सोमवार, 7 जुलाई 2025

चुनाव आयोग के ताजा विज्ञापन से मतदाता पुनरीक्षण को लेकर साफ दिखी षड्यंत्र

 


*प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम ने किया सवाल, क्या चुनाव आयोग का विज्ञापन बड़े षड्यंत्र की है आहट?

*वोटर पुनरीक्षण में मांगे जा रहे कागजात, मतदाताओं के साथ धोखा है, अन्याय है और षड्यंत्र है: राजेश राम

*चुनाव आयोग के ताजा विज्ञापन से मतदाता पुनरीक्षण को लेकर साफ दिखी षड्यंत्र: राजेश राम

पटना . बिहार कांग्रेस मुख्यालय सदाकत आश्रम में आयोजित संवाददाता सम्मेलन में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम ने चुनाव आयोग के आज के विज्ञापन को लेकर जिसमें कागजातों और तस्वीरों को लेकर सूचना छपी है कि उनकी आवश्यकता मतदाता पुनरीक्षण में नहीं है, को लेकर चुनाव आयोग के द्वारा बड़े षड्यंत्र का आरोप लगाया है.

     संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए बिहार कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम ने कहा कि मतदाता सूची से संबंधित फॉर्मों पर जारी एक पोस्टर में चुनाव आयोग ने अब कहा है कि निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी (ERO) दस्तावेजों के बिना भी सत्यापन पर निर्णय ले सकता है.पोस्टर में कहा गया है कि “यदि आवश्यक दस्तावेज़ और फोटो उपलब्ध नहीं हैं, तो बस नामांकन फॉर्म भरें और उसे बूथ स्तर अधिकारी (BLO) को दें.” इसमें आगे अहम बात यह जोड़ी गई है कि “यदि आप आवश्यक दस्तावेज़ उपलब्ध नहीं करा पा रहे हैं, तो चुनाव रजिस्ट्रेशन अधिकारी स्थानीय जांच या अन्य दस्तावेज़ों के आधार पर निर्णय ले सकता है.” इसका अर्थ यह है कि ERO उन लोगों से मिलने मौके पर जाएंगे जिन्होंने दस्तावेज़ जमा नहीं किए हैं. वे यह सुनिश्चित करेंगे कि फॉर्म भरने वाला व्यक्ति 18 वर्ष का है या नहीं, उस क्षेत्र में निवास की अवधि की जानकारी लेंगे, आसपास के लोगों से बात करेंगे और उपलब्ध साक्ष्य व दस्तावेज़ों के आधार पर निर्णय लेंगे.यह विज्ञापन न सिर्फ़ चुनाव आयोग की अकर्मण्यता की पोल खोलता है अपितु बिहार विधान सभा में सत्ता धारी दल की अनैतिक मदद की आशंका भी पैदा करता है.

     हमारे इस संदर्भ में कुछ प्रासंगिक सवाल :-

1. सवाल यह उठता है कि फिर इस पूरी प्रक्रिया की प्रासंगिकता क्या रह गई है ?

2. क्या यह एक नियोजित  षड्यंत्र है कुछ राजनीतिक दलों को लाभ पहुंचाकर लोगों के नाम मतदाता सूची से हटाने का ?

3. अगर अंतिम निर्णय ईआरओ के विवेक पर छोड़ा गया है तो क्या बहुत बड़ी संख्या में भाजपा और जेडीयू की सरकार दबाव बनाकर वोटर लिस्ट में मनमानी नहीं करेगी?

4. क्या हाल ही में बिहार में स्पेशल समरी रिवीजन वोटर लिस्ट का नहीं किया गया है । जिसमें 6 जनवरी 2025 में अंतिम प्रकाशन मतदाता सूची का किया गया है जिसके तहत:-

    1.घर-घर जाकर सर्वेक्षण

    2.भौतिक स्थल पर जाकर सत्यापन

    3 . दावों और आपत्तियों की सूची का प्रदर्शन और साझा करना

    4 . प्रारूप और अंतिम मतदाता सूची को राजनीतिक दलों के साथ साझा करना.

जब यह पूरी प्रक्रिया जनवरी में ही की जा चुकी है तो फिर वही प्रक्रिया चुनावों के ठीक पहले फिर करना संदेह पैदा करने वाली है .चुनाव आयोग को तुरंत इस निर्णय को वापस लेना चाहिए, क्योंकि जो खबर इस प्रक्रिया को लेकर बिहार के विधानसभा क्षेत्रों से आ रही है कि लोग ख़ुद किसी भी प्रकार का फॉर्म भरने में समर्थ नहीं है वो चिंता बढ़ाने वाली है .

    संवाददाता सम्मेलन में प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम के अलावे विधान परिषद में दल के नेता व पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डॉ. मदन मोहन झा, नेशनल मीडिया पैनलिस्ट पूर्व विधान पार्षद प्रेम चंद मिश्र, मीडिया विभाग के चेयरमैन राजेश राठौड़, सोशल मीडिया विभाग के चेयरमैन सौरभ सिंहा, असित नाथ तिवारी, मंजीत आनंद साहू, प्रो विजय कुमार सहित अन्य नेतागण मौजूद रहें.


आलोक कुमार

रविवार, 6 जुलाई 2025

आधुनिक भारत के निर्माण में जगजीवन राम का भी बड़ा योगदान


पटना. अखिल भारतीय कांग्रेस कमिटी के पूर्व अध्यक्ष एवं पूर्व उप प्रधानमंत्री जगजीवन राम की 39 वीं पुण्यतिथि आज सदाकत आश्रम में  मनायी गयी.इस अवसर पर बिहार प्रदेश कांग्रेस कमिटी के अध्यक्ष राजेश राम  ने जगजीवन राम के प्रति श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि आधुनिक भारत के निर्माण में जगजीवन राम का भी बड़ा योगदान था. पंडित जवाहरलाल नेहरू के मंत्रिमंडल में जगजीवन बाबू सबसे कम उम्र के कैबिनेट मंत्री थे.

       उन्होंने कहा कि बाबू जगजीवन राम देश के रक्षा मंत्री थे उस समय पाकिस्तान के 91 हजार सैनिकों ने भारत के सैनिक कमान्डर के समक्ष आत्म समर्पण किया था यह देश नहीं बल्कि विश्व के इतिहास में एक अभूतपूर्व घटना थी.राजेश राम  ने कहा कि स्व0 जगजीवन राम एक गरीब परिवार में जन्म लेकर बड़े संघर्ष का सामना किया तथा तत्कालीन व्यवस्था में अछूतोद्धार के लिये सामाजिक व्यवस्था में  परिवर्तन लाने की लड़ाई लड़ी. आज कृतज्ञ राष्ट्र बाबू जगजीवन राम के योगदान को स्मरण कर उनके चरणों में शत-शत करता है. इसके पूर्व स्व0 जगजीवन राम के चित्र पर माल्यार्पण किया गया.

   इस अवसर पर कांग्रेस विधान परिषद दल के नेता डा0 मदन मोहन झा, पूर्व मंत्री संजीव प्रसाद टोनी, कृपानाथ पाठक, प्रेमचन्द्र मिश्रा,, नरेन्द्र कुमार, मोती लाल शर्मा, राजेश राठौड़, ब्रजेश प्रसाद मुनन, कपिलदेव प्रसाद यादव, अजय कुमार चौधरी ,असितनाथ तिवारी, सौरभ सिन्हा, मुन्ना शाही, डा0 अजय कुमार सिंह, चन्द्र प्रकाश सिंह, राजेश कुमार सिन्हा, शकीलुर रहमान मंजीत आनन्द साहू, अरविन्द लाल रजक, मनोज मेहता, राजकिशोर सिंह, संजय कुमार पाण्डेय, मिथिलेश शर्मा मधुकर, प्रो0 विजय कुमार, वैद्यनाथ शर्मा, सत्येन्द्र कुमार सिंह, सुनील कुमार सिंह,, ललन यादव, मृणाल अनामय, वसी अख्तर, संतोष कुमार श्रीवास्तव, विश्वनाथ बैठा, सुजीत कसेरा, रोहित कुमार पासवान, मनीष कुमार, अश्विनी कुमार, कशिश यादव, शशि पंडित, साधना रजक, मोनी देवी, सिद्धार्थ क्षत्रिय, नदीम अंसारी, सम्स तवरेज,सहित बड़ी संख्या में उपस्थित  कांग्रेसजनों  ने भी बाबू जगजीवन राम के चित्र पर माल्यार्पण किया.


आलोक कुमार


शनिवार, 5 जुलाई 2025

ईपीएस 95 के तहत न्यूनतम 1000 पेंशन में 7500 बढ़ोतरी करने की मांग


 मजबूरी में 3 अगस्त को EPS-95 एजिटेशन कमिटी की बैठक दिल्ली में होगी.उसके बाद 4 और 5 अगस्त को जंतर मंतर पर धरना और प्रदर्शन किया जाएगा, बापू के अस्त्र सत्याग्रह में भाग लेने लाखों की संख्या में बुजुर्ग दिल्ली आ रह रहे हैं......

नई दिल्ली. EPS-95 एजिटेशन कमिटी के अध्यक्ष अशोक रावत ने कहा है कि केंद्र सरकार के द्वारा लगातार आश्वासन मिल रहा है कि ईपीएस 95 के तहत न्यूनतम 1000 पेंशन में 7500 बढ़ोतरी कर दिया जाएगा.उन्होंने कहा कि एक दशक से केवल आश्वासन ही मिल रहा है.

   आगे कहा कि संसद का मॉनसून सत्र 21 जुलाई से 21 अगस्त, 2025 तक बुलाया गया है.इस दौरान माननीय सांसद लोकसभा और राज्यसभा में सरकारी की वादाखिलाफी के खिलाफ आवाज बुलंद करेंगे.वहीं EPS-95 एजिटेशन कमिटी की पैनी नजर मानसून सत्र पर रहेगा.यदि 31 जुलाई तक 7500 न्यूनतम पेंशन,महंगाई भत्ता,पति और पत्नी की स्वास्थ्य सेवा उपलब्ध नहीं कराई जाती है.तो मजबूरी में 3 अगस्त को EPS-95 एजिटेशन कमिटी की बैठक दिल्ली में होगी.उसके बाद 4 और 5 अगस्त को जंतर मंतर पर धरना और प्रदर्शन किया जाएगा, बापू के अस्त्र सत्याग्रह में भाग लेने लाखों की संख्या में बुजुर्ग दिल्ली आ रह रहे हैं.उनकी व्यवस्था एजिटेशन कमिटी की ओर से की जाएगी.समिति के अध्यक्ष अशोक रावत ने कहा कि बुलढाना में साढ़े छह सालों से सत्याग्रह किया जा रहा है.तब भी केंद्र सरकार पर असर नहीं पड़ रहा है.

                पिछले 11 वर्षों से EPS-95 के तहत पेंशनर्स न्यूनतम पेंशन को बढ़ाने की मांग कर रहे हैं. वर्तमान में न्यूनतम पेंशन ₹1,000 प्रति माह है, जो आज के समय में जीवन यापन के लिए पर्याप्त नहीं है. इस संदर्भ में, EPS-95 एजिटेशन कमिटी ने वित्त मंत्री से मुलाकात की और न्यूनतम पेंशन को बढ़ाकर ₹7,500 प्रति माह करने की मांग की है.इसके अतिरिक्त, उन्होंने महंगाई भत्ते (DA) का समावेश करने और रिटायर्ड कर्मचारियों तथा उनके जीवन साथियों के लिए मुफ्त चिकित्सा सुविधाओं की भी मांग की है.वर्तमान में इस योजना के अंतर्गत 78 लाख से अधिक पेंशनर्स लाभ प्राप्त कर रहे हैं.

आलोक कुमार


Publisher ID: pub-4394035046473735

गुरुवार, 3 जुलाई 2025

स्वतंत्रता सेनानी अब्दुल कय्यूम अंसारी की 121वीं जयंती श्रद्धापूर्वक मनाई

 


प्रदेश कांग्रेस कमिटी ने मनाई स्वतंत्रता सेनानी अब्दुल कय्यूम अंसारी की 121वीं जयंती


पटना . बिहार प्रदेश कांग्रेस कमिटी ने आज अपने मुख्यालय सदाकत आश्रम में बिहार प्रदेश कांग्रेस कमिटी के पूर्व अध्यक्ष, पूर्व मंत्री और महान स्वतंत्रता सेनानी अब्दुल कय्यूम अंसारी की 121वीं जयंती श्रद्धापूर्वक मनाई.

     इस अवसर पर, बिहार प्रदेश कांग्रेस कमिटी के अध्यक्ष राजेश राम ने अब्दुल कय्यूम अंसारी को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि वे उच्च कोटि के स्वतंत्रता सेनानी थे। राजेश राम ने उन्हें गरीबों का सच्चा मसीहा बताते हुए कहा कि मंत्री के रूप में उन्होंने स्वास्थ्य विभाग में रहते हुए गरीबों के बेहतर इलाज के लिए कई महत्वपूर्ण योजनाएं शुरू की, जिसने असंख्य लोगों को लाभ मिला. इसके साथ ही, उन्होंने राज्य के बुनकरों के उत्थान और विकास के लिए भी कई क्रांतिकारी कार्यक्रम चलाए, जिससे इस वर्ग के लोगों को आर्थिक रूप से सशक्त होने का अवसर मिला. प्रदेश कांग्रेस कमिटी के अध्यक्ष के रूप में उनके कार्यकाल को याद करते हुए राजेश राम ने कहा कि उस दौरान कार्यकर्ताओं का सम्मान सर्वोपरि था और उनके मार्गदर्शन में पार्टी ने नई ऊंचाइयों को छुआ.कार्यक्रम की शुरुआत अंसारी साहब के चित्र पर माल्यार्पण के साथ हुई, जिसमें पार्टी के वरिष्ठ नेताओं और कार्यकर्ताओं ने अपनी पुष्पांजलि अर्पित की.

            स्व. अंसारी साहब को पुष्पांजलि अर्पित करने वालों में पूर्व मंत्री कृपानाथ पाठक, पूर्व विधायक नरेंद्र कुमार, मोती लाल शर्मा, जमाल अहमद भल्लू, स्नेहाशीष वर्धन पांडेय ,सौरभ कुमार सिन्हा, उमैर खान, शिशिर कौंडिल्य,नागेन्द्र कुमार विकल, अश्विनी कुमार, बैजनाथ शर्मा, सकिलुर रहमान , असफर अहमद, अरविन्द लाल रजक शाशि कान्त तिवारी, राजेन्द्र चौधरी,राजकिशोर सिंह मो.शाहनवाज उमर सैफुल्लाह खान, वसी अहमद, , यशवंत कुमार चमन, वसीम अहमद, , कन्हैया कुमार, रंजीत यादव, विश्वनाथ बैठा, , मिहिर झा, नदीम अंसारी, रवि गोल्डन, विमलेश तिवारी,. रवि कुमार, मो. तम्मना, अबुल कलाम जौहरी, रजनीश कुमार सिंह, संजय कुमार पासवान, पवन कुमार यादव, इश्तियाक आजम, नीरज कुमार, भूषण सिंह, उदय चन्द्र झा, अमजद अली आदि प्रमुख हैं.

आलोक  कुमार 


Publisher ID: pub-4394035046473735
Site: chingariprimenews.blogspot.com

बुधवार, 2 जुलाई 2025

विश्व की शिक्षा की राजधानी बिहार को भाजपा -जेडीयू ने बदहाल कर दिया: दिग्विजय सिंह

 

विश्व की शिक्षा की राजधानी बिहार को भाजपा -जेडीयू ने बदहाल कर दिया: दिग्विजय सिंह

युवाओं के भविष्य की लगाई बोली, पेपर माफिया की सत्ता से हमजोली!: दिग्विजय सिंह

भर्ती और प्रवेश परीक्षा का मोल लगाया, हर पेपर लीक कराया!: दिग्विजय सिंह

 पटना. बिहार की शिक्षा का परचम पूरे विश्व में लहराया था. नालंदा विश्वविद्यालय हो या विक्रमशिला विश्वविद्यालय तिब्बत, चीन, जापान, कोरिया, सुमित्रा, मंगोलिया आदि देशों से विद्यार्थी यहाँ शिक्षा लेने आते थे. चीनी यात्री ह्वेनसांग (Xuan Zang) और इत्सिंग (Yixing) ने इसके वैभव की बहुत प्रशंसा करते नहीं थकते थे. आज उसी बिहार को भाजपा और जेडीयू की सरकार ने युवाओं के भविष्य बेचने का केंद्र बना दिया है.भर्ती प्रवेश परीक्षा के घोटाले, जर्जर स्कूल भवन और युवाओं का पलायन ये बिहार की शिक्षा का भाग्य बन गया है -

         आज मोदी सरकार ख़ुद कह रही है की बिहार को बर्बाद भाजपा जेडीयू ने किया है ये बातें बिहार कांग्रेस मुख्यालय सदाकत आश्रम में आयोजित संवाददाता सम्मेलन में राज्यसभा सांसद और मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने कही .

       राज्यसभा सांसद एवं कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह ने क्रमवार आंकड़े पेश करके विस्तार से निम्नांकित बातों को प्रमुखता से संवाददाता सम्मेलन में रखी .उन्होंने केंद्र की मोदी सरकार की स्कूली शिक्षा की रिपोर्ट UDISE+ 2023–24 का बिहार के लिए चौंकाने वाला खुलासा करते हुए कहा कि सरकारी स्कूलों की बदहाली और ड्रॉपआउट रेट देश में सबसे ज़्यादा, न स्कूलों में बिजली न शिक्षक , न कंप्यूटर न लाइब्रेरी मौजूद है-

      यह प्रदर्शन पूरे देश में सबसे खराब है- बिजली की सुविधा से वंचित स्कूल पर चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि 78,120 में से 16,529 स्कूलों में अब भी बिजली नहीं है.कंप्यूटर रहित स्कूल और कुल 78,120 शासकीय स्कूलों में से मात्र 5,057 स्कूलों में कंप्यूटर हैं, अर्थात् मात्र 6.5% स्कूलों में यह सुविधा मौजूद है .

       बिहार में 2,637 स्कूल ऐसे हैं जहाँ सिर्फ एक शिक्षक है और इन स्कूलों में 2.91 लाख छात्र नामांकित हैं. वहीँ राज्य में 117 स्कूल ऐसे हैं जहाँ एक भी छात्र नहीं पढ़ता है, फिर भी इन स्कूलों में 544 शिक्षक तैनात हैं. स्कूलों से ⁠ड्रॉप-आउट रेट भी सबसे अधिक बिहार का ही है जिसमें प्राइमरी (1–5): 8.9%, अपर प्राइमरी (6–8): 25.9%, सेकेंडरी (9–10): 25.63% ड्रॉप-आउट रेट है.

      बिहार में कुल स्कूल और सरकारी हिस्सेदारी राज्य में कुल स्कूल पर चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि 94,686, कुल स्कूल में सरकारी स्कूल 78,120 हैं,  यानी लगभग 82% स्कूल सरकारी हैं. 2025-26 के बजट में बिहार सरकार ने 60,954 करोड़ रुपए शिक्षा पर खर्च करने का दावा किया, मगर सच्चाई यह है कि यह पैसा भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ जाता है.भाजपा जेडीयू सरकार ने उच्च शिक्षा में भी बिहार के भविष्य को बर्बाद कर दिया. AISHE 2021–22 (All India Survey on Higher Education) की हालिया रिपोर्ट ने बिहार में उच्च शिक्षा की दुर्दशा को फिर से उजागर कर दिया है.

     GER (Gross Enrolment Ratio) यानी कुल GER: 17.1% अर्थात, राज्य की 18–23 वर्ष की अनुमानित जनसंख्या 1.36 करोड़ है, लेकिन इनमें से केवल 23.33 लाख छात्र अंडर ग्रेजुएट में पढ़ रहे है .अर्थात 1.13 करोड़ युवा उच्च शिक्षा से वंचित है. देश में सबसे कम प्रति लाख जनसंख्या पर उच्च शैक्षणिक संस्थान बिहार में हैं जिसमें कुल 37 विश्वविद्यालय, 1092 महाविद्यालय, 315 स्टैंड-अलोन संस्थान के साथ कुल उच्च शिक्षण संस्थान 1,387 हैं लेकिन आबादी की तुलना में ये संख्या बेहद कम है.प्रति 1 लाख आबादी पर सिर्फ़ 7 कॉलेज हैं — जबकि राष्ट्रीय औसत 30 कॉलेज प्रति लाख है. यह पूरे भारत में सबसे कम है.

     पेपर लीक पर बोलते हुए कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह ने कहा कि युवाओं के भविष्य की लगाई बोली, पेपर माफिया की सत्ता से हमजोली! बिहार में भाजपा-जेडीयू की सत्ता की सरपरस्ती में सरकारी भर्तियों और प्रतियोगी परीक्षाओं में घोटालों का गोरख धंधा चल रहा है। पिछले सात वर्षों में प्रदेश में 10 से अधिक परीक्षा पेपर लीक के मामले सामने आ चुके हैं। नीचे हम पिछले वर्षों में सामने आए प्रमुख घोटालों की एक विस्तृत रिपोर्ट पेश कर रहे हैं:


 2017: सिपाही भर्ती परीक्षा का प्रश्नपत्र लीक हो गया था, जिसके कारण परीक्षा को रद्द करना पड़ा.इस मामले में  21 एफआईआर दर्ज की गयी. मगर जांच अभी भी जारी है.

2019 और 2021: इन वर्षों में बिहार पुलिस भर्ती परीक्षा के पेपर लीक हुए-

2021-22: बिहार उत्पाद विभाग की परीक्षा का पेपर भी लीक हो गया.ईओयू द्वारा जांच जारी है .2022: बहुचर्चित बीपीएससी 67वीं प्रारंभिक परीक्षा का प्रश्नपत्र लीक हो गया.इस मामले में 21 एफआईआर दर्ज की गयी मगर जाँच अभी जारी है.

2023: फरवरी 2023 में सिपाही भर्ती परीक्षा का पेपर लीक हो गया, जिसके चलते परीक्षा रद्द करनी पड़ी. ईओयू द्वारा BPSC के केंद्राधीक्षक को गिरफ्तार किया गया.

2023: अमीन भर्ती परीक्षा का प्रश्न पत्र सोशल मीडिया के जरिए वायरल हो गया था.इस मामले में पटना समेत कई जिलों में एफआईआर दर्ज की गयी.

2023: देशभर में बहुचर्चित NEET परीक्षा का पेपर भी लीक हो गया. पटना से पेपर आउट होने की पुष्टि .यह मामला पूरे देश में सुर्खियों में रहा.

2024: बीपीएससी शिक्षक भर्ती परीक्षा में पेपर लीक की पुष्टि हुई.

2024: राज्य स्वास्थ्य समिति की सीएचओ भर्ती परीक्षा में भी प्रश्न पत्र परीक्षा से पहले ही व्हाट्सऐप के जरिए लीक हो गया.

    भर्ती और प्रवेश परीक्षा का मोल लगाया, हर पेपर लीक कराया.बिहार में शिक्षा की गौरवशाली और वैभवशाली विरासत को कलंकित करने वाले “पेपर माफिया” का नेटवर्क लगातार सक्रिय होता जा रहा है.एक चौंकाने वाली मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, विभिन्न प्रतियोगी और भर्ती परीक्षाओं के लिए पेपर लीक करने और उसमें मदद दिलाने के बदले में प्रति छात्र भारी-भरकम रकम वसूली जाती है.इन माफियाओं का कारोबार हजारों करोड़ का है .

        नीचे दी गई सूची में विभिन्न परीक्षाओं के लिए पेपर माफिया द्वारा ली जाने वाली दरों का विवरण प्रस्तुत है:

NEET PG ₹70-80 लाख,NEET UG, ₹30-40 लाख, बैंकिंग परीक्षा (Bank PO) ₹15-20 लाख, एसएससी (SSC) ₹15-20 लाख, साक्षात्कार सहायक ₹25-30 लाख, पुलिस SI ₹25 लाख, पुलिस सिपाही ₹10-15 लाख ,पटवारी ₹10-15 लाख, टेट/रीट ₹10 लाख, अन्य ₹10 लाख.


       चुनाव आयोग के द्वारा चलाए जा रहे मतदाता सत्यापन पर बोलते हुए राज्यसभा सांसद दिग्विजय सिंह ने कहा कि बिहार में हो रहे वोटर लिस्ट पुनरीक्षण कार्य भाजपा के निर्देशन पर चुनाव आयोग की मनमानी है जिसमें केवल 28 दिनों में 11 दस्तावेजों के साथ मतदाता सत्यापन का जो दावा चुनाव आयोग कर रही है वो सीधे तौर पर गरीब, आदिवासी, युवा, बाढ़ प्रभावित जनता और पलायन का दंश झेल रहे मतदाताओं को आगामी बिहार विधान सभा चुनावों में मतदान से रोकने की कवायद है.

           संवाददाता सम्मेलन में पूर्व प्रदेश अध्यक्ष व विधान परिषद् में कांग्रेस के नेता डॉ मदन मोहन झा, राष्ट्रीय प्रवक्ता अभय दूबे, पूर्व कार्यकारी अध्यक्ष अशोक राम, प्रेमचंद मिश्र, पूर्व मंत्री अवधेश कुमार सिंह, मीडिया विभाग के चेयरमैन राजेश राठौड़, पूर्व विधायक प्रमोद सिंह, ब्रजेश प्रसाद मुनन, डॉ स्नेहाशीष वर्धन पाण्डेय, सौरभ सिन्हा, असित नाथ तिवारी, ज्ञान रंजन, रीता सिंह सहित अन्य नेतागण मौजूद रहें.


आलोक कुमार


Publisher ID: pub-4394035046473735
Site: chingariprimenews.blogspot.com

मंगलवार, 1 जुलाई 2025

 Configure HTML/JavaScript


Publisher ID: pub-4394035046473735

Site: chingariprimenews.blogspot.com

नवनियुक्त कोएड जुटर एलियास फ्रैंक हैं

 


पोप लियो 14वें ने धर्माध्यक्ष एलियस फ्रैंक को कलकत्ता महाधर्मप्रांत का नया सहायक महाधर्माध्यक्ष नियुक्त किया 

 नवनियुक्त कोएड जुटर एलियास फ्रैंक हैं

परमधर्मपीठीय उर्बानिया विश्वविद्यालय में कैनन लॉ में डॉक्टरेट की पढ़ाई की है

आसनसोल .यह बहुत ही कम लोगों के साथ होता है.कलकत्ता महाधर्मप्रांत विभक्त होने पर आसनसोल धर्मप्रांत में फादर एलियस फ्रैंक शामिल हो गये.फादर एलियस फ्रैंक को आसनसोल धर्मप्रांत के दूसरे धर्मप्रांत बनने का मौका मिला.अब कलकत्ता महाधर्मप्रांत के नये सहायक महाधर्माध्यक्ष कोएड जुटर नियुक्त हो गये.

    कलकत्ता महाधर्मप्रांत में 23 अप्रैल 1993 कांे फादर एलियस फ्रैंक का पुरोहिताभिषेक हुआ. इस बीच कलकत्ता महाधर्मप्रांत को विभक्त कर 1997 में आसनसोल धर्मप्रांत बनाया, तब वे इस नए धर्मप्रांत में शामिल हो गए.यह संयोग रहा कि वे असनसोल धर्मप्रांत का दूसरा धर्माध्यक्ष नियुक्त कर दिये गए. उनको 2023 में संत पापा फ्राँसिस ने धर्माध्यक्ष नियुक्त किये. अब वे कलकत्ता महाधर्मप्रांत में आ गये. वे केवल आए ही नहीं बल्कि कलकत्ता महाधर्मप्रांत का नया सहायक महाधर्माध्यक्ष नियुक्त कर दिए गये.पोप लियो 14वें ने 28 जून 2025 को कलकत्ता महाधर्मप्रांत का नया सहायक महाधर्माध्यक्ष नियुक्त कर दिये हैं.

    नवनियुक्त कलकता महाधर्मप्रांत के महाधर्माध्यक्ष के कोएड जुटर एलियास फ्रैंक का जन्म 15 अगस्त 1962 को मैंगलोर के बंटवाल धर्मप्रांत में हुआ था.बारासात में संत जॉन वियानी मेजर सेमिनरी में पढ़ाई के बाद, उन्होंने बैरकपुर के मॉर्निंग स्टार रीजनल सेमिनरी में दर्शनशास्त्र और रोम के परमधर्मपीठीय उर्बानिया विश्वविद्यालय में ईशशास्त्र का अध्ययन किया.23 अप्रैल 1993 को कलकत्ता महाधर्मप्रांत में उनका पुरोहिताभिषेक हुआ था.1997 में जब आसनसोल धर्मप्रांत  बना, तो वे इस नए धर्मप्रांत में शामिल हुए.

    अभिषेक के बाद सबसे पहले उन्होंने बर्दवान के सेक्रेड हार्ट पल्ली में सहायक पल्ली पुरोहित के रूप में कार्य किया (1993-1995 और 1996-1999) और बसिंडा के क्रिस्टो ज्योति पल्ली के पल्ली प्रशासक (1995-1996) की भूमिकाएँ निभाईं.उन्होंने कैनन लॉ में लाइसेंसिएट (1999-2001) और रोम के परमधर्मपीठीय उर्बानिया विश्वविद्यालय में न्यायशास्त्र में डिप्लोमा के लिए अध्ययन किया। दुर्गापुर में येसु की छोटी संत तेरेसा पल्ली के पल्ली प्रशासक (2002-2003) के रूप में सेवा करने के बाद उन्होंने परमधर्मपीठीय उर्बानिया विश्वविद्यालय (2003-2004) में कैनन लॉ में डॉक्टरेट की पढ़ाई की. उसके बाद बर्दवान में सेक्रेड हार्ट पल्ली के पल्ली पुरोहित और कलकत्ता के अंतर-धर्मप्रांतीय ट्रिब्यूनल में न्यायाधीश (2005-2006) और रोम के अलफोंसियानुम अकादमी में अतिथि प्रोफेसर (2020 से) रहे. उन्होंने दिव्य उपासना और संस्कारों के अनुशासन के लिए गठित विभाग के सलाहकार, विश्वास के सिद्धांत के लिए विभाग में विवाह मामलों के आयुक्त और रोम भिखारियेट के न्यायालय में बाहरी न्यायाधीश के रूप में भी काम किया है.


आलोक कुमार


The Configure Featured Post option in Blogger allows you to highlight a selected post prominently on

चिंगारी प्राइम न्यूज़

 About Us | चिंगारी प्राइम न्यूज़ Chingari Prime News एक स्वतंत्र हिंदी डिजिटल न्यूज़ और विचार मंच है, जिसका उद्देश्य सच्ची, तथ्यपरक और ज़मी...

How to Configure Popular Posts in Blogger The Popular Posts widget highlights your most viewed post