डॉक्टर अनुपमा के कर्तव्यनिष्ठा से अन्य पदाधिकारी एवं कर्मियों को प्रेरणा लेनी चाहिए
बगहा व हरनाटांड़ पीएचसी में मरीजों को देख बगहा एसडीएम बनीं डॉक्टर
आला लगा मरीजों का किया इलाज
चिकित्सक एवं स्वास्थ्य कर्मियों को दिए कई निर्देश
बगहा । डॉ0 अनुपमा सिंह, आज किसी परिचय की मोहताज नहीं हैं। कड़ी मेहनत और डेटरमिनेशन की बदौलत डॉ0 अनुपमा सिंह ने एक के बाद एक कीर्तिमान स्थापित करते हुए एमबीबीएस, एमएस के साथ ही अपने पहले ही प्रयास में 2020 में आइएएस ऑफिसर बनी।
कई बार ऐसा भी हुआ है कि डॉ0 अनुपमा सिंह अस्पतालों में एक एसडीएम की हैसियत से नहीं बल्कि एक डॉक्टर के रूप में कार्य करने पहुंच जाती हैं। मरीजों के बीच जाती हैं। स्वयं उनकी बीमारी के बारे में जानकारी लेती हैं और इलाज शुरू कर देती हैं। उनके कार्यों को देखते हुए डॉक्टर और स्वास्थ्य कर्मी मरीजों के इलाज एवं देखभाल में तत्परता से जुट जाते हैं।
आज मंगलवार को एसडीएम पीएचसी बगहा एवं हरनाटांड़ पीएचसी का निरीक्षण करने पहुंची। वहां पहुंचते ही वे एक अधिकारी के रूप में नहीं बल्कि डॉक्टर के रूप में नजर आयीं। पहले वहां मौजूद कई महिला मरीजों का स्वयं जांच और इलाज भी की। उसके बाद उन्हें संबंधित बीमारियों के लिए दवाईयां भी लिखीं। मरीजों के इलाज के बाद पीएचसी प्रभारियों को कई आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिया। उन्होंने कहा कि जब मरीज आएं तो पहले उनके बैठने की उचित व्यवस्था हो। इलाज की बेहतर व्यवस्था हो। इसमें किसी भी तरह की लापरवाही, कोताही बर्दाश्त नहीं की जायेगी।
आलोक कुमार



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