लंघन माना जाएगा और उसपर कार्रवाई होगी. पहले चरण का मतदान 18 दिसंबर को है. रविवार को मतदान सुबह सात बजे से शुरू होगा और शाम पांच बजे तक वोटिंग होगी. जिले के 12 नगर निकायों में मतदान होना है. जिसमें 10 नगर परिषद और दो नगर पंचायत शामिल है.जिला निर्वाचन पदाधिकारी की ओर से प्रत्येक नगर निकाय के लिए निर्वाची पदाधिकारी की नियुक्ति कर दी गई है. 

    बिहार नगर निकाय चुनाव में पार्षद, उप मुख्य पार्षद व मुख्य पार्षद के लिए वोटिंग होनी है. इसलिए अलग-अलग पदों के लिए प्रत्येक मतदान केंद्र पर तीन ईवीएम का उपयोग होगा. वोटिंग के लिए तीन वोटिंग कंपार्टमेंट भी बनाये जायेंगे. ऐसे में मतदाताओं को एक बार नहीं तीन बार ईवीएम पर बटन दबाना होगा. एक मतदाता को वोट डालने में 30 सेकेंड का समय लगेगा. तीनों पद का बीयू भी अलग-अलग वोटिंग कंपार्टमेंट में रहेगा. नगर परिषद बाढ़, मोकामा एवं मसौढ़ी के मुख्य पार्षद , नगर परिषद बिहटा के उप मुख्य पार्षद व नगर परिषद संपतचक के वार्ड संख्या 24 के पार्षद पद के लिए दो-दो बीयू वोटिंग कंपार्टमेंट में रखे जायेंगे.

  पटना जिले में चुनाव प्रक्रिया स्वच्छ, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण कराने के लिए जिला प्रशासन की ओर से कलेक्ट्रेट परिसर हिन्दी भवन के सभागार में नियंत्रण कक्ष बनाया है.यह नियंत्रण कक्ष शुक्रवार से काम करने लगेगा, जो मतदान प्रक्रिया की समाप्ति तक कार्य करेगा.नियंत्रण कक्ष 24 घंटे चालू रहेगा. 

    इन नगर निकायों में 18 को है मतदानसंपतचक नगर परिषद, मसौढ़ी नगर परिषद, बाढ़ नगर परिषद, खगौल नगर परिषद, दानापुर निजामत नगर परिषद, मोकामा नगर परिषद, फुलवारी शरीफ नगर परिषद, फतुहा नगर परिषद, बख्तियारपुर नगर परिषद, बिहटा नगर परिषद, पालीगंज नगर पंचायत, पुनपुन नगर पंचायत में  पहले चरण में मतदान होगा.

  पहले चरण में 18 दिसंबर को पटना जिले के 776 मतदान केंद्रों पर वोट डाले जाएंगे. इसमें 42 ऐसे मतदान केंद्र चयनित किए गए हैं जहां लाइव वेबकास्टिंग होगी. यहां के मतदान केंद्रों की व्यवस्था को सीधे तौर पर प्रसारित किया जाएगा.इससे इन बूथों पर जिला स्तरीय अधिकारी नजर रख सकेंगे. पटना जिले में 151 चलंत मतदान केंद्र बनाए गए हैं, जिसमें पहले चरण में 75 ऐसे केंद्र शामिल किए गए हैं.

  18 दिसंबर को वोटिंग शुरू होने के दो घंटा पहले पीठासीन पदाधिकारी को ईवीएम, ग्रीन पेपर, सील, स्ट्रीप सील, स्पेशल टैग आदि उपलब्ध कराया जायेगा. सुबह सात बजे वोटिंग शुरू होने के 90 मिनट पहले सुबह साढ़े पांच बजे एजेंटों की उपस्थिति में मॉकपोल होगा. सेक्टर पदाधिकारी चुनाव प्रचार थमने के बाद भी किसी चुनाव अभ्यर्थी द्वारा प्रचार-प्रसार करने पर आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन के मामले में कार्रवाई करेंगे. संबंधित मतदान वार्ड में परिचालित वाहन का सघन जांच कर आपत्तिजनक सामग्री (शराब, पैसा आदि) प्राप्त होने पर उनके विरूद्ध आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करेंगे.सभी सेक्टर पदाधिकारी, गश्ती दल दंडाधिकारी, जोनल दंडाधिकारी, सुपर जोनल दंडाधिकारी को निर्गत आदर्श आचार संहिता से संबंधित निर्देशों का पालन करना है.

तीनपहिया गाड़ी पर बैठकर दिव्यांग कहते हैं कि सबकी सेवा और सबको सम्मान,शिल्पी कुमारी की यही पहचान. आने वाली 18 तारीख को क्रम संख्या 10 चारपाई छाप पर बटन दबाए एवं शिल्पी कुमारी को दानापुर नगर परिषद् का अध्यक्ष बनाए.आगे कहते हैं कि दानापुर की जनता की जुबां पर बस एक ही नारा,शिल्पी कुमारी ही हो अध्यक्ष हमारा.इसका कारण बताते हैं कि शिल्पी कुमारी से कहने पर ही तीनपहिया गाड़ी मिल सका है.वह शहीद दीपक कुमार मेहता जी के सपनो को साकार करने में अपना योगदान दे रही है.

आलोक कुमार


लेमनग्रास जैसी फसलों का क्षेत्र विस्तार किया जाय़

 चतुर्थ कृषि रोड मैप के सूत्रण के लिए जिला पदाधिकारी गया की अध्यक्षता में प्रगतिशील किसानों से विचार-विमर्श एवं उनके सुझाव लेने के लिए कार्यशाला हुई आयोजित.गया जिले में पानी की समस्या रहती है सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली को प्रोत्साहित किया जाय.फसल विविधिकरण को बढ़ावा दिया जाय लेमनग्रास जैसी फसलों का क्षेत्र विस्तार किया जाय़.....

गया. डा॰ त्यागराजन एस॰एम॰, जिला पदाधिकारी, गया की अध्यक्षता में चौथे कृषि रोड मैप के सूत्रण के लिये समाहरणालय, गया के सभाकक्ष में कार्यशाला आयोजन किया गया. इस कार्यशाला में गया जिला के सभी प्रखंडों से प्रगतिशील किसानों को आमंत्रित कर उनके विचार-विमर्श कर उनके सुझावों प्राप्त किया गया.कार्यशाला में श्री सुदामा महतो, जिला कृषि पदाधिकारी, गया के अलावा कृषि विज्ञान केन्द्र मानपुर एवं आमस के प्रधान, जिला पशुपालन पदाधिकारी, जिला मत्स्य पदाधिकारी, जिला सहकारिता पदाधिकारी, अग्रणी जिला प्रबंधक, सिंचाई विभाग के कार्यपालक अभियंता, विद्युत विभाग के कार्यपालक अभियंता, उप परियोजना निदेशक, सहायक निदेशक, उद्यान, सहायक निदेशक, शष्य, भूमि संरक्षण, गया, सभी अनुमण्डल, कृषि पदाधिकारी उपस्थित थे.    

इस अवसर पर जिला पदाधिकारी महोदय ने कहा कि चौथे कृषि रोड मैप के लिये किसानों को सुझाव एवं सलाह बहुत महत्वपूर्ण है.इसी आधार पर कृषि विकास की योजनाओं को बनाया जायेगा.जिससे आने वाले 10-15 वर्षों के लिये कृषि कार्य निर्धारित होंगे. गया को कृषि उत्पाद के क्षेत्र में आत्म निर्भर बनाने की आवश्यकता है इसके लिये गया की भौगोलिक स्थिति को ध्यान में रखते हुये कम पानी में उगने वाली फसलों की खेती को प्रोत्साहित किया जाना चाहिये जैसे लेमनग्रास की खेती, तिल की खेती, मोटे अनाज मड़ुआ की खेती आदि को बढ़ावा दिया जाना के लिए प्रस्ताव दिया जाना चाहिये. फसल अवशेष के उचित उपयोग के लिए मशरुम उत्पादन के साथ प्रसंस्करण को बढ़ावा दिया जाना चाहिये. इसके लिये महिलाओं के समूहों को कम अवधि का प्रशिक्षण देकर घर के आसपास उपलब्ध संसाधनों से मशरुम उत्पादन एवं प्रसंस्करण को बढ़ावा देना चाहिये. गया जिला में अधिक से अधिक किसान सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली जैसे टपक सिंचाई के लक्ष्य को बढ़ाकर अधिक से अधिक किसानों तक इस योजना का लाभ पहुॅचाने का प्रयास किया जाय.

    कौंच के किसान आदित्य ने गया जिला में मछली के बीज के लिये उच्च क्षमता के हैचरी को लगाने की मांग किया. मानपुर के किसान अजय कुमार मेहता ने मीठे पानी में मोती की खेती पर अनुदान की व्यवस्था किया जाए.बाराचट्टी के किसान विजय कुमार मौर्य ने जिला स्तर पर मुर्गी के रोग के इलाज के लिये निदान लैब लगाने एवं टीकाकरण की व्यवस्था किये जाने का सुझाव दिया. गुरारु के किसान अमित प्रकाश ने गया जिला में लम्बे दाने वाले सुगन्धित बासमती की खेती को बढ़ावा दिये जाने के लिये रबर राईस मिल लगाने को सुझाव दिया जिससे धान से चावल गया जिला पर ही तैयार हो सके अभी यह धान हरियाणा और गुजरात के व्यापारी खरीद कर मोटा मुनाफा कमा रहे हैं. किसानों ने पराली प्रबंधन के लिये 60 एच॰पी॰ से अधिक क्षमता के ट्रैक्टर पर अनुदान दिये जाने की मांग किया.

आलोक कुमार

राज्यस्तरीय मेडिकल टीम द्वारा मझौआ पंचायत में दिव्यांगता के कारणों की जांच

  राज्यस्तरीय मेडिकल टीम द्वारा मझौआ पंचायत में दिव्यांगता के कारणों की जांच की गयी.हेल्थ एन्ड वेलनेस सेंटर, परसौनी में दिव्यांगों की मेडिकल टीम ने की विस्तृत जांच. जांच   शिविर का जिलाधिकारी ने लिया जायजा.दिव्यांगों को समुचित इलाज से किया जा सके दुरुस्त, अन्य व्यक्ति दिव्यांग के नहीं हो शिकार, इसके लिए जिला प्रशासन है संवेदनशील.सर्किट हाउस में जिलाधिकारी के साथ संपन्न हुई बैठक...


बेतिया.राज्यस्तरीय मेडिकल टीम द्वारा आज बगहा-01 प्रखंड अंतर्गत मझौआ पंचायत का भ्रमण कर दिव्यांगता के कारणों की जांच की गई. साथ ही हेल्थ एन्ड वेलनेस सेंटर, परसौनी में दिव्यांगता से प्रभावित हुए व्यक्ति, बच्चों से बातचीत कर उनकी विस्तृत जानकारी ली गयी. उनका स्वास्थ्य परीक्षण किया गया. उनसे यह जाना गया कि आखिर किन कारणों से इस क्षेत्र में दिव्यांगों की अधिकता है.

   


राज्यस्तरीय टीम में डॉ0 सुनील झा, निदेशक प्रमुख, स्वास्थ्य सेवाएं, बिहार, डॉ0 विजय प्रकाश राय, राज्य कार्यक्रम पदाधिकारी, शिशु, बिहार, डॉ0 अनिल कुमार, विभागाध्यक्ष, शिशु रोग, बिहार सहित डॉ0 कुमार सौरभ, डॉ0 वरुण कुमार, डॉ0 बी0 के0 शर्मा, सिविल सर्जन, पश्चिमी चम्पारण, डॉ बी0 के0 चौधरी, एसीएमओ, डॉ0 आर0 चंद्रा, डॉ0 आरस मुन्ना, श्री सलीम जावेद आदि शामिल रहे.

    हेल्थ एन्ड वेलनेस सेंटर, परसौनी में आयोजित मेडिकल कैम्प में राज्यस्तरीय मेडिकल टीम द्वारा दिव्यांग से प्रभावित व्यक्तियों से बारी-बारी से मिला गया. उनका विस्तृत स्वास्थ्य परीक्षण किया गया. प्रभावित व्यक्तियों से  खान-पान, रहन-सहन, ली जा रही दवाई आदि से संबंधित गहन पूछताछ की गई.

     जिलाधिकारी ने सहायक निदेशक, सामाजिक सुरक्षा कोषांग को निर्देशित किया कि वे इस क्षेत्र में विकलांगों के लिए घर-घर सर्वेक्षण करावें, ताकि सटीक पहचान हो सके. इसके अतिरिक्त जिलाधिकारी ने अनुमंडल पदाधिकारी, बगहा को सरकार द्वारा चलाई जा रही योजनाओं जिससे शारीरिक एवं बौद्धिक क्षमता को बढ़ावा मिलता है, को शत-प्रतिशत लागू करने का निर्देश दिया.

    इसके पूर्व सर्किट हाउस में जिलाधिकारी, श्री कुंदन कुमार की अध्यक्षता में राज्यस्तरीय मेडिकल टीम के सदस्यों के साथ समीक्षा बैठक सम्पन्न हुई. जिलाधिकारी ने कहा कि एक-एक जान कीमती है. सभी व्यक्ति निरोगी रहें, इसके लिए राज्य सरकार एवं जिला प्रशासन द्वारा हर संभव प्रयास लगातार किया जा रहा है. उन्होंने कहा कि मझौआ पंचायत में दिव्यांगता के कारणों की जाँच अच्छे तरीके से करें तथा इसकी रोकथाम के लिए कारगर उपाय करें.

    ज्ञातव्य हो कि जिलाधिकारी के निर्देशानुसार जिले के सभी पंचायतों में शिविर लगाकर पीड़ितों का ईलाज तथा उनका स्वास्थ्य परीक्षण कराया जा रहा है. इसी क्रम में जुलाई माह में मझौआ पंचायत में आयोजित मेडिकल शिविर में दिव्यांगता से पीड़ित व्यक्तियों ने जिलाधिकारी से मुलाकात कर अपनी समस्या से अवगत कराया.

     तत्पश्चात जिलाधिकारी द्वारा सिविल सर्जन को सभी प्रभावित व्यक्तियों को अच्छे तरीके से स्वास्थ्य जांच करने, दवा उपलब्ध कराने एवं अविलंब दिव्यांगता प्रमाण पत्र मुहैया कराने के लिए निर्देशित किया गया. इसके साथ ही उक्त पंचायत में जिलास्तरीय मेडिकल टीम तथा कार्यपालक अभियंता, पीएचईडी को जांच की जिम्मेदारी दी गयी.

    कार्यपालक अभियंता द्वारा प्रभावित क्षेत्र में उपयोग किये जाने वाले पेयजल जल नमूनों का संग्रह करते हुए राज्यस्तरीय जल जाँच प्रयोगशाला से जल की जांच करायी गयी. जाँच में उक्त क्षेत्र के पेयजल में आर्सेनिक एवं आयरन की मात्रा सामान्य से ज्यादा पायी गयी.

     जिलाधिकारी द्वारा स्वास्थ्य विभाग के वरीय अधिकारियों से वार्ता की गई और मझौआ पंचायत अंतर्गत दिव्यांग से प्रभावित व्यक्तियों को सही इलाज करके ठीक करने तथा इसकी रोकथाम के लिए कारगर उपाय करने का अनुरोध किया गया. उक्त के आलोक में आज राज्यस्तरीय मेडिकल टीम द्वारा मझौआ पंचायत के प्रभावित व्यक्तियों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया.


आलोक कुमार

वरीय पुलिस अधीक्षक के मुख्य गेट को जामकर जमकर नारेबाजी किया

 लहेरियासराय.भाकपा (माले ) व इंसाफ  मंच के बैनर  तले  आक्रोशपूर्ण प्रदर्शन किया गया. प्रदर्शन भाकपा (माले ) के राज्य कमिटी  सदस्य अभिषेक कुमार, इंसाफ  मंच के  प्रदेश  उपाध्यक्ष नेयाज अहमद, पप्पू पासवान, इंसाफ मंच  के जिलाध्यक्ष अकबर  रजा, धर्मेश यादव, ललन पासवान, शिवन यादव, देवेंद्र कुमार आदि के नेतृत्व में लहेरियासराय पोलो मैदान से सैकड़ो की संख्या में जुलुस निकला जो लहेरीसराय टावर, लहेरियासराय  थाना  होते हुये वरीय  पुलिस अधीक्षक के मुख्य गेट  को जामकर  जमकर  नारेबाजी किया. 

बता दे कि रजवाड़ाकांड में निर्दोष माले नेता पप्पू खा, अशोक  पासवान को दोष  मुक्त करने, कमतौल  थाना  के क्षेत्र में जगतनाथ  राम के हत्या के न्याय के सवालों  को उठाने  पर ग्रामीणों पर  लादे गये मुकदमे 148/22 और  150/22 में ग्रामीणों को राहत देने,  माले नेता शिवन यादव पर  जानलेवा हमला करने  वाले आरोपियों  की गिरफ़तारी करने, कमतौल  थाना  कांड संख्या 237/22 में  बलात्कारियों को गिरफ्तार करने सहित, महिला थाना 66/22 में जमीन विवाद में झूठा  मुकदमा  वापस लेने, गरीबों पर  बुलडोजर  चलाने पर  रोक लगाने सहित  17 सूत्री मांगपत्र पर पिछले  12 दिसम्बर 2022  से भीषण ठंड चल में  रहे अनिश्चितकालीन  धरना पर थे.   

प्रशासन के निष्क्रियता के खिलाफ सड़क घंटो  जाम रहने  के बाद सदर  एस डी पी ओ ने आकर वार्ता किया और  उनसे सकारात्मक वार्ता हुई  और  उन्होंने कल  वरीय  पुलिस अधीक्षक से वार्ता करके  सभी  मामले को  हल करने का आश्वासन दिया. उसके बाद आंदोलन को स्थगित किया. 

       मुख्य गेट  पर  धर्मेश  यादव की अध्यक्षता में आयोजित  सभा  को सम्बोधित  करते  हुये अभिषेक  कुमार और  नेयाज अहमद ने कहा कि दरभंगा  पुलिस को अपनी कार्यशैली  को बदलना  होगा और  पब्लिक फ्रेंडली  होना होगा. और  भीषण  ठण्ड  में पीड़ित परिवार इंसाफ के लिए  एस एस पी से चार  दिन से गुहार लगा रहे थे लेकिन कोई  सुनने  वाला नहीं हैं. इसके खिलाफ जनता  की गोलबंदी  करना होगा. सभा  को लक्ष्मण पासवान, अनुपम  कुमारी, बसंत  साह, शिवान यादव, चन्दन  शर्मा, मो अली मोहम्मद आदि  ने संबोधित  किया.


आलोक कुमार

गुरुवार, 15 दिसंबर 2022

मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार सरस्वती नदी की साफ-सफाई


* राजगीर में मलमास मेला के आयोजन पूर्व तैयारी को लेकर जिलाधिकारी की अध्यक्षता में बैठक श्रद्धालुओं के लिए की जाएगी समुचित व्यवस्था

* माननीय मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार सरस्वती नदी की साफ-सफाई,  सरस्वती कुंड/घाट के जीर्णोद्धार,कुण्ड क्षेत्र में प्रतीक्षा हॉल एवं श्रद्धालुओं के लिए शेड के निर्माण के लिए कवायद शुरू, इसके लिए जल संसाधन विभाग एवं भवन निर्माण विभाग द्वारा प्रक्रिया शुरू


नालंदा.जुलाई-अगस्त 2023 में राजगीर में मलमास मेला का आयोजन निर्धारित है.मेला का शुभारंभ 18 जुलाई 2023 को निर्धारित है.मलमास मेला की पूर्व तैयारी को लेकर आज जिलाधिकारी श्री शशांक शुभंकर ने राजगीर इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर (आरआईसीसी) के सभागार में संबंधित पदाधिकारियों, स्थानीय पंडा समिति एवं राजगीर के गणमान्य नागरिकों के साथ बैठक किया.

     पंडा समिति के सदस्यों एवं स्थानीय नागरिकों द्वारा पूर्व के अनुभवों के आधार पर आवश्यक फ़ीडबैक एवं सुझाव दिया गया. पंडा समिति के प्रतिनिधियों द्वारा मलमास मेला की अवधि में एकादशी, महाशिवरात्रि आदि जैसे महत्वपूर्ण तिथियों के बारे में जानकारी दी गई तथा इन तिथियों को श्रद्धालुओं के अधिक भीड़ होने की संभावना के आलोक में समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने का अनुरोध किया गया.

   

मेला अवधि में कुण्ड क्षेत्र से अतिक्रमण हटाने, श्रद्धालुओं को पंक्तिबद्ध रखने के लिए ज़िग-जैग क्यू मैनेजर की व्यवस्था, वर्षा ऋतु को देखते हुए वाटरप्रूफ़ टेंट/पंडाल की व्यवस्था आदि बातें संज्ञान में लाई गई.भरत कुण्ड, शालिग्राम कुण्ड एवं दुखहरणी कुण्ड के लिए सुगम पहुंचपथ के लिए भी अनुरोध किया गया.सम्पूर्ण मेला क्षेत्र में विशेष साफ-सफाई की व्यवस्था, भवनों का रंग रोगन आदि कराने का भी अनुरोध किया गया.श्रद्धालुओं एवं संतों के आवासन के लिए टेंट आदि की व्यवस्था की जाएगी.

   मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार द्वारा दिये गए निर्देश के आलोक में सरस्वती नदी की साफ सफाई एवं सरस्वती कुण्ड तथा घाट के जीर्णोद्धार के लिए जल संसाधन विभाग द्वारा कार्रवाई की जा रही है. मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार कुण्ड क्षेत्र में श्रद्धालुओं के लिए प्रतीक्षालय हॉल तथा शेड के निर्माण के लिए भी भवन निर्माण विभाग द्वारा कवायद शुरू की गई है. कार्यपालक अभियंता भवन प्रमंडल को इन संरचनाओं के निर्माण एवं कुण्ड क्षेत्र के पूर्व निर्मित संरचनाओं के मरम्मती कार्य के लिए अविलंब प्राक्कलन तैयार करने का निर्देश दिया गया.

कार्यपालक अभियंता पीएचईडी को संपूर्ण मेला क्षेत्र में पाइपलाइन जलापूर्ति को व्यवस्थित एवं क्रियाशील रखने का निर्देश दिया गया. मेला आयोजन के अवसर पर विभिन्न कार्यों के लिए निविदा के माध्यम से एजेंसी का चयन किया जाएगा। इसके लिए विस्तृत कार्य योजना के साथ पूर्व तैयारी सुनिश्चित करने को कहा गया.उप विकास आयुक्त अपने पर्यवेक्षण में निविदा संबंधी कार्य का निष्पादन कराएंगे. मेला अवधि में मेला सैरात मैदान की बंदोबस्ती का कार्य अपर समाहर्ता अपने पर्यवेक्षण में सुनिश्चित कराएंगे.

जिलाधिकारी ने इस संबंध में सभी संबंधित विभाग के पदाधिकारियों को निर्धारित समय सीमा के अंतर्गत वांछित कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा.जिलाधिकारी ने कहा कि मेला अवधि में विभिन्न कार्यों के सफल क्रियान्वयन एवं पर्यवेक्षण के लिए जिला स्तर पर विभिन्न कोषांगों का गठन किया जाएगा.मेला आयोजन को लेकर पूर्व तैयारी के लिए दिए गए निर्देशों के अनुपालन की समीक्षा के लिए निरंतर अवधि पर बैठक की जाएगी.

बैठक में उप विकास आयुक्त, अपर समाहर्ता, अनुमंडल पदाधिकारी राजगीर, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी राजगीर, जिला परिवहन पदाधिकारी, जिला पंचायत राज पदाधिकारी, नजारत उप समाहर्ता, कार्यपालक अभियंता भवन/ पीएचइडी/ग्रामीण कार्य विभाग/ पथ निर्माण विभाग, पंडा समिति के सदस्यगण तथा राजगीर के गणमान्य नागरिकगण उपस्थित थे.

आलोक कुमार

मतदान केंद्र क्षेत्र में निर्वाचन तिथि से पूर्व लगातार फ्लैग मार्च करेंगे

  * नगरपालिका आम निर्वाचन-2022 के अवसर पर प्रथम चरण में 18 दिसंबर को जिला के 7 नगर निकायों में 209 मतदान केंद्रों पर होगा मतदान

* स्वच्छ एवं निष्पक्ष मतदान को लेकर 7 सुपरज़ोनल दंडाधिकारी, 20 जोनल दंडाधिकारी एवं 42 ज़ोनल दण्डाधिकारी किये गए हैं प्रतिनियुक्त

*जिलाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक द्वारा सभी प्रतिनियुक्त दंडाधिकारियों की संयुक्त ब्रीफिंग


नालंदा. नगरपालिका आम निर्वाचन -2022 के अवसर पर प्रथम चरण में जिला के 7 नगर निकायों में 18 दिसंबर को मतदान होगा.नगर परिषद हिलसा, नगर पंचायत एकंगरसराय, नगर पंचायत चंडी, नगर पंचायत हरनौत,नगर पंचायत नालंदा, नगर पंचायत सिलाव एवं नगर पंचायत गिरियक के 115 वार्डों में कुल 209 मतदान केंद्रों पर मतदान होगा.स्वच्छ एवं निष्पक्ष निर्वाचन को लेकर 7 सुपर जोनल दंडाधिकारी, 20 जोनल दंडाधिकारी एवं 42 सेक्टर दंडाधिकारी प्रतिनियुक्त किये गए हैं.

     आज जिला निर्वाचन पदाधिकारी नगरपालिका-सह- जिलाधिकारी श्री शशांक शुभंकर एवं पुलिस अधीक्षक श्री अशोक मिश्रा द्वारा सभी प्रतिनियुक्त दंडाधिकारियों एवं सम्बद्ध पुलिस पदाधिकारियों की संयुक्त ब्रीफिंग की गई.सभी दंडाधिकारियों एवं पुलिस पदाधिकारियों को सम्बद्ध  मतदान क्षेत्रों में लगातार भ्रमणशील रहने को कहा गया. सभी पदाधिकारी एवं संबंधित थाना प्रभारी अपने मतदान केंद्र क्षेत्र में निर्वाचन तिथि से पूर्व लगातार फ्लैग मार्च करेंगे.


सभी प्रतिनियुक्त दंडाधिकारी एवं पुलिस पदाधिकारियों को सम्बद्ध मतदान केंद्र के मतदान दल पदाधिकारी, संबंधित निर्वाची पदाधिकारी एवं जिला स्तरीय नियंत्रण कक्ष से लगातार संपर्क में रहने का निर्देश दिया गया.

      राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा निर्गत दिशा-निर्देश का अक्षरशः अनुपालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया.इस अवसर पर अपर समाहर्त्ता, सभी अनुमंडल पदाधिकारी, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, प्रतिनियुक्त जोनल/सेक्टर दंडाधिकारी, पुलिस पदाधिकारी आदि उपस्थित थे.


आलोक कुमार

बुधवार, 14 दिसंबर 2022

6 दशक पुरानी परियोजना का समग्र रिव्यू जरूरी

 * 22-23 दिसंबर को रिव्यु कमिटी की होने वाली बैठक के लिए मांग पत्र तैयार करने पर चर्चा



मुजफ्फरपुर.लंबे चले आंदोलनों के बाद दशकों पुरानी बागमती बांध परियोजना के रिव्यू हेतु बिहार सरकार ने कमिटी का गठन किया था. हालांकि इस कमिटी को अपना सुझाव बहुत पहले दे देना था, लेकिन अभी तक ऐसा नहीं हो सका है. आगामी 22-23 दिसंबर को एक बार फिर से कमिटी की बैठक है. 

          इसके मद्देनजर चास वास जीवन बचाओ बागमती संघर्ष मोर्चा की पटना में एक बैठक हुई. बैठक की अध्यक्षता वरिष्ठ साथी देवेंद्र कुमार ने की. बैठक में मांगपत्र तैयार करने पर चर्चा हुई. और इस बीच जलसंसाधन मंत्री और विभागीय सचिव से एक प्रतिनिधिमंडल के मिलने का निर्णय हुआ.

      मोर्चा के संयोजक जितेन्द्र यादव के अलावा बैठक में खेग्रामस के राष्ट्रीय महासचिव धीरेन्द्र झा, नवल किशोर सिंह, जगरनाथ पासवान, मोनाजिर अहसन, रामलोचन सिंह,राम इकबाल राम, विवेक कुमार आदि शामिल हुए. वाटर एक्टिविस्ट रंजीव कुमार को पटना में कामकाज की जिम्मेवारी दी गई. 

धीरेन्द्र झा ने कहा कि 6 दशक पुरानी परियोजना का समग्र रिव्यू जरूरी है क्योंकि नदियों की संरचना-बहाव में भारी बदलाव आए हैं. अपस्ट्रीम में जहां तटबंध बने हैं, उससे तबाही और बर्बादी बढ़ी है. बैठक से निर्णय लिया गया कि आंदोलन के दायरे का विस्तार दरभंगा-समस्तीपुर की ओर तक किया जाएगा क्योंकि योजना अब इन जिलों में भी लागू हो रही है. 

       जितेन्द्र यादव ने कहा कि बिहार की जनता, जल विशेषज्ञों और बुद्धिजीवियों ने इस विनाश्कारी योजना का लगातार विरोध किया है.  यह पुरानी योजना अब अप्रासंगिक हो गई है. मुजफ्फरपुर जिले में जिस बागमती पर तटबंध बनाये जा रहे हैं, उन तटबंधों के दोनो ओर बागमती की कई छारण धराएं बह रही हैं. इस तरह तटबंध लाभ पहुंचाने के बदले अतिरिक्त परेशानी पैदा कर रहे हैं.

        अतः हमारी मांग रही है कि बागमती परियोजना के तहत चल रहे तटबंध निर्माण पर तत्काल रोक लगाते हुए मौजूदा भौगोलिक स्थिति के आधार पर नए सिरे से परियोजना की समीक्षा का रिव्यू हो, जिसमें नदी विशेषज्ञ तथा स्थानीय नागरिकों की सहभागिता सुनिश्चित की जाए.


आलोक कुमार

2022 में दीवार को गिरा दिया गया

 बर्लिन की दीवार की कुल लंबाई 155 किलोमीटर थी.लेकिन 1989 में इस दीवार को गिरा दिया गया.पटना नगर निगम के वार्ड नंबर 22 बी में स्थित बालूपर शक्ति नगर मोहल्ला की दीवार की लंबाई 60 फीट थी. 2022 में इस दीवार को गिरा दिया गया...


पटना.पटना नगर निगम के वार्ड नंबर 22 बी में है बालूपर शक्ति नगर मोहल्ला.यहां पर दबंग लोग राह बंद कर दिये थे.यहां के लोग 12 साल से परेशान थे.इस पर समाजसेवी पप्पू राय कहते है कि यहां के लोगों की परेशानी को देखते हुए अपने सहयोगियों के साथ आए और गैंता चलाकर दीवार ढाहने की शुरूआत कर दिये.देखते ही देखते बारह साल से खड़ी दीवार को तोड़ दिया गया.और तो और संपर्क पथ भी बना दिया गया.

    समाजसेवी पप्पू राय ने कहा कि हमलोग जनसंपर्क के दरम्यान बालूपर शक्तिनगर मोहल्ला में गये थे.यहां के लोगों के साथ बैठक की गयी.लोगों ने अपने व्यथा व्यक्त करने लगे.इसी दरम्यान लोगों ने एक स्वर से कहा कि दबंग लोगों के द्वारा राह बंद कर दिया गया है.और तो और इस राह पर दीवार भी खड़ा कर दिये.इस दीवार को हटाकर राह खोलने पर बल देने लगे.

    आगे समाजसेवी पप्पू राय ने कहा कि यहां के लोगों की भावना को देखते हुए कहा गया कि इस दीवार को ढाह कर तीन दिनों के अंदर आवाजाही करने के लिए राह खोल देंगे.जो कहा सो पप्पू राय ने कर दिखाया.अपने सहयोगियों के साथ आए और गैंता चलाकर दीवार ढाहने की शुरूआत कर दिये.देखते ही देखते बारह साल से खड़ी दीवार को तोड़ दिया गया.और तो और संपर्क पथ को बना दिया गया.

 यहां के लोगों का कहना है कि इस राह को खुलते ही हमलोग कुर्जी मोड़ और पाटलिपुत्र कॉलोनी रोड से जुड़ गए है.आसानी से टेम्पों घर तक आ जा रही है.बीमार लोगों को ले जाने के लिए एंबुलेंस भी घर तक पहुंच जा रहा है.

  यहां पर रश्मि अपार्टमेंट में एक प्रोफेसर रहते हैं.उक्त प्रोफेसर का नाम जोन आलबर्ट हैं जो मैनेजमेंट कॉलेज में इंग्लिश के प्रोफेसर हैं.जनसंपर्क अभियान के दौरान प्रोफेसर साहब की मुलाकात समाजसेवी पप्पू राय से हो गयी.उनको देखते ही प्रोफ़ेसर साहब बोलने लगे कि आपको तो पटना नगर निगम की मेयर की प्रत्याशी रजनी देवी के पक्ष में कैंपेन करने की जरूरत ही नहीं हैं.आपने जो बंद राह को खोलवा दिए हैं.इसके चलते मेयर पद पर रजनी देवी की जीत निश्चित है.आप तो जन समस्या का समाधान करते चल रहे हैं तो आप ऐसे ही जीत जाएंगे!


आलोक कुमार

नए कर्मियों को राजगीर अंचल में किया गया पदस्थापित

  

प्रशासनिक दृष्टिकोण से राजगीर अंचल कार्यालय के लिपिक,कार्यपालक सहायकों, डाटा इंट्री ऑपरेटर एवं  SWANs  (NSA )  का किया गया स्थानांतरण, नए कर्मियों को राजगीर अंचल में किया गया पदस्थापित....

राजगीर. राजगीर अंचल के पुनर्नियोजित राजस्व कर्मचारी (प्रभारी अंचल निरीक्षक) आनंद कुमार द्वारा सरकारी भूमि के दाखिल खारिज की स्वीकृति देने तथा लोदीपुर स्थित वैसे भूमि के दाखिल खारिज की अनुशंसा करने, जिससे संबंधित मामला सक्षम न्यायालय में विचाराधीन है, की जांच भूमि सुधार उप समाहर्ता राजगीर से कराई गई थी. उनके जांच प्रतिवेदन के आधार पर आनंद कुमार से स्पष्टीकरण मांगा गया था, जो उनके द्वारा समर्पित नहीं किया गया.

       उनका उक्त कृत्य उनके पदीय दायित्वों के प्रतिकूल, सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वाला एवं कर्तव्यहीनता का द्योतक पाया गया. उक्त आलोक में कार्रवाई करते हुए जिला पदाधिकारी श्री शशांक शुभंकर ने आनंद कुमार ,पुनर्नियोजित राजस्व कर्मचारी अंचल कार्यालय, राजगीर के संविदा के आधार पर पुनर्नियोजन को तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दिया है.

         विगत दिनों अंचल कार्यालय राजगीर में पाई गई अनियमितता के आलोक में तत्कालीन अंचल अधिकारी को विभाग द्वारा निलंबित किया गया, साथ ही तत्कालीन राजस्व कर्मचारी संजय कुमार सिन्हा एवं शैलेंद्र कुमार को भी निलंबित किया गया.प्रशासनिक दृष्टिकोण से जिलाधिकारी द्वारा राजगीर अंचल के लिपिक, कार्यपालक सहायक, डाटा एंट्री ऑपरेटर एवं State Wide Area Networks (SWANs)  (NSA) का स्थानांतरण अन्य कार्यालय में करते हुए उनकी जगह नए कर्मियों  का पदस्थापन किया गया है.

     अंचल कार्यालय राजगीर के लिपिक धर्मवीर प्रसाद को अनुमंडल कार्यालय हिलसा में पदस्थापित करते हुए भूमि सुधार उप समाहर्ता हिलसा के कार्यालय में प्रतिनियुक्त किया गया है. उनके स्थान पर अनुमंडल कार्यालय हिलसा में पदस्थापित एवं भूमि सुधार उप समाहर्ता कार्यालय हिलसा में प्रतिनियुक्त लिपिक अमरेंद्र कुमार ओंदवार तथा प्रखंड कार्यालय बिहारशरीफ के लिपिक अरुण चौधरी को राजगीर अंचल में पदस्थापित किया गया है.

राजगीर अंचल के कार्यपालक सहायक श्री कुमार को प्रखंड कार्यालय बिंद तथा कार्यपालक सहायक कुंदन कुमार को अंचल कार्यालय हिलसा स्थानांतरित किया गया है. उनकी जगह विकास कुमार कार्यपालक सहायक अंचल कार्यालय हिलसा तथा रोशन कुमार सिंह कार्यपालक सहायक प्रखंड कार्यालय बिंद को अंचल कार्यालय राजगीर में पदस्थापित किया गया है.

   राजगीर अंचल के डाटा एंट्री ऑपरेटर( बेल्ट्रान) राहुल कुमार को अंचल कार्यालय एकंगरसराय में प्रतिनियुक्त किया गया तथा उनकी जगह अंचल कार्यालय एकंगरसराय के डाटा एंट्री ऑपरेटर (बेल्ट्रान) गोपाल कुमार को अंचल कार्यालय राजगीर में प्रतिनियुक्त किया गया है.

प्रखंड -सह- अंचल कार्यालय राजगीर के SWANs  (NSA )राहुल कुमार को कतरीसराय प्रखंड -सह- अंचल कार्यालय में प्रतिनियुक्त करते हुए वहां के कर्मी समीर कुमार को राजगीर अंचल-सह- प्रखंड कार्यालय में प्रतिनियुक्त किया गया है.


आलोक कुमार

मंगलवार, 13 दिसंबर 2022

सबूतों के साथ सच को सामने लाने के लिए और सद्भावना वाले सभी लोगों का आभार

 

नई दिल्ली. जेसुइट्स फादर स्टेन स्वामी की विरासत समिति के संयोजक डॉ. फादर. जोसेफ जेवियर एस जे ने कहा है कि नई फॉरेंसिक रिपोर्ट से पता चलता है कि फादर स्टेन स्वामी को मनगढ़ंत सबूतों के आधार पर गिरफ्तार किया गया, जेल में डाल दिया गया और उनकी मृत्यु हो गई.

   आर्सेनल कंसल्टिंग, एक अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रसिद्ध डिजिटल फोरेंसिक फर्म ने अपनी हालिया रिपोर्ट में कहा है कि भीमा-कोरेगांव मामले में वरिष्ठ मानवाधिकार रक्षक फादर स्टेन स्वामी को गिरफ्तार करने के लिए इस्तेमाल किए गए डिजिटल सबूत उनके कंप्यूटर की हार्ड ड्राइव पर लगाए गए थे. यह रिपोर्ट पिछली रिपोर्ट का अनुसरण करती है जिसमें सह-प्रतिवादी रोना विल्सन और सुरेंद्र गाडलिंग के उपकरणों पर लगाए गए डिजिटल साक्ष्य का दस्तावेजीकरण किया गया था. फोरेंसिक विश्लेषण से पता चला है कि जिन हैकर्स ने फादर स्टेन के कंप्यूटर पर हमला किया, वे वही हैं जिन्होंने विल्सन और गाडलिंग पर हमला किया था.

    कई निष्कर्ष भारतीय राज्य को मानवाधिकार रक्षकों की इस हैकिंग से जोड़ते हैं.साइबर सुरक्षा फर्म Sentinel One ने पहले इस हमलावर की जांच की थी और निष्कर्ष निकाला था कि उनकी गतिविधि भारतीय राज्य हितों के साथ तेजी से संरेखित होती है.‘आर्सेनल की रिपोर्ट में कहा गया है, हमलावर फादर से समझौता करने के लिए जिम्मेदार है. स्वामी के कंप्यूटर में व्यापक संसाधन (समय सहित) थे और यह स्पष्ट है कि उनका प्राथमिक लक्ष्य निगरानी और दस्तावेज़ वितरण को कम करना था. आर्सेनल ने प्रभावी रूप से हमलावर को रंगे हाथ (फिर से) पकड़ा है, फ़ाइल सिस्टम लेनदेन, एप्लिकेशन निष्पादन डेटा और अन्य में पीछे छोड़ी गई उनकी गतिविधि के अवशेषों के आधार पर.                  

   जून 2022 में,वायर पत्रिका ने बताया कि  Sentinel One को पुणे पुलिस को हैकर्स से जोड़ने के सबूत मिले थे. फोरेंसिक निष्कर्षों से यह भी संकेत मिलता है कि हैकर्स को पुणे पुलिस द्वारा फादर स्टेन पर की गई छापेमारी की अग्रिम जानकारी थी. रिपोर्ट में हैकर्स द्वारा 11 जून, 2019 की रात को उनकी गतिविधियों के सबूतों को मिटाने का प्रयास करने का विस्तृत सबूत दिया गया है. पुणे पुलिस ने अगले ही दिन, 12 जून को फादर स्टेन का कंप्यूटर जब्त कर लिया. हैकर्स ने पहली बार 19 अक्टूबर, 2014 को नेटवायर नामक रिमोट एक्सेस ट्रोजन आरएटी का उपयोग करके फादर स्टेन के कंप्यूटर पर हमला किया. आरएटी एक हमलावर को किसी के कंप्यूटर का दूरस्थ रूप से सर्वेक्षण करने और कंप्यूटर से और कंप्यूटर पर फ़ाइलों को स्थानांतरित करने की अनुमति देता है. फादर स्टेन के मामले में, उनके द्वारा टाइप की गई हर एक चीज को ‘ कीलॉगिंग‘ नामक एक प्रक्रिया का उपयोग करके रिकॉर्ड किया गया था. रिपोर्ट में हैकर्स द्वारा उनके पासवर्ड को पढ़ने में सक्षम होने के उदाहरण दिखाए गए हैं, साथ ही साथ अन्य दस्तावेज़ और ईमेल भी.हैकर ने फादर स्टैन के डिवाइस की 24,000 फाइलों का भी सर्वेक्षण किया.

   निगरानी के अलावा, जुलाई 2017 से शुरू होने वाले और जून 2019 तक जारी रहने वाले दो हैकिंग अभियानों में फादर स्टेन की हार्ड ड्राइव पर डिजिटल फाइलों को लगाया गया था. माओवादी विद्रोह। फादर स्टेन पर छापे से एक सप्ताह पहले 5 जून, 2019 को फादर स्टेन के कंप्यूटर पर अंतिम आपत्तिजनक दस्तावेज लगाया गया था. इन दस्तावेजों के आधार पर ही फादर स्टेन को पहली बार भीमा कोरेगांव मामले में गिरफ्तार किया गया था, जबकि विशेषज्ञों ने दस्तावेजों की प्रामाणिकता पर गंभीर संदेह जताया था.

    फादर स्टेन के कंप्यूटर का विश्लेषण आर्सेनल कंसल्टिंग द्वारा किया गया था, जो एक यूएस-आधारित डिजिटल फोरेंसिक फर्म है, जिसने तुर्की ओडीएटीवी मामले और बोस्टन मैराथन बम विस्फोट मामले सहित ऐतिहासिक डिजिटल फोरेंसिक मामलों पर काम किया है. आर्सेनल के पिछले निष्कर्षों को एमनेस्टी टेक और टोरंटो विश्वविद्यालय की सिटीजन लैब द्वारा दोहराया गया है, और वाशिंगटन पोस्ट और एनडीटीवी द्वारा रिपोर्ट किया गया है. आर्सेनल का कहना है कि इसके निष्कर्षों को किसी भी सक्षम डिजिटल फोरेंसिक विशेषज्ञ द्वारा दोहराया जा सकता है.                   

    आर्सेनल कंसल्टिंग के अध्यक्ष, मार्क स्पेंसर ने कहा, ‘फादर के साथ जो हुआ उसका पैमाना. स्वामी और उनके कुछ सह-प्रतिवादी, अपने इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की आक्रामक निगरानी के संदर्भ में, जो कि वर्षों के दौरान दस्तावेज़ वितरण को समाप्त करने में परिणत हुआ, वास्तव में अभूतपूर्व है.

हिरासत में फादर स्टेन स्वामी की मृत्यु की ब्रिटिश संसद सहित, अमेरिकी विदेश विभाग और संयुक्त राष्ट्र द्वारा दुनिया भर में निंदा की गई थी. मनमानी हिरासत पर संयुक्त राष्ट्र कार्य समूह ने सहमति व्यक्त की कि हिरासत में फादर स्टेन की मृत्यु ‘हमेशा के लिए भारत के मानवाधिकार रिकॉर्ड पर एक धब्बा बनी रहेगी‘. जुलाई 2022 में, अमेरिकी कांग्रेस में फादर स्टेन के जीवन और कार्यों के सम्मान में एक प्रस्ताव पेश किया गया था.सत्य इतना कड़वा क्यों हो गया है, विरोध इतना असहनीय, न्याय इतना अप्राप्य - स्टेन स्वामी

   भीमा कोरेगांव मामले में गिरफ्तारी के दौरान जुलाई 2021 में प्रसिद्ध मानवाधिकार रक्षक फादर स्टेन स्वामी का निधन हो गया. भीमा कोरेगांव मामले में 11 सह-प्रतिवादी अभी भी जेल में हैं और गौतम नवलखा घर में नजरबंद हैं.

मैं आर्सेनल कंसल्टिंग के प्रेसिडेंट मार्क स्पेंसर और उनकी टीम का सबूतों के साथ सच को सामने लाने के लिए और सद्भावना वाले सभी लोगों का आभारी हूं जो सच्चाई, अंतिम और सबसे कम न्याय और शांति के लिए खड़े हैं.

हम, भारत के जेसुइट, गरीबों के अधिकारों की रक्षा के लिए विभिन्न जेलों में सड़ रहे लोगों के साथ एकजुटता से खड़े हैं, विशेष रूप से जिन्हें बीके16 मामले में झूठा फंसाया गया है और गरीबों और हाशिए पर रहने वालों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता की पुष्टि करते हैं और उनके साथ चलते हैं गरिमा, स्वतंत्रता और स्वतंत्रता के लिए उनकी खोज.


आलोक कुमार


मैं साक्ष्य के साथ मौजूद रहूँगा:सुमन सौरभ

 


*  प्रसव वार्ड में नर्स का प्रसूता के साथ होता है अमानवीय व्यवहार


*  नर्स को दिया जाए सॉफ़्ट स्किल का प्रशिक्षण


* यहां घूस के बिना हीमोग्लोबिन से लेकर अन्य किसी भी प्रकार की जांच करवाना है मुश्किल


* घावों पर टांका लगाने के लिए इस्तेमाल होने वाला धागा (सूचर) भी उपलब्ध नहीं


*  प्रसव वार्ड में रात्रि पहर चिकित्सक उपलब्ध नहीं रहने के कारण मजबूरी में मरीज  जाते है निजी अस्पताल के शरण में


जमुई. प्रबोध जन सेवा संस्थान के सचिव व सामाजिक कार्यकर्त्ता सुमन सौरभ ने एक शिकायत पत्र के माध्यम से सदर अस्पताल की तमाम व्यवस्था पर प्रश्न उठाते हुए सोमवार को सिविल सर्जन को एक शिकायत पत्र सौंपा है. उस शिकायत पत्र में उन्होंने स्पष्ट तौर पर लिखा है जब भी सदर अस्पताल में आपका निरीक्षण होता है तो एक उम्मीद जगती है अब किसी प्रकार की समस्या आम लोगों को नहीं होगी पर बड़े ही दुःख के साथ कहना पड़ रहा है आपके निरीक्षण का असर कुछ घंटे तक ही सीमित रहता है.

   


वर्तमान में सदर अस्पताल का शायद ही कोई ऐसा विभाग है जहां बगैर पैसे (घूस) की काम होता नहीं है.यदि आपको इसकी जानकारी नहीं है तो शायद आपका निरीक्षण अधूरा है. प्रसव वार्ड की बात करें तो हीमोग्लोबिन से लेकर किसी भी प्रकार के जांच में कुछ ना कुछ पैसा (घूस) लिया ही जाता है. यदि पैसा ना दिया जाए तो उन्हें जांच के लिए घंटों इंतजार करना पड़ता है या फिर मजबूर होकर जांच बाहर से करवाना होता है.

 यदि आप सदर अस्पताल के प्रसव वार्ड का निरीक्षण किए होंगे तो आपको यह भी ज्ञात होना चाहिए जब सदर अस्पताल में जांच से लेकर अन्य सारी सुविधा उपलब्ध है तो आवश्यक जांच मरीज बाहर (प्राइवेट) से क्यों करवाते हैं. उसकी एकमात्र वजह है समय पर जांच कर्मी का उपलब्ध ना होना या फिर समय पर पैसा (घूस) ना देने पर जांच कर्मी की नाराजगी. यह सभी बातें मुझे पहले से ज्ञात थी पर दिनांक 9/ 12/2022 को सुबह लगभग 5ः00 बजे से लेकर सुबह 8 बजे तक मेरी उपस्थिति में ये सारा खेल प्रसव वार्ड में चलता रहा जो मेरे लिए तनिक भी आश्चर्य का विषय नहीं था.

  जांच कर्मी से लेकर रोस्टर के अनुसार जिन डॉक्टर की ड्यूटी थी वह भी अनुपस्थित थी. प्रसव के दर्द को जूझ रही कई महिलाएं डॉक्टर के इंतजार में तड़प रही थी. बेतहाशा दर्द को झेल रही दो प्रसव पीड़िता जो कई घंटे से डॉक्टर का इंतजार कर रही थी पर डॉक्टर की मौजूदगी ना होने के कारण व मौजूद कुछ नर्सों का व्यवहार प्रसूता के प्रति जहाँ सहानुभूति पूर्ण होना चाहिए वहीं उनका व्यवहार प्रसूता के साथ अमानवीय रहा जिससे आहत होकर उन्हें निजी अस्पताल के लिए जाना पड़ा. वहीं जो आर्थिक रूप से विपन्न परिवार की प्रसूता थी उनकी मजबूरी रही उस डॉक्टर के इंतजार में रहना.

   वैसे भी प्रसव वार्ड में प्रसूता बच्चे को जन्म देने के दौरान जितना दर्द झेलती है उस से कहीं ज्यादा आपके सदर अस्पताल के प्रसव वार्ड में कार्यरत नर्स व डॉक्टर का व्यवहार उन्हें अंदर से तोड़ देता है. मेरा मानना है विशेष तौर पर प्रसव वार्ड में कार्यरत नर्सें गर्भवती महिलाओं के सबसे ज्यादा संपर्क में रहती हैं ऐसे में उन्हें सॉफ़्ट स्किल का प्रशिक्षण दिया जाना बहुत ही जरुरी है क्योंकि डिलीवरी के दौरान होने वाले बर्ताव से प्रसव वार्ड में इलाजरत प्रसूता खौफ में रहती है. उसी दौरान जब विभाग के अधिकारियों से इन सभी परेशानियों को लेकर मेरी बात हुई तो डॉक्टर साहिबा का आगमन सुबह लगभग 6ः 30 बजे हुआ लेट ही सही पर डॉक्टर साहिबा का आगमन हुआ पर आते के साथ उन्होंने नाराज होकर इलाजरत मरीज के परिजनों से कह दिया 8 बजे हम चले जायेंगे और वो चली भी गई.

  आश्चर्य है रोस्टर के अनुसार अस्पताल पहुंचने का समय निश्चित नहीं है पर जाने का समय निश्चित होता है। खैर मुझे खुशी है आप समय-समय पर सदर अस्पताल के प्रसव वार्ड का निरीक्षण करते है तो क्या आपको यह ज्ञात नहीं घावों पर टांका लगाने के लिए इस्तेमाल होने वाला धागा (सूचर) भी बीते कई दिनों से प्रसव वार्ड में उपलब्ध नहीं है जिसे परिजनों को बाहर से खरीदकर लाना होता है. वहीं जो प्रसव वार्ड में खाद्य सामग्री परोसी गई उसे बस मजबूरी बस ही इंसान खा सकता है.

    सुमन सौरभ ने आगे कहा शिकायत पत्र के माध्यम जितनी भी शिकायतें दर्ज कराई है उसका पूरा प्रमाण मेरे पास सुरक्षित है उन्हें ने सिविल सर्जन से आग्रह किया है शिकायतों की जांच निष्पक्ष तरीके से कर दोषी पर करवाई करें जिस से समाज में एक सकारात्मक संदेश जाए वहीं इस जांच में किसी भी प्रकार की यदि सहयोग की आवश्यकता है तो मैं साक्ष्य के साथ मौजूद रहूँगा.


आलोक कुमार


अंतिम संस्कार सेंट ऑगस्टाइन फोराने चर्च, प्रविथानम, पाला में किया गया

  


पटना.बिहार की राजधानी पटना है.पटना के बगल में ही हाजीपुर है. केरल से आकर ए.वी. जोसेफ ने हाजीपुर में स्कूल खोले.उक्त स्कूल का नाम संत जोंस एकेडमी है.संत जोंस एकेडमी के संस्थापक निदेशक ए.वी.जोसेफ थे.वे ए.वी.जोस से विख्यात थे.उनका निधन 11 दिसंबर को केरल में हो गया था.वे 69 साल के थे.अपने पीछे मारिया जोस,रोनी जोस, सोनी जे हर्ष,सिद्धार्थ हर्ष,नील जे हर्ष आदि को छोड़ गए.

     उनका घर केरल में है.श्री ए वी पृथ्वीदाथिल हाउस, नजंदुपारा, उरलीकुन्नम, पाला है.आज मंगलवार 13 दिसंबर को घर पर सुबह 10.00 बजे से अंतिम प्रार्थना करने के बाद पार्थिव शरीर को दोपहर 12.00 बजे से अंतिम संस्कार सेंट ऑगस्टाइन फोराने चर्च, प्रविथानम, पाला में किया गया.

       
पटना महाधर्मप्रांत में धार्मिक कार्य करने वाले ए.वी.जोस का अंतिम संस्कार में शामिल होने पटना महाधर्मप्रांत के विकर जनरल फादर जेम्स जौर्ज और फातिमा सुसमाचार केंद्र के निदेशक फादर सत्य प्रकाश गए थे.वहीं संत जोंस एकेडमी से जुड़े लोग भी गए थे.

  एक लोकधर्मी होने के कारण धार्मिक कार्य में सर्वाधिक योगदान जोस देते थे.इसके आलोक में पटना महाधर्मप्रांत के विकर जनरल फादर जेम्स जॉर्ज और फादर सत्य प्रकाश केरल गए थे.


आलोक कुमार


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