रविवार, 7 दिसंबर 2025

कलकत्ता महाधर्मप्रांत में है अवर लेडी ऑफ द मोस्ट होली रोजरी कैथेड्रल, मुर्गीहाटा

 

कलकत्ता महाधर्मप्रांत में है अवर लेडी ऑफ द मोस्ट होली रोजरी कैथेड्रल, मुर्गीहाटा

अवर लेडी ऑफ़ द मोस्ट होली रोज़री कैथेड्रल, मुर्गीहाटा

कलकत्ता . कलकत्ता महाधर्मप्रांत केआर्चबिशप एलियास फ्रैंक का कोट ऑफ़ आर्म्स कैथेड्रा पर स्थापित; आर्चडायोसीज़ के नए अध्याय का औपचारिक उद्घोष.मुर्गीहाटा — अवर लेडी ऑफ़ द मोस्ट होली रोज़री कैथेड्रल में आज एक महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक क्षण का साक्षात्कार हुआ, जब 1 दिसंबर 2025 को कैथेड्रा—बिशप की आधिकारिक सीट—के ऊपर नवनियुक्त  आर्चबिशप एलियास फ्रैंक का कोट ऑफ़ आर्म्स औपचारिक रूप से स्थापित किया गया.इस समारोह ने आर्चडायोसीज़ ऑफ़ कलकत्ता में उनके आध्यात्मिक नेतृत्व के नए दौर की शुरुआत को सार्वजनिक रूप से प्रतीकात्मक स्वीकृति प्रदान की.

कैथेड्रा: अधिकार, सेवा और शिक्षण का प्रतीक

कैथोलिक परंपरा में कैथेड्रा केवल एक भव्य कुर्सी नहीं, बल्कि बिशप के शिक्षण अधिकार (Magisterium), पादरी नेतृत्व और सेवा की प्रतिबद्धता का केंद्र माना जाता है. इसी कैथेड्रा से बिशप अपने समुदाय को मार्गदर्शन देते हैं, और इसी कारण किसी चर्च को कैथेड्रल की उपाधि प्राप्त होती है.कैथेड्रल के मुख्य वेदी–संग्रह के मध्य स्थित कैथेड्रा पर आर्कबिशप फ्रैंक का कोट ऑफ़ आर्म्स लगना इस बात का संकेत है कि यह सीट अब आधिकारिक रूप से उनके पादरी नेतृत्व के अधीन है.

कोट ऑफ़ आर्म्स और उसका आध्यात्मिक संदेश

आर्चबिशप एलियास फ्रैंक का कोट ऑफ़ आर्म्स गहरे आध्यात्मिक अर्थों और प्रतीकों से निर्मित है। इसके केंद्रीय तत्व ईसाई मूल्यों, पवित्र शास्त्र और पादरी सेवा को दर्शाते हैं। सबसे प्रमुख है इसका ध्येय वाक्य—"Non Ministrari Sed Ministrare" —"मेरी सेवा न की जाए, बल्कि मैं सेवा करूँ"यह वाक्य  आर्चबिशप के पादरी दृष्टिकोण और उनकी आध्यात्मिक प्राथमिकताओं—समर्पण, करुणा और विनम्रता—को स्पष्ट रूप से दर्शाता है.

धार्मिक और ऐतिहासिक महत्व

कोट ऑफ़ आर्म्स की स्थापना केवल एक सौंदर्यात्मक कार्य नहीं, बल्कि चर्च की परंपरा में गहरे अर्थ रखने वाला संस्कारात्मक क्षण है। यह बिशप और उनके समुदाय के बीच संबंधों का औपचारिक नवीनीकरण करता है और यह घोषणा भी करता है कि नया पादरी नेतृत्व अब पूरी तरह अपने उत्तरदायित्वों को ग्रहण कर चुका है.समारोह के दौरान स्थानीय पादरियों, धार्मिक संघों, कैथेड्रल के विश्वासी समुदाय और विभिन्न चर्च संगठनों के प्रतिनिधियों ने उपस्थिति दर्ज की। सभी ने इस नए अध्याय का हर्षोल्लास के साथ स्वागत किया.

आर्चडायोसीज़ के लिए नए युग की शुरुआत

आर्चबिशप एलियास फ्रैंक का कोट ऑफ़ आर्म्स कैथेड्रा पर स्थापित होना न केवल एक परंपरा का निर्वाह है, बल्कि आने वाले समय में आर्चडायोसीज़ की आध्यात्मिक दिशा, सामुदायिक सहभागिता और पादरी सेवा की दृष्टि के लिए एक सुदृढ़ आधार भी स्थापित करता है.यह समारोह इस विश्वास के साथ संपन्न हुआ कि  आर्चबिशप फ्रैंक के नेतृत्व में आर्चडायोसीज़ नई ऊर्जा, करुणा और समर्पण के साथ आगे बढ़ेगा.

आलोक कुमार

Publisher ID: pub-4394035046473735

Site: chingariprimenews.blogspot.com

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

welcome your comment on https://chingariprimenews.blogspot.com/

The Configure Featured Post option in Blogger allows you to highlight a selected post prominently on

How to Configure Popular Posts in Blogger The Popular Posts widget highlights your most viewed post