अपने संबोधन में बिहार की मांटी में सामाजिक न्याय के पुरोधा
लालू प्रसाद यादव जी जैसे महामानव के सानिध्य से जननायक के रूप में उभरे तेजस्वी प्रसाद यादव जी और विकास पुरुष के नाम से ख्याति प्राप्त श्रीमान नीतीश कुमार जी जैसे मुख्यमंत्री के साथ-साथ अपनी दादी इंदिरा और पिता राजीव जैसे को भारत की माटी को माटी को अपना लहू पिलाते देखकर परवरिश पाये देश की अखण्डता को आतुर जननेता श्रीमान राहुल गांधी जी की दृढ़ इच्छाशक्ति प्राप्त हो वहां की जनता कैसे अपने वाजिब अधिकार से वंचित रह सकती है।
वर्तमान में सम्पन्न हुए जातीय जनगणना ने न केवल बिहार अपितु ही राष्ट्र की जातीय व्यवस्था और उनकी अवष्यकता राष्ट्र मंच पर उभारने का काम किया है। जिसके मद्देनजर अब राष्ट्रीय जनता दल और जनता दल यूनाइटेड के साथ भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस पार्टी की गठबंधन सरकार की सम्यक नीति ने संविधान में वर्णित समता के अधिकार को फलीभूत करते हुए जिनकी जितनी आबादी उनकी उतनी भागीदारी को प्रस्तुत करने का कार्य किया है जो कि प्रशंसनीय है बिहार सरकार की यह योजना और नीति तब इस बात को चरितार्थ करेगी जब यह योजना और संपूर्ण राष्ट्र में लागू होकर देश की जनता को उनके वाजिब हक से रूबरू कराने का काम करेगी तो यह कहते हुए हमें गर्व होगा की बिहार जागे देश आगे। इस विधेयक के सरजमी पर उतरने से पिछड़े अति पिछडे और दलितों को 15 प्रतिशत का अतिरिक्त लाभ राहुल गांधी जी की दलित उत्थान मनसा को अग्रदूत करेगी।जबकि 10 प्रतिशत के साथ सामान्य वर्ग के आर्थिक पिछड़ों को आगे बढ़ाने में मददगार सिद्ध होगी जो कि देश के हित में है।
आलोक कुमार
.jpeg)
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें
welcome your comment on https://chingariprimenews.blogspot.com/