नाज़रेथ अस्पताल एससीएन सिस्टरों के द्वारा संचालित है

नाज़रेथ अस्पताल एससीएन सिस्टरों के द्वारा संचालित है

मोकामा. एक ऐतिहासिक जगह है, और यहाँ "माइनर बासिलिका" (Minor Basilica) है, जिसे आवर लेडी ऑफ डिवाइन ग्रेस चर्च के नाम से भी जाना जाता है. यह चर्च उत्तर भारत का दूसरा माइनर बासिलिका है और 200,000 से अधिक भक्तों को आकर्षित करता है.
इसी के बगल में एससीएन सिस्टरों के द्वारा संचालित नाज़रेथ अस्पताल है.इसका 64 से अधिक वर्षों का सुनहरा इतिहास है.13 साल पूर्व एससीएन सिस्टरों ने 2012 में कर्मचारियों की कमी और श्रमिक संघों के साथ समस्याओं के कारणों को लेकर अस्पताल को बंद कर दिया.जिसके कारण अस्पताल कलंकित हो गया.
अस्पताल बंद होने से पचास से अधिक कर्मियों को नौकरी से हाथ धोना पड़ा.सभी कर्मी रोड पर आ गए.उनमें कई कर्मियों की अकाल मौत हो गई.
यहां स्पष्ट है कि अस्पताल प्रबंधन ने अस्पताल को बंद करने का मुख्य कारण श्रमिक संघों के साथ समस्याओं को बताया.कुछ वर्षों के बाद अस्पताल को पुन: खोल दिया गया.
इस संदर्भ में कुंदन कुमार ने 21 दिसंबर, 2023 को सुबह 4:58 बजे लिखा कि अब यहाँ किसी भी इलाज के लिए बहुत ज़्यादा पैसे लिए जाते हैं, बिल्कुल प्राइवेट अस्पताल की तरह.अब यह दान नहीं बल्कि व्यापार बन गया है.
वहीं अंकित कुमार ने 1 मई, 2021 को सुबह 3:55 बजे लिखा कि इस अस्पताल को फिर से खोलने के लिए कुछ प्रयास करें...मोकामा के लोगों को इस प्रतिष्ठित अस्पताल की जरूरत है..
श्रीदेव ने 4 मई, 2021 को दोपहर 12:17 बजे लिखा था कि भारत में यह महामारी का समय है.
मैं आपसे निवेदन करता हूँ कि कृपया मोकामा में नाज़रेथ अस्पताल को फिर से खोल दें.मेरा पूरा परिवार इस कोविड वायरस से संक्रमित है, लेकिन यहाँ 100 किलोमीटर के आस-पास कोई बड़ा अस्पताल नहीं है जहाँ हम अपना इलाज करा सकें.इस क्षेत्र के लाखों लोगों को इस अस्पताल की ज़रूरत है.कृपया हमारी आवाज़ और दर्द सुनें.
महामारी के समय क्रूर बनकर नहीं खोला गया.

मां मरियम के लिए रोजरी प्रार्थना करते हैं


 ईसाई समुदाय मई महीने को मां मरियम को समर्पित कर प्रार्थना करते हैं

हे ! मरिया के लड़कों आया मई महीना मिलके माता पास आओ उससे करने प्रार्थना गाना गाते हैं

पटना.ईसाई समुदाय, विशेषकर कैथोलिक, मई महीने को मां मरियम (मेरी) को समर्पित करते हैं और उनके सम्मान में प्रार्थना करते हैं. इस महीने को ‘मई का महीना‘ या ‘मेरी का महीना‘ भी कहा जाता है.

    मई में, ईसाई समुदाय, विशेषकर कैथोलिक, मां मरियम के लिए रोजरी प्रार्थना करते हैं, जो एक विशेष प्रार्थना है जो मां मरियम के जीवन और मसीह के जीवन से जुड़ी घटनाओं के बारे में है.

     बाइबिल के पवित्र सुसमाचारों में हुए घटनाक्रम, चमत्कारों, रहस्यों, प्रार्थनाओं और प्रभु येसु के क्रियाकलापों को जोड़कर रोजरी माला के चार भेदों का रूप दिया गया है.ये चार भेद हैं- आंनद का भेद, दुख का भेद, ज्योति का भेद और महिमा का भेद. हर भेद में पांच रहस्य होते हैं। इन रहस्यों पर मनन करते हुए कैथोलिक समुदाय मां मरियम की भक्ति के जरिए प्रभु येसु के जीवन पर ध्यान करता है.यह सरल सी प्रार्थना मां मरियम के माध्यम से लोगों को ईश्वर से जोड़ती है.मां मरियम के बहुत से भक्त रोजरी माला को अपने गले और हाथ की कलाई में बांधते हैं ताकि मां का आशीष हमेशा उन पर बना रहे.इस पवित्र माला के द्वारा ईश्वरीय वरदानों का भंडार भक्तों के लिए खुल जाता है और कई प्रकार के कृपादानों से मां के जरिए ईश्वर अपने भक्तों की झोली में खुशियां भर देता है.


आलोक कुमार

न्यूनतम पेंशन 7,500 रुपये और मुफ्त स्वास्थ्य सुविधाओं की मांग

पटना .राष्ट्रीय संघर्ष समिति के अध्यक्ष कमांडर अशोक रावत हैं.उनके द्वारा 78 लाख पेंशनधारियों की हित में न्यूनतम पेंशन में वृद्धि करने की मांग को लेकर दस वर्षों से अहिंसात्मक आंदोलन किया जा रहा है.परिवर्तित महंगाई भत्ता सहित 7,500 रुपये की न्यूनतम पेंशन लागू करने और पति-पत्नी को निःशुल्क चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की जार रही है.जो सर्वोच्च न्यायालय के निर्णय के अनुसार ही है. बिना किसी भेदभाव के सभी को अधिक पेंशन दी जानी चाहिए और दी जाने वाली पेंशन को पेंशन वृद्धि के बकाया से समायोजित किया जाना चाहिए.
     एनडीए सरकार के मुखिया ने ईपीएस 95 के पेंशनधारियों को मझधार में डालकर रख दिया है.एक हजार रूपए की वृद्धि करने का ऐलान के बाद मौनधारण कर लिए है.वहीं सोशल मीडिया यूट्यूबके द्वारा एनडीए सरकार के पक्ष में मनगढ़त खबर पेंशनधारियों को परोसकर दिल का धड़कन बढ़ाने का कार्य कर रहा है.उनके द्वारा कभी दो हजार, तीन हजार, पांच हजार,सात हजार,साढ़े सात हजार,नौ हजार और दस हजार रूपए का सपना दिखाते रहते हैं. इस संदर्भ में रंजीत सिंह कहते हैं कि अभी पेंशन नहीं होनी है झूठ मत बोलो सब लोग गरीब लोग पेंशन लोग सब पक गए आपकी झूठ सुनते -सुनते उचित योग के अपने चैनल को बंद रखें अपनी जुबान पर लगाने जब तक सर्कुलर ना हो जाए तब तक चुप बैठो झूठ मत भरोसे.
     पेंशनधारकों ने वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से मुलाकात कर न्यूनतम पेंशन 7,500 रुपये और मुफ्त स्वास्थ्य सुविधाओं की मांग की. इस बैठक की अगुवाई ईपीएस 95 राष्ट्रीय आंदोलन समिति (एनएसी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष कमांडर अशोक राउत ने की. उनको उम्मीद है कि सरकार आगामी बजट 2025 में न्यूनतम पेंशन बढ़ाने और महंगाई भत्ता देने की घोषणा करेंगी.


आलोक कुमार

बिहार का लाल ने प्यारा शतक लगाकर फेंस को कर दिया खुश

 


पटना.बिहार का लाल वैभव सूर्यवंशी है. इस समय आईपीएल में राजस्थान रॉयल्स की ओर से खेल रहा है.इसे राजस्थान राॅयल्स की खोज कहा जा रहा है.जो 14 वर्ष में ही शानदार इतिहास रच दिया है.आईपीएल में शतक जड़ने वाले सबसे युवा क्रिकेटर वैभव बन गए. सूर्यवंशी ने गुजरात टाइटंस के खिलाफ मैच में 35 गेंद में शतक पूरा किया जिसमें 11 छक्के और सात चैके लगाए.आईपीएल के इतिहास का यह दूसरा सबसे तेज शतक है.वह पुरूष टी20 क्रिकेट में शतक लगाने वाले सबसे युवा खिलाड़ी भी बने. वह 37 गेंद में 101 रन बनाकर आउट हुए.

  आईपीएल में सबसे तेज शतक का रिकॉर्ड वेस्टइंडीज के क्रिस गेल के नाम है, जिन्होंने अप्रैल 2013 में पुणे वारियर्स के खिलाफ रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरू के लिए 30 गेंद में शतक जमाया था.सूर्यवंशी आईपीएल में सबसे तेज शतक लगाने वाले भारतीय बल्लेबाज बने जिन्होंने युसूफ पठान का रिकॉर्ड तोड़ा.पठान ने 2010 में मुंबई इंडियंस के खिलाफ राजस्थान रॉयल्स के लिए 37 गेंद में शतक बनाया था.आईपीएल के इस सत्र में पंजाब किंग्स के सलामी बल्लेबाज प्रियांश आर्य ने चेन्नई सुपर किंग्स के खिलाफ 39 गेंद में शतक जमाया जबकि सनराइजर्स हैदराबाद के अभिषेक शर्मा ने पंजाब किंग्स के खिलाफ 40 गेंद में सैकड़ा जड़ा था.

     जीत के बाद वैभव सूर्यवंशी ने कहा कि पिछले तीन चार महीने से वह इसके लिए मेहनत कर रहे थे जो रंग लाई है.उनके शतक के दम पर राजस्थान रॉयल्स ने जीत के लिए 210 रन का लक्ष्य 25 गेंद बाकी रहते हासिल कर लिया.उन्होंने कहा ,‘‘बहुत अच्छा लग रहा है. यह तीन पारियों में आईपीएल में मेरा पहला शतक है.मैं पिछले तीन चार महीने के इसके लिए मेहनत कर रहा था जिसका फल मिला है." उन्होंने कहा, ‘‘मैं मैदान को ज्यादा नहीं देखता, बस गेंद पर फोकस रखता हूं."


आलोक कुमार


नीतीश भाजपा के गुंडाराज में पुलिस असुरक्षित : राजेश राम



सूबे में पुलिस व सत्तारूढ़ दल के नेता पर हो रहे हमले दे रहे हैं गुंडाराज के स्पष्ट संदेश:  राजेश राम

नीतीश भाजपा के गुंडाराज में पुलिस असुरक्षित :  राजेश राम’

पटना. विगत चौबीस घंटों में बिहार में स्थापित नीतीश भाजपा राज के गुंडाराज को सत्ता संरक्षित अपराधियों ने और मजबूत किया है. अपराधियों का मनोबल इतना बढ़ चुका है कि कार्रवाई करने गई पुलिस को बंधक बनाने से लेकर उसके साथ मारपीट तक सूबे के विभिन्न हिस्सों में की जा रही है। ये बातें बिहार कांग्रेस के अध्यक्ष राजेश राम ने कही.
              बिहार कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम ने कहा कि पिछले 24 घंटे में अपराधियों के द्वारा सूबे के विभिन्न हिस्सों में किए गए अपराध की फेहरिस्त उठा के देख लीजिए कि कैसे उन्होंने नीतीश भाजपा के गुंडाराज में आम लोगों के रक्षार्थ लगी पुलिस को निशाना बनाया है तो वहीं सत्तारूढ़ दल जनता दल यूनाइटेड के नेता तक को मुजफ्फरपुर के मिठनपुरा में अपराधियों ने ताबड़तोड़ गोलियों की बौछार कर दी। गनीमत रहा कि गोलियां उन्हें नहीं लगी लेकिन अपराधी घटना को अंजाम देने के बाद आराम से बाइक पर जाते सीसीटीवी कैमरों में दिख रहे हैं बावजूद इसके कोई गिरफ्तारी नहीं हुई.
            बिहटा परेव गांव की घटना पर बोलते हुए अध्यक्ष राजेश राम ने कहा कि स्क्रैप तस्कर को पकड़ने गई पुलिस को बंधक बना लिया गया फिर पथराव और मारपीट किया गया. घंटों तक तीन पुलिसकर्मियों को बंधक बनाया गया और जब थानेदार आएं तो उनके साथ मारपीट और हाथापाई हुई.वहीं कटिहार जिले में शराब तस्कर को छुड़ाने पहुंचे भाजपा के प्रखंड अध्यक्ष सह मुखिया और उनके सैंकड़ों समर्थकों ने थाने में थाना प्रभारी और अपर प्रभारी सहित अन्य पुलिसकर्मियों से मारपीट की.साथ ही प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम ने आंकड़े पेश करते हुए कहा कि बिहार में हर रोज 953 अपराध हो रहे हैं जिसमें 8 हत्याएं, 33 अपहरण, 136 जघन्य अपराध, 55 महिला अपराध, 28 महिलाओं के अपहरण, दो से ज्यादा बलात्कार, 17 बच्चों के अपहरण शामिल हैं.ये घटनाएं बताने को काफी हैं कि राज्य में गुंडाराज स्थापित किया गया है और इसे सरकारी संरक्षण प्राप्त है.

आलोक कुमार

बिहारी प्रतिभाओं को दरकिनार कर बाहरियों को पद देती है बिहार सरकार : राजेश राम

 बिहारी प्रतिभाओं को दरकिनार कर बाहरियों को पद देती है बिहार सरकार : राजेश राम

बीपीएससी अभ्यर्थियों के साथ खड़ी है कांग्रेस, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम ने बीपीएससी चेयरमैन के नियुक्ति पर उठाए सवाल

बाहर से आकर राज्य के प्रमुख शैक्षणिक संस्थाओं में बैठे सर्वोच्च पदाधिकारी कर रहे हैं धांधली  :राजेश राम

पटना,आलोक कुमार 70वीं बीपीएससी के प्रारंभिक परीक्षा में धांधली पर माननीय सर्वोच्च न्यायालय के फैसले के बाद प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम ने बीपीएससी के चेयरमैन पर सवाल उठाते हुए कहा कि गुजरात में मूल निवासी चेयरमैन पर कई धांधली के आरोप हैं और सर्वोच्च न्यायालय के फैसले के बाद भी कांग्रेस पार्टी अभ्यर्थियों के पक्ष में खड़ी रहेगी और उनकी लड़ाई को लड़ेगी. हमारी सरकार आई तो इस परीक्षा में हुई धांधली की जांच भी कराई जाएगी. साथ ही उन्होंने कहा कि बिहार के सभी उच्च शिक्षण संस्थान, विश्वविद्यालय और शैक्षणिक केंद्र पर लगभग बिहार के बाहर से आकर राजभवन के माध्यम से पदाधिकारी नियुक्ति पाएं हुए हैं और उन्होंने बिहार को धांधली का अड्डा बनाकर अपने पद का दोहन किया है. आज प्रदेश कांग्रेस के मुख्यालय, सदाकत आश्रम में आयोजित संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम ने बीपीएससी अभ्यर्थियों के साथ बिहार के खराब शैक्षणिक व्यवस्था पर सरकार और राजभवन पर हमलावर दिखें.

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम ने कहा कि बीपीएससी की 70वीं प्रारंभिक परीक्षा में व्यापक स्तर पर हुई अनियमितताओं, प्रश्नपत्र लीक,  एसओपी के उल्लंघन और परीक्षा प्रक्रिया में गंभीर खामियों को लेकर हजारों छात्रों ने न्याय की उम्मीद में माननीय सर्वोच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया.छात्रों की इस याचिका में यह मांग रखी गई थी कि परीक्षा को या तो पूर्ण रूप से रद्द किया जाए या सभी अभ्यर्थियों के लिए समान रूप से पुनः परीक्षा आयोजित की जाए, क्योंकि एक ही परीक्षा के दो अलग-अलग सेट्स और चयन दरों के बीच का असंतुलन संविधान के अनुच्छेद 14 और 16 का घोर उल्लंघन है.

हालांकि, माननीय सर्वोच्च न्यायालय ने इस याचिका को स्वीकार नहीं किया और हाईकोर्ट के उस आदेश को बरकरार रखा जिसमें परीक्षा प्रक्रिया को वैध ठहराया गया था.हम भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस में मानते हैं कि देश की सर्वोच्च अदालत का निर्णय अंतिम होता है और उसका सम्मान करना लोकतंत्र में हमारी जिम्मेदारी है, क्योंकि वही हमारी न्यायिक व्यवस्था की रीढ़ है.

प्रदेश युवा कांग्रेस के अध्यक्ष शिव प्रकाश गरीब दास ने कहा कि माननीय सर्वोच्च न्यायालय का हम सम्मान करते हैं लेकिन यह भी उतना ही सत्य है कि इस मामले में साफ धांधली दिख रही है और हम चुप नहीं बैठेंगे.भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस छात्रों की इस लड़ाई को सिर्फ अदालत में नहीं, हर मंच पर लड़ेगी-सड़क से संसद तक, न्यायालय से जन-जागरण तक. हम इस निर्णय की समीक्षा के लिए पुनर्विचार याचिका या अन्य उपलब्ध कानूनी उपायों का सहारा लेंगे. यह केवल परीक्षा की बात नहीं है, यह युवा भारत के भविष्य की बात है-और हम किसी भी कीमत पर अपने युवाओं के अधिकारों से समझौता नहीं करेंगे.

संवाददाता सम्मेलन में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम, युवा कांग्रेस के अध्यक्ष शिव प्रकाश गरीब दास, मीडिया विभाग के चेयरमैन राजेश राठौड़, डॉ संजय यादव, सौरभ सिंहा सहित अन्य कांग्रेसजन उपस्थित रहें.


आलोक कुमार


आतंकवादियों ने निर्दयता और निर्ममतापूर्वक नृशंस हत्या की

 आतंकवाद के खिलाफ निंदा प्रस्ताव




पटना. हम बिहार प्रांत के इंडिया गठबंधन (भारतीय राष्ट्रीय विकासशील समावेशी गठबंधन) के सभी दल एक स्वर में कश्मीर के पहलगाम के बैसरन में हुए आतंकी हमले की कठोर भर्त्सना करते हैं.यह पाकिस्तान-परस्त आतंकवादी अमानवीय और कायराना हमला भारत माँ की अस्मिता पर सीधा प्रहार है.देश के विभिन्न प्रांतों से कश्मीर गए पर्यटकों की आतंकवादियों ने निर्दयता और निर्ममतापूर्वक नृशंस हत्या की है, जिसमें हमारे बिहार के रोहतास जिले के रहने वाले मनीष रंजन जी भी शामिल हैं.

हम मारे गए सभी पर्यटकों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं और प्रार्थना करते हैं कि मृतकों के परिजनों को ईश्वर संबल प्रदान करे.हम भारत सरकार से अपील करते हैं कि वो

 आतंकवाद के खिलाफ दृढ़ता से कठोरतम कार्यवाही कर उसे जड़ से उखाड़ फेंके.

            आज प्रतिपक्ष दल होने के नाते हमें अपने प्रजातांत्रिक दायित्वों का भान भी होना चाहिए. इसलिए देश और बिहार की जनता के मन में उठ रहे कुछ यक्ष प्रश्न हम बिहार की और देश की सरकार से पूछना चाहते हैं.इन प्रश्नों की प्रासंगिकता इसलिए और अधिक हो जाती है क्योंकि प्रधानमंत्री जी आज एक राजनीतिक कार्यक्रम में बिहार आए हैं.

1. जम्मू कश्मीर के पहलगाम में आतंकी हमले में मारे गए नेवी के शहीद लेफ्टिनेंट विनय नरवाल की बहन सृष्टि ने कहा -  ‘‘विनय 1 घंटा, 30 मिनिट तक जिंदा थे, लेकिन कोई मदद के लिए नहीं आया’’.

2. प्रश्न यह उठता है कि जब एक ही स्थान पर लगभग दो हजार पर्यटक मौजूद थे, तो उनकी सुरक्षा के इंतजाम क्यों नहीं किए गए? उनके लिए एक भी सुरक्षाकर्मी क्यों मौजूद नहीं था?

3. जबकि सरकार को यह पता था कि जम्मू कश्मीर में 2014 से अब तक 3,982 आतंकी घटनाएं हुई हैं, जिनमें 413 आम लोगों की हत्याएं हुई हैं और 630 सुरक्षा बल के लोग शहीद हुए हैं.इस गंभीर लापरवाही की जिम्मेदारी कौन लेगा?

4. केंद्र सरकार राजनीतिक प्रतिशोध की भावना से तमाम विपक्षी नेताओं के पीछे देश की अधिकांश जाँच एजेंसियां लगाती है, लेकिन आतंकियों के पीछे ये ऐसा क्यों नहीं कर पाती? आतंकियों के खिलाफ सरकार की Intelligence  और  Surveillance क्यों फेल हो जाती है?

5. पुलवामा कांड की जांच का क्या हुआ? पुलवामा कांड को 6 वर्ष से अधिक हो गए हैं, लेकिन उनकी जांच की प्रगति जीरो है.सरकार ने अब तक यह क्यों नहीं बताया कि 200-300 किलो आरडीएक्स कहाँ से आया? सीआरपीएफ के वीर शहीदों और उनके परिजनों को क्या न्याय मिला?

6. जम्मू-कश्मीर में आतंकियों द्वारा समय-समय पर बिहार के अनेक श्रमिक भाइयों की हत्या की गयी है. सरकार बताए इसका जिम्मेदार कौन है? श्रमिक भाइयों के परिजनों के लिए उन्होंने क्या किया?

7. सरहद पार से आतंकी देश में आ रहे हैं, तो यह देश की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ है. यह बहुत बड़ा Security Lapse है.पहलगाम में आतंकियों ने आकर रेकी भी की होगी, वारदात की जगह भी चुनी होगी, लेकिन इस बीच हमारा Intelligence System क्या कर रहा था? उनकी जवाबदेही कौन तय करेगा?

8. भारतीय जनता पार्टी, केंद्र सरकार और गोदी मीडिया के द्वारा आतंकी घटना को सांप्रदायिक रंग देना सरकारी की नाकामी का प्रत्यक्ष प्रमाण है। बीजेपी की ऐसी पहल देश, संविधान, लोकतंत्र और मानवता के लिए घातक है। महागठबंधन इसकी निंदा करता है.

9. क्या बिहार की सरकार ने कश्मीर में पर्यटन के लिए गए अपने नागरिकों की मदद के लिए कोई हेल्पलाइन नंबर जारी किया? क्या अपने किसी मंत्री की तैनाती वहां की ताकि बिहार के नागरिकों की सुरक्षित वापसी सुनिश्चित की जा सके ?

10. क्या बिहार सरकार प्रधानमंत्री की रैली में इतनी व्यस्त थी कि उसे अपने नागरिकों की सुध लेने का भी समय नहीं था?


आलोक कुमार

Bihar : पवित्र मिस्सा और आठ बच्चों के प्रथम परमप्रसाद के साथ मनाया गया पल्ली दिवस

  बेतिया पल्ली में मरियम के जन्मोत्सव पर आस्था का उत्सव प्रार्थना, पवित्र मिस्सा और आठ बच्चों के प्रथम परमप्रसाद के साथ मनाया गया पल्ली दिवस...