शनिवार, 2 सितंबर 2023

आदमकद प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित



पूर्व मुख्यमंत्री स्व० दारोगा प्रसाद राय की जयंती पर मुख्यमंत्री ने उन्हें नमन किया

पटना. मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार ने पूर्व मुख्यमंत्री स्व० दारोगा प्रसाद ने राय की जयंती के अवसर पर नया सचिवालय परिसर के समक्ष स्थित स्व० दारोगा प्रसाद राय जी की आदमकद प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की.

      इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री श्री तेजस्वी प्रसाद यादव, बिहार विधानसभा के उपाध्यक्ष श्री महेश्वर हजारी, वित्त, वाणिज्य कर एवं संसदीय कार्य मंत्री श्री विजय कुमार चौधरी, भवन निर्माण मंत्री श्री अशोक चौधरी, विज्ञान एवं प्रावैधिकी मंत्री श्री सुमित कुमार सिंह, राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री श्री आलोक कुमार मेहता, अनुसूचित जाति / जनजाति कल्याण मंत्री श्री रत्नेश सादा, खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री श्रीमती लेशी सिंह, परिवहन मंत्री श्रीमती शीला कुमारी, विधायक श्री राजकुमार सिंह, विधान पार्षद श्री संजय कुमार सिंह उर्फ गांधीजी, विधान पार्षद श्रीमती कुमुद वर्मा, पूर्व मंत्री एवं स्व० दारोगा प्रसाद राय के सुपुत्र श्री चंद्रिका राय एवं उनके परिजन, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव डॉ० एस० सिद्धार्थ, बिहार राज्य नागरिक परिषद के पूर्व महासचिव श्री अरविंद कुमार सिंह सहित अनेक गणमान्य व्यक्तियों ने स्व० दारोगा प्रसाद राय जी की आदमकद प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की.

      इस अवसर पर सूचना एवं जन सम्पर्क विभाग के कलाकारों द्वारा आरती पूजन तथा बिहार गीत का गायन भी किया गया. कार्यक्रम के पश्चात् पत्रकारों से बातचीत करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि मुंबई में इंडिया गठबंधन की खूब अच्छी मीटिंग हुई है. प्रेस कॉन्फ्रेंस में सभी पार्टी के नेताओं ने अच्छे तरीके से अपनी-अपनी बातें रखीं. हम सब एकजुट होकर आगे काम करेंगे. हमलोग आपस में चुनाव लड़ने को लेकर कल ही तय कर चुके हैं. केंद्र सरकार द्वारा लोकसभा और विधानसभा का चुनाव एक साथ कराने से संबंधित खबरें मिल रही हैं, बहुत अच्छा है.

      पहले भी यह काम एक साथ होता था .ये क्या-क्या कर रहे हैं, ये तो देखना है लेकिन जनगणना का काम अभी तक क्यों नहीं करा रहे हैं? वर्ष 2021 में ही जनगणना का होना चाहिए था फिर क्यों नहीं कराया गया ? इन सब मुद्दे पर कल हम लोग चर्चा कर चुके हैं. वन नेशन वन इलेक्शन का समर्थन करने के सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि जब इस संबंध में वे संसद में प्रस्ताव लेकर आएंगे तब इस पर विस्तृत चर्चा होगी. उस समय एक–एक चीज पर बात होगी. मेरा पहले से ही यह संदेह रहा कि ये चुनाव समय से पहले करा सकते हैं.अब इन लोगों को विपक्षी दलों की एकजुटता से खतरा महसूस होने लगा है. जो काम केंद्र सरकार को करना चाहिए था वो कर नहीं रही है और क्या-क्या कर रही है वो तो देखना है.

             विपक्षी एकजुटता से केंद्र के लोग अब घबराहट में हैं.मीडिया पर इन लोगों का पहले से नियंत्रण है. कल जब हम लोग एकजुट हुए तो मीडिया के लोग भी काफी प्रसन्न थे. हमलोगों ने पत्रकारों से बातचीत भी की.सबको अच्छा लग रहा था. हमने कहा कि क्या गलत है क्या सही जो उचित है वह पहले लिखा करते थे, अब आजकल आप लोगों पर नियंत्रण है. यह ठीक नहीं है, ऐसा नहीं होना चाहिए.हम चाहते हैं कि आप सही चीज को समझें और लिखें, ये आपका  अधिकार है.

       ‘इंडिया’ गठबंधन में सीट शेयरिंग के सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि इसमें कोई समस्या नहीं है। कल आपस में हमलोगों की पूरी बात हो चुकी है. अब इंटरनली बहुत जल्दी सब कुछ तय करके बताया जाएगा. हम लोग इसी महीने सब कुछ तय कर लेंगे. 2 अक्टूबर को बापू के जन्मदिन के अवसर पर पूरे देश में हम लोग कार्यक्रम करेंगे और एकजुट होकर आगे बढ़ेंगे. बिहार में शिक्षकों के अवकाश को लेकर उपजे विवाद के सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा- कहीं कोई विवाद नहीं है.हम सब लोग बच्चे-बच्चियों को पढ़ाना चाहते हैं तो इसमें बुराई क्या है? विभागीय अधिकारी जो अच्छा समझते हैं वही निर्णय लेते हैं। जो लोग इसपर सवाल खड़ा करते हैं उससे मुझे आश्चर्य होता है, किसी को कोई शंका है तो वे आकर बताएं, हम सबकी बात सुनेंगे । हम सबकी बात सुनते हैं और उनके हित में काम करते हैं। हम चाहते हैं कि बच्चे-बच्चियों की पढ़ाई समय पर हो.


आलोक कुमार


दारोगा बाबू कांग्रेस के सम्मानित नेता

 पटना । प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय, सदाकत आश्रम में आज बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री स्व0 दारोगा प्रसाद राय की
101वीं जयंती एवं प्रदेश कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष लहटन चौधरी की 20वीं पुण्यतिथि मनाई गयी। कार्यक्रम की अध्यक्षता विधान परिषद में कांग्रेस दल के नेता डॉ. मदन मोहन झा ने किया ।

इस अवसर पर डॉ. मदन मोहन झा ने कहा कि दारोगा बाबू कांग्रेस के सम्मानित नेता थे और राज्य सरकार के लम्बे समय तक मंत्री एवं बाद में मुख्यमंत्री के रूप में राज्य में पिछड़ो दलितों एवं अल्पसंख्यक समुदाय के विकास के लिए कई योजनायें चलाई ।

       डॉ. झा ने कहा कि स्व0 लहटन चौधरी लम्बे समय तक राज्य सरकार में कृषि, राजस्व एवं स्वास्थ विभाग के मंत्री रहे। उन्होंने कहा कि वे जिस जिस विभाग के मंत्री रहे वहाँ उन्होंने अपनी गहरी छाप छोड़ी। लहटन चौधरी, प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष भी रहे तथा सभी दायित्वों को उन्होंने ईमानदारी से निभाया।

       इस अवसर पर श्रद्धाँजलि अर्पित करने वालों में पूर्व विधायक प्रमोद कुमार सिंह, ब्रजेश पाण्डेय, मीडिया चेयरमैन राजेश राठौड़, प्रदेश महिला अध्यक्ष डॉ. सर्वत जहाँ फातिमा, नागेन्द्र विकल, अरविन्द लाल रजक, असफर अहमद, सुधा मिश्र, निधि पाण्डेय, डॉ. विनोद शर्मा, सुमन कुमार मल्लिक, सत्येन्द्र पासवान, मिथिलेश शर्मा मधुकर, प्रदुमन यादव, मिर्नाल अनामय, मोहम्मद शाहनवाज़, राहुल पासवान, फ़िरोज़ हसन, मो. अब्दुल बांकी, नीतू सिंह निषाद, संतोष उपाध्याय, मृत्युंजय कुमार सिंह, लाल बाबू केशरी आदि प्रमुख हैं।


आलोक कुमार

पूर्व सांसद को ' सबूत के अभाव में ' बरी करने के ट्रायल कोर्ट

 



* सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट का फैसला पलट कर बढाया न्यायपालिका में भरोसा

* सत्ता संरक्षण से शहाबुदीन, पप्पू यादव, राजबल्लभ यादव, अनंत सिंह बने बाहुबली

* जो लोग कानून को रौंद कर राज करते थे, वे ही आज संविधान बचाने की बात कर रहे

* छपरा के दोहरे हत्याकांड ने ताजा की डरावने दौर की याद

पटना। पूर्व उपमुख्यमंत्री एवं राज्यसभा सांसद सुशील कुमार मोदी ने कहा कि दोहरे हत्याकंड में सुप्रीम कोर्ट से उम्र कैद की सजा पाने वाले पूर्व सांसद प्रभुनाथ सिंह को लालू प्रसाद और नीतीश कुमार का संरक्षण प्राप्त था। श्री मोदी ने कहा कि 28साल पहले 1995में प्रभुनाथ सिंह ने छपरा के एक पोलिंग बूथ के पास दो व्यक्तियों को सिर्फ इसलिए गोली मार दी थी कि उन दोनों ने उन्हें वोट नहीं दिया था। उस समय बिहार में बाहुबली लोकतंत्र की नरेटी पकड़े हुए थे। 

      उन्होंने कहा कि उस भयावह हत्याकांड के समय लालू प्रसाद मुख्यमंत्री थे और सुप्रीम कोर्ट ने अपनी टिप्पणी में अभियुक्त प्रभुनाथ सिंह को सत्ता का संरक्षण प्राप्त होने का उल्लेख भी किया है। श्री मोदी ने कहा कि इस मामले में सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व सांसद को ' सबूत के अभाव में ' बरी करने के ट्रायल कोर्ट और हाई कोर्ट के फैसलों को पलटते हुए जो टिप्पणी की है, वह याद दिलाती है कि लालू-राबड़ी राज में सत्ता ने पुलिस, गवाह, सरकारी वकील (पीपी) और अदालत तक को कैसे बेमानी कर दिया गया था। 

     उन्होंने कहा कि दोहरे हत्याकांड का मुकदमा चलने पर मुख्य गवाह और मृतक की माँ लालमुनी देवी को अगवा कर लिया गया था। दूसरे गवाहों को डरा कर प्रभुनाथ सिंह ने अपने पक्ष में कर लिया था और सरकारी वकील अभियुक्त की सहायता कर रहा था। श्री मोदी ने कहा कि इसी मामले की सुनवाई के दौरान ट्रायल कोर्ट में जज के सामने गवाहों पर हमला हुआ, लेकिन जज साहब ने मामला दर्ज करने की हिम्मत नहीं की। उन्होंने कहा कि लालू प्रसाद के संरक्षण से शहाबुदीन, पप्पू यादव, राजबल्लभ यादव, अनंत सिंह, आनंद मोहन, मुन्ना शुक्ला जैसे कई लोग बाहुबली बने और बिहार की छवि धूमिल हुई। श्री मोदी ने कहा कि जो लोग कानून को रौंद कर चुनाव जीतते और राज करते थे, वे ही आज लोकतंत्र और संविधान बचाने की बात कर रहे हैं।


आलोक कुमार

शुक्रवार, 1 सितंबर 2023

आजकल मुजफ्फरपुर धर्मप्रांत सुर्खियों में

 

मुजफ्फरपुर.आजकल मुजफ्फरपुर धर्मप्रांत सुर्खियों में है.उत्तर प्रदेश में सिरो-मालाबार कैथोलिक गोरखपुर धर्मप्रांत मेंं धाक जमाने के बाद बिहार प्रदेश मुजफ्फरपुर धर्मप्रांत में प्रवेश कर गया है.मालूम हो कि रोमन कैथोलिकों में 3 उपश्रेणियाँ है.लैटिन कैथोलिक, सिरो-मालाबार कैथोलिक और सिरो- मलंकारा कैथोलिक रीते है.

सिरो-मालाबार चर्च भारत के दो पूर्वी कैथोलिक चर्चों में से एक है, दूसरा सिरो-मलंकारा कैथोलिक चर्च है जो पुथेनकूर के गुट का प्रतिनिधित्व करता है जो 1930 में रोम के होली सी के साथ पूर्ण सहभागिता में लौट आया था.सिरो-मालाबार चर्च दूसरा सबसे बड़ा पूर्वी कैथोलिक चर्च है, जिसके दुनिया भर में चार मिलियन से अधिक सदस्य हैं. इसकी उत्पत्ति 52 ईस्वी में भारत के केरल में सेंट थॉमस के आगमन से मानी जाती है. भारत, यूनाइटेड किंगडम, संयुक्त राज्य अमेरिका, कनाडा और ऑस्ट्रेलिया में सिरो-मालाबार अधिवेशन हैं.

कहा जाता है कि सिरो-मालाबार परिवारों का मानना ​​है कि वे उच्च जाति के ब्राह्मण परिवारों के वंशज हैं जिन्हें स्वयं सेंट थॉमस ने परिवर्तित किया था.ईसाई आमतौर पर अल्पसंख्यक समुदाय से हैं.अब केरल रोमन कैथोलिकों की 3 उपश्रेणियाँ हैं: लैटिन कैथोलिक, सिरो मालाबार कैथोलिक और सिरो मलंकारा कैथोलिक. इनमें से केवल लैटिन कैथोलिकों को अल्पसंख्यक लाभ मिलता है जबकि बाकी ओबीसी श्रेणी के हैं.

मुजफ्फरपुर धर्मप्रांत में गोरखपुर धर्मप्रांत का प्रवेश हो गया है.इसका मतलब है कि यहां पर दो बिशपों का राज्य स्थापित हो गया है.फिलवक्त गोरखपुर धर्मप्रांत का बिशप का राज्य दरभंगा पल्ली में हो गया है.चर्चा है कि कुछ दिनों के बाद सिवान पल्ली में राज्य स्थापित होगा.

इस बीच गोरखपुर धर्मप्रांत में रहने वालों ने जानकारी दी है.बताया कि बेतिया धर्मप्रांत के बेतियान्वी गोरखपुर में रहते है.गोरखपुर उत्तर प्रदेश में है. यहां पर बेतिया के दर्जनों परिवार रहते हैं. उनमें इग्नासियुस माइकल भी रहते हैं,जो अपने आपको फादर अरुण और श्री पास्कल पीटर (बिशप काजिटन के बड़े भाई), सन्नू सर का करीबी रिश्तेदार कहते है.

उन्होंने कहा कि पटना सिटी में इन्फेंट जीसस स्कूल के डायरेक्टर पास्कल पीटर (सन्नू सर) है. जो कुर्जी क्रिश्चियन कॉलोनी में रहते हैं. वह मेरे समधि हैं.फादर अरुण अब्राहम मेरे अपने मौसेरे भाई हैं.स्व.फादर सुशील साह, मेरे मामा थे.यहां पर बेतिया वाले बहुत ज्यादा है.

आगे इग्नासियुस माइकल कहते है कि एक बड़े भू-भाग में सीएनआई (क्रिश्चियन)रहते हैं.ये है धर्मपुर, पादरी, चारगांव, गोलघर. रोमन कैथोलिकों का 95 घर होगा.कुल मिलाकर यहां दो सौ से अधिक घर है.

उन्होंने कहा कि गोरखपुर धर्मप्रांत है.यहां अधिकतर सीएनआई ईसाई रहते हैं.रोमन कैथोलिक भी आपस में जुड़े हुए हैं.हालांकि बिहार के लोग कम ही जानते हैं कि गोरखपुर धर्मप्रांत सीएसटी (केरल) के अंतर्गत है.इस समय भारत का कैथोलिक चर्च तीन धार्मिक चर्चों से बना है. लैटिन संस्कार (सीसीबीआई) और दो पूर्वी संस्कार - सिरो-मालाबार और सिरो-मलंकारा चर्च - मिलकर सीबीसीआई बनाते हैं, जो भारत में कैथोलिक चर्च की सर्वोच्च संस्था है.

बता दे कि सिरो-मालाबार की बुनियाद केरल में है.यहां से सिरो-मालाबार का प्रसार गुजरात,मध्य प्रदेश,उत्तर प्रदेश के बाद बिहार में धड़ल्ले से हुआ है.इस समय गोरखपुर धर्मप्रांत का प्रसार मुजफ्फरपुर धर्मप्रांत के दरभंगा पल्ली में हो गया है.


आलोक कुमार


हत्यारों की गिरफ्तारी को लेकर शांतिपूर्ण ढंग से कैंडल मार्च निकाला

पटना.दीघा विधानसभा अंतर्गत पश्चिमी मैनपुरा ग्राम पंचायत के पूर्व मुखिया, सामाजिक कार्यकर्ता नीलेश मुखिया जी के हत्यारों की गिरफ्तारी को लेकर शांतिपूर्ण ढंग से कैंडल मार्च निकाला गया. 

        राजधानी पटना में नीलेश मुखिया हत्याकांड के खिलाफ आज कैंडल मार्च निकाला गया.पत्नी सुचित्रा देवी के साथ सैकड़ों की संख्या में उनके समर्थक कैंडल मार्च में शामिल रहे. इस मार्च में दीघा के बीजेपी विधायक संजीव चौरसिया भी मौजूद रहे.वार्ड नं.22ए की वार्ड पार्षद सुशीला कुमारी भी मौजूद थी.अधिकांश समर्थकों के हाथों में तख्ती थी, जिस पर लिखा हुआ था. वी-वांट-जस्टिस.पप्पू, धप्पू, और गोरख को गिरफ्तार करो.नीलेश के समर्थकों और पत्नी की मांग है कि आरोपियों की गिरफ्तारी हो.

     नीलेश कैंडल मार्च पार्षद कार्यालय से शुरू होकर टेलीफोन एक्सचेंज होते हुए पॉलीटेक्निक मोड़ से होकर,कुर्जी मोड़, कुर्जी पुल, बालूपर तक जाकर पार्षद कार्यालय पहुंचा.वार्ड नं०  22 बी की वार्ड पार्षद सुचित्रा देवी और तमाम आम जनमानस के साथ कैंडल मार्च में शामिल हुआ.और सरकार से जल्द से जल्द दोषियों को पकड़ने का आदेश निर्गत करने को कहा गया. RJD से दोषियों की मिलीभगत होने के कारण दोषियों को संरक्षण देना कतई सही नहीं है.सरकार को जल्द से जल्द नीलेश मुखिया को इंसाफ दिलाना ही पड़ेगा.


पार्षद पति नीलेश मुखिया हत्या मामले को लेकर दीघा 22बी की पार्षद सुचित्रा सिंह और उनके हजारों समर्थकों ने शुक्रवार को प्रशासन और सरकार पर नामजद आरोपियों को बचाने का आरोप लगाते हुए कैंडल मार्च निकाला.इस मौके पर मृतक मुखिया के इंसाफ और न्याय की मांग को लेकर महिलाओं और पुरुषों ने दीघा पार्षद पति के आवास से कुर्जी स्थित कार्यालय तक हाथों में कैंडल और नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग के तख्ती को हाथो में लेकर समर्थक नजर आए .

     परिजनों ने कहना था कि  यूपी में यदि ऐसा होता तो आरोपियों के घर पर बुलडोजर चल जाता ,दरअसल नामजद आरोपी पप्पू राय, धप्पू राय और गोरख राय नामजद अब तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर है. घटना को एक महीना का वक्त बीत गया है,वही पुलिस इस मामले में एक  लाइनर ,एक शूटर को गिरफ्तार कर अपना पीठ थप थपा रही है.

       बता दें बीते 31 जुलाई को पार्षद पति सह बीजेपी नेता नीलेश मुखिया को अपराधियों ने ताबड़तोड़ 7 गालियां मार घायल किया था.1 अगस्त को उन्हें बेहतर इलाज के लिए एयर एंबुलेंस से दिल्ली एम्स ले जाया गया था.जिनका पटना सहित दिल्ली के एम्स में लगभग 23 दिनों तक इलाज चला . 23 अगस्त को उन्होंने अंतिम सांस ली थी.उन्हें हार्ट अटैक भी आया था.24 अगस्त को पंचतत्व में विलीन हो गए.31सितंबर को डुगडुगी बजाकर नामजद पप्पू,धप्पू और गोरख के नाम से अलग इश्तेहार नामजद अभियुक्तों के मकान पर चस्पा किया.तीनों सहोदय भाई है.तीनों स्व.महेंद्र राय के पुत्र हैं.आज 1 सितंबर को कैंडल मार्च निकाला गया.

       पटना एसएसपी राजीव मिश्रा ने बताया है कि कोई भी अपराधी बच नहीं सकेगा. उन्होंने बताया कि इस मामले के नामजद आरोपियों को आत्मसमर्पण करने को लेकर पटना पुलिस ने न्यायालय से कुर्की जब्ती का वारंट लिया है, यदि आरोपी समर्पण नही करते उनके घरों पर कुर्की जब्ती की कार्रवाई की जाएगी.


आलोक कुमार

गुरुवार, 31 अगस्त 2023

ग्राम पंचायत को प्रदत सभी 29 अधिकार वापस किए जाएं

*ग्राम पंचायत के अधिकारों में कटौती लोकतंत्र की बुनियादी अवधारणा के खिलाफ : माले


*19 सूत्री मांगों को लेकर बिहार प्रदेश मुखिया महासंघ का प्रतिनिधिमंडल माले नेताओं से मिला


पटना.भाकपा - माले राज्य सचिव कुणाल ने कहा है कि केंद्र और यहां तक कि राज्य सरकार द्वारा ग्राम पंचायत के अधिकारों में लगातार कटौती हो रही है. यह लोकतंत्र की बुनियादी अवधारणा के खिलाफ है. गांधी जी ने जिस ग्राम स्वराज की बात की थी, उसके केंद्र में पंचायत को प्रदत अधिकार ही हैं, लेकिन हाल फिलहाल में देखा जा रहा है कि पंचायत के अधिकारों में कटौती हो रही है. यह कहीं से उचित नहीं है. 

19 सूत्री मांगों को लेकर बिहार प्रदेश मुखिया महासंघ के नेतृत्व में विगत दिनों आंदोलन भी चला है. आज उस आंदोलन के नेताओं ने माले राज्य सचिव कुणाल और पोलित ब्यूरो सदस्य अमर से मुलाकात की और अपना  19 सूत्री मांग पत्र सौंपा. प्रतिनिधि मंडल में मुखिया महासंघ के अध्यक्ष मिथिलेश कुमार राय, अरुण सिंह, अजीत कुमार और विनय भूषण कुमार शामिल थे. 

मुखिया महासंघ ने मांग की है कि 73वें संविधान संशोधन के तहत ग्राम पंचायत को प्रदत सभी 29 अधिकार वापस किए जाएं, ग्राम सभा से पारित निर्णय के अनुपालन को सुनिश्चित किया जाए, ग्राम सभा द्वारा चयनित योजनाओं को प्राथमिकता दी जाए, ग्राम सभा की कार्रवाई में अनावश्यक हस्तक्षेप न किया जाए, प्रतिनिधियों के वेतन भत्ता में बढ़ोतरी की जाए आदि. 

इन प्रमुख मांगों के अलावा कई और ऐसी मांगे हैं जिनका माले समर्थन करती है. पार्टी सरकार से अपील करती है कि इन मांगों पर गम्भीरता पूर्वक विचार किया जाए!

आलोक कुमार 

0 3 सितंबर को बिहार राज्य आशा संघ, बिहार राज्य आशा फैसिलिटेटर संघ एटक की संयुक्त बैठक

  पटना.बिहार राज्य आशा संघ व बिहार राज्य आशा फैसिलिटेटर संघ (एटक) के महासचिव कौशलेंद्र  कुमार वर्मा ने कहा है कि 0 3 सितंबर को बिहार राज्य आशा संघ, बिहार राज्य आशा फैसिलिटेटर संघ एटक की संयुक्त बैठक अमरनाथ रोड, अदालतगंज केदार भवन पटना में होगी. बैठक 10:00 बजे से शुरू हो जाएगी.

            इस बैठक में सभी जिला प्रखंड के अध्यक्ष सचिव एवं क्षेत्रीय कार्यकर्ता अवश्य भाग लेने का कष्ट करेंगे.सभी जिला के अध्यक्ष सचिव को भाग लेना अनिवार्य है. जो  जिला प्रखंड भाग नहीं लगे उन पर कार्रवाई की जाएगी. बहुत जिला राज्य की बैठक में नहीं आते हैं सिर्फ, मोबाइल पर नेतागिरी करते हैं,अब ऐसा नहीं चलेगा. 

महासचिव कौशलेंद्र  कुमार वर्मा ने कहा कि बिहार राज्य आशा संघ व बिहार राज्य आशा फैसिलिटेटर संघ (एटक) की बैठक के एजेंडा स्पष्ट है.हड़ताल एवं आंदोलन की समीक्षा, सदस्यता अभियान एवं आंदोलन कोष की समीक्षा,प्रखंड से लेकर राज्य सम्मेलन करने पर विचार होगी.आशा एवं आशा फैसिलिटेटर की मांग को लेकर राज्य सरकार के खिलाफ पुनः संघर्ष तेज की जाएगी.

         उन्होंने कहा कि आशा एवं आशा फैसिलिटेटर की मांग को लेकर माननीय मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री से वार्ता जारी रहेगा.

जब तक ₹3000 का मानदेय का पत्र नहीं जारी हो जाता है,तब तक सरकार पर दबाव बनाए रखना है.अगर नहीं हुआ तो आंदोलन की घोषणा की जाएगी.आशा फैसिलिटेटर को 30 दिन का मानदेय  की भुगतान किया जाए.₹25000 के मानदेय,₹1200000 की बीमा, सभी प्रकार की छुट्टी, एवं अन्य मांगों को लेकर संघर्ष का ऐलान किया जाएगा. हमारा लड़ाई खत्म नहीं हुआ है.

जब तक आशा एवं आशा फैसिलिटेटर की मांग पूरा नहीं हो जाता है तब तक लड़ाई नहीं रुकेगा. चुनाव का वक्त है इसीलिए सभी जिला प्रखंड को सक्रिय रहना होगा.03 सितंबर को हर हालत में सभी जगह से नेतृत्व के साथी भाग लेने का कष्ट करेंगे.राज्य के तमाम जिला में संगठन को मजबूत किया जाएगा.राजव्यापी दौरा जारी रहेगा.सभी जिला प्रखंड के लोग राज्य की बैठक में भाग लेकर राज्य की बैठक को सफल बनाएंगे.


आलोक कुमार

अल्पसंख्यक मोर्चा के प्रभारी प्रतीक एडवीन शर्मा

प्रदेश अध्यक्ष श्री सम्राट चौधरी जी कोटि-कोटि धन्यवाद

पटना.अल्पसंख्यक मोर्चा के प्रभारी प्रतीक एडवीन शर्मा है.बेतिया के निवासी प्रतीक एडवीन शर्मा पर भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष सम्राट चौधरी ने विश्वास व्यक्त किया है.मालूम हो कि नवनियुक्त प्रभारी बीजेपी अल्पसंख्यक मोर्चा के राष्ट्रीय टीम के टीम के सदस्य है

      अल्पसंख्यक मोर्चा से जुड़े से एलेक्स लाजरूस ने भारतीय जनता पार्टी के माननीय प्रदेश अध्यक्ष को साधुवाद दिया है.आपने कर्त्तव्यनिष्ट हस्ति को प्रदेश प्रभारी बनाया है.वहीं बिहार अल्पसंख्यक मोर्चा के प्रभारी श्री प्रतीक एडवीन शर्मा जी को बनाया गया है. उन्होंने आप सभी को हार्दिक बधाई और अशेष शुभकामनाएं दी है.श्री प्रतीक एडवीन शर्मा जी को बिहार अल्पसंख्यक मोर्चा के प्रदेश प्रभारी बनाए जाने हमारे यशस्वी प्रदेश अध्यक्ष श्री सम्राट चौधरी जी कोटि-कोटि धन्यवाद.

भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष सम्राट चौधरी के निर्देशानुसार मोर्चा के अध्यक्ष एवं प्रभारी की नियुक्ति की गई है.युवा मोर्चा के अध्यक्ष भारतेंदु मिश्रा,उपाध्यक्ष पिंकु मेहता, महामंत्री शशि रंजन और महामंत्री शिमात शेखर है.युवा मोर्चा के प्रभारी दुर्गेश सिंह है. महिला मोर्चा के अध्यक्ष डॉ. धर्मशीला गुप्ता, उपाध्यक्ष शीला कुशवाहा और महामंत्री मीना झा है. महिला मोर्चा की प्रभारी सजल झा है. किसान मोर्चा के अध्यक्ष मनोज कुमार सिंह,उपाध्यक्ष अशोक वर्मा,उपाध्यक्ष बाबू लाल शौर्या और महामंत्री नवीन कुमार है.किसान मोर्चा के ब्रजेश रमण है.ओ.बी.सी.मोर्चा के अध्यक्ष बलराम मंडल है.ओ.बी.सी.मोर्चा के प्रभारी अचल सिन्हा है. अनुसूचित जाति मोर्चा के अध्यक्ष लखेंद्र पासवान,उपाध्यक्ष मनोज चौधरी और महामंत्री संजय राम है.अनुसूचित जाति मोर्चा के प्रवीण तांती हैं. अनुसूचित जनजाति मोर्चा के अध्यक्ष शैलेंद्र गढ़वाल है. अनुसूचित जनजाति मोर्चा के प्रभारी शिव नारायण महतो है.अल्पसंख्यक मोर्चा के अध्यक्ष मो.कमरू जमां,महामंत्री सूचित सिंह और महामंत्री मोहिबुल हक है.अल्पसंख्यक मोर्चा के प्रभारी प्रतीक एडवीन है.

   प्रदेश पदाधिकारी प्रभारी डॉ. भीम सिंह चंद्रवंशी हैं.मीडिया प्रभारी मनोज शर्मा और मो. दानिश इकबाल हैं. मीडिया सह-प्रभारी सुनील सेवक, अमित प्रकाश बबलू,प्रभात मालाकार, रणवीर कुमार और सूरज पाण्डेय हैं. मीडिया प्रवक्ता मनोज शर्मा, प्रेम रंजन पटेल,सुरेश रुंगटा,डॉ. उषा विद्यार्थी,योगेन्द्र पासवान,जयराम विप्लव,डॉ सुहेली मेहता, कुंतल कृष्णन, सुषमा साहू,रामसागर प्रसाद, अरविंद सिंह, प्रभाकर मिश्रा, राकेश सिंह श्रीमती अनामिका सिंह और  संजीव मिश्रा है.


आलोक कुमार


 

बुधवार, 30 अगस्त 2023

ग्रामोद्योग के माध्यम से पिछड़े गांवों का चहुंमुखी विकास किया जाए


नवादा.नवादा जिले के सेखोदेवरा गांव में लोकनायक जयप्रकाश नारायण ने 1954 में सर्वोदय आश्रम की स्थापना की थी. उनकी अवधारणा थी कि ग्रामोद्योग के माध्यम से पिछड़े गांवों का चहुंमुखी विकास किया जाए.इसी सिलसिले में जेपी ने ग्राम निर्माण मंडल निर्मित किया था.जेपी के अधूरे सपने को ग्राम निर्माण मंडल के द्वारा साकार किया जा रहा है.वहीं उसमें बिहार वाटर डेवलपमेंट सोसाइटी का भी सहयोग मिल रहा है.

   बता दें कि लोकनायक जय प्रकाश नारायण ने आश्रम को अपनी कर्मभूमि बनाया.जेपी का स्थापित सर्वोदय आश्रम 86 एकड़ भू-भाग में फैला हुआ है. वहां लोक नायक जयप्रकाश नारायण की अविस्मरणीय स्मृतियों को संजोकर रखा गया है. सरकार की उपेक्षापूर्ण नीति के जेपी का यह धरोहर फिलहाल सम्यक विकास नहीं कर सका है.जिला मुख्यालय से लगभग 40 किलोमीटर की दूरी पर स्थित सेखोदेवरा गांव है.

         लोग बताते हैं कि सेखो और देवरा नामक दो टोलाओं के संयोजन से सेखोदेवरा गांव का निर्माण हुआ. आश्रम में ग्राम स्वराज्य, स्वदेशी, भ्रष्टाचारमुक्त और लोकतंत्र की कल्पना करने वाले विचारों की खुशबू मिलती है.जेपी द्वारा निर्मित ग्राम निर्माण मंडल संस्था के सचिव अरविंद कुमार बताते हैं कि यह आश्रम लगभग 86 एकड़ में फैला हुआ है. इसमें खादी ग्राम उद्योग, प्रशिक्षण केंद्र, छात्रावास और कृषि विज्ञान केंद्र है. जिसका संचालन ग्राम निर्माण मंडल की ओर से किया जाता है. इसमें प्रशिक्षण देने वाले अध्यापक और कर्मचारियों के रहने के लिये आवास सभी सुविधाएं उपलब्ध थी. जब सरकार की ओर से ग्रांट मिलना बंद हो गया, तो काम करने वाले कर्मचारी यहां से पलायन कर गए.

      बिहार वाटर डेवलपमेंट सोसाइटी के ग्लोबल प्रोग्राम के समन्वयक श्री जौन डीकूज ने कहा कि हमलोगों ने ग्राम निर्माण मंडल, सेखोदेवरा के डा० राजेन्द्र प्रसाद हाॅल मे जिला स्तरीय इन्टर ग्रूप एजेन्सी का गठन पर कार्यशाला आयोजित किया था. 

इस कार्यक्रम मे जिला विकास आयुक्त श्री दीपक कुमार मिश्रा जी ने आनलाइन मिटिंग मे भाग लिए. उन्होंने कहा कि ग्लोबल प्रोग्राम द्वारा किए गए कार्य सराहनीय है.मुझे खुशी है कि बिहार वाटर डेवलपमेंट सोसाइटी के द्वारा कौवाकोल प्रखंड के बीस गांव मे अच्छे कार्य किए जा रहे है. इंटर ग्रुप एजेंसी के गठन की प्रक्रिया के बारे में बताया और आश्वासन दिया कि मैं इस ग्रुप के गठन मे सहयोग दूंगा.

          इस बीच ग्लोबल प्रोग्राम के समन्वयक श्री जौन डीकूज ने पावर पॉइंट के द्वारा बिहार वाटर डेवलपमेंट सोसाइटी के द्वारा प्रभावशाली ढंग से किए गए कार्य के विषय मे जानकारी दी. साथ ही कम अवधि के धान की सीधी बुवाई और उसके उत्पादन के विषय में बतलाया. उन्होंने तड़ित चालक के विषय मे भी जानकारी दी.

     आगे ग्लोबल प्रोग्राम के समन्वयक श्री जौन डीकूज ने कहा कि बिहार वाटर डेवलपमेंट सोसाइटी के द्वारा 20 गांव मे तड़ित चालक लगाया गया है.ये जमीन से 40 फीट ऊंचा है.ये तड़ित चालक 132 फीट के गोल चक्र मे वज्रपात होने पर उसे अरेस्ट कर जमीन मे डिस्चार्ज कर देगा.इस कार्यक्रम मे बिहार वाटर डेवलपमेंट सोसाइटी के निदेशक फादर दिनेश कुमार, ग्राम निर्माण मंडल के सचिव आदि के साथ ग्रामीण मौजूद थे.


आलोक कुमार

सरकारी कर्मचारियों को लगभग 50 दिनों से अधिक सरकारी छुट्टियां मिल रही

 

पटना.प्रत्येक साल सरकार के द्वारा नए साल के पूर्व सरकारी छुट्टियों का ऐलान कर दिया जाता है.सरकारी कर्मचारियों को लगभग 50 दिनों से अधिक सरकारी छुट्टियां मिल रही हैं.इस बीच नीतीश कुमार सरकार ने एक अहम फैसले के तहत इस साल सितंबर से दिसंबर तक की सरकारी स्कूलों की छुट्टियों को संशोधित किया है.इसका जोरदार ढंग से विरोध किया जा रहा है.

बताया जाता है की छुट्टियों की सूची में गणतंत्र दिवस, स्वतंत्रता दिवस, गांधी जयंती, क्रिसमस, बुद्ध पूर्णिमा, दशहरा, दिवाली, गुड फ्राइडे, गुरु नानक जयंती, ईद उल फितर, ईद उल जुहा, महावीर जयंती, मुहर्रम और पैगंबर मुहम्मद का जन्मदिन शामिल है.साप्ताहिक अवकाश (Weekly Off), आकस्मिक अवकाश (CL), अर्जित अवकाश (EL), चिकित्सा अवकाश (Medical leave), मातृत्व अवकाश (Maternity Leave), पितृत्व अवकाश (Paternity leave) वगैरह. हर छुट्टी के लिए अलग-अलग नियम होते हैं और हर छुट्टी को लेने की न्यूनतम और अधिकतम संख्या भी निर्धारित होती है.       

इस बीच बिहार की नीतीश कुमार सरकार ने एक अहम फैसले के तहत इस साल सितंबर से दिसंबर तक की सरकारी स्कूलों की छुट्टियों को संशोधित किया है.शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव केके पाठक के आने के बाद सरकारी विद्यालयों के बच्चों पर सीधा असर डालने वाला यह पहला फैसला है. इसका पहला असर यही है कि रक्षा बंधन पर भी माध्यमिक और उच्च माध्यमिक विद्यालयों के बच्चों को स्कूल जाना पड़ेगा.          

इसके साथ ही दशहरा, दीपावली और लोक आस्था के महापर्व छठ की छुट्टियां भी काटी गई हैं. अभी से दिसंबर तक की 23 में से 12 छुट्टियों को खत्म किया गया है. विभाग ने विद्यालयों में 220 कार्यदिवसों के पूरा नहीं होने के कारण बच्चों पर पड़ रहे प्रभाव को इस फैसले का कारण बताया है.

       प्रारंभिक से उच्च माध्यमिक विद्यालयों तक में 31 अगस्त को राखी के दिन अवकाश नहीं रहेगा. दुर्गापूजा में छह दिनों की छुट्टी घोषित थी, इसे अब दो दिन कर दिया गया है. रविवार को जोड़कर यह तीन दिन होगा.बिहार के लोक पर्व की तैयारियों के मद्देनजर दीपावली से छठ तक लगातार छुट्टी रहती है. इस बार 13 नवंबर से 21 नवंबर तक कुल नौ दिनों की छुट्टी दिख रही थी, लेकिन अब इनकी संख्या चार हो गई है.दीपावली के दिन 12 नवंबर को छुट्टी रहेगी. फिर 15 नवंबर को चित्रगुप्त पूजा व गोवर्धन पूजा के दिन. इसके बाद 19 और 20 नवंबर को छठ का अवकाश रहेगा.       

 यह देखा जा रहा है कि राज्य सरकार के ताजा आदेश के तहत चेहल्लुम पर 6 सितंबर, मोहम्मद साहब से जन्मदिन और अनंत चतुर्दशी पर 28 सितंबर, महात्मा गांधी की जयंती 2 अक्टूबर और क्रिसमस डे पर 25 दिसंबर को मिलने वाली छुट्टी अप्रभावित रहती है.

       विभाग का कहना है कि शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009 के तहत प्राथमिक विद्यालयों में कम-से-कम 200 दिन, माध्यमिक विद्यालयों में 220 दिन का कार्यदिवस जरूरी है. चुनाव, परीक्षा, त्योहार, भीषण गर्मी, भीषण ठंड, बाढ़ आदि के कारण विद्यालयों की पढ़ाई प्रभावित होती है.इसके साथ ही त्योहारों के मौके पर विद्यालयों के बंद होने की प्रक्रिया में भी एकरूपता नहीं है.इसलिए वर्ष 2023 के शेष अवकाशों में यह बदलाव किया गया है.

           इस संदर्भ में पूर्व उपमुख्यमंत्री एवं राज्यसभा सदस्य सुशील कुमार मोदी ने कहा कि सरकारी स्कूलों में रक्षाबंधन, जन्माष्टमी, ज्यूतिया जैसे प्रमुख हिंदू पर्व-त्योहारों पर छुट्टी रद्द करना और नवरात्रि, दीपावली से छठ तक की छुट्टी में कटौती करना राज्य सरकार की हिंदू-विरोधी मानसिकता का परिणाम है.

       श्री मोदी ने कहा कि शिक्षा विभाग के अवर मुख्य सचिव ने एक और मनमाने फैसले से बिहार की छवि और संस्कृति पर आघात किया है.

              उन्होंने कहा कि जब चेहल्लुम और मोहम्मद साहब के जन्मदिन की छुट्टी बरकरार रखी गई और यह होना भी चाहिए, तब भगवान कृष्ण की जयंती (जन्माष्टमी), गुरु नानक जयंती (कार्तिक पूर्णिमा) और बिहार केसरी श्री बाबू की जयंती पर छुट्टी समाप्त क्यों गई?

            श्री मोदी ने कहा कि सरकार को स्कूली बच्चों के मन पर विपरीत प्रभाव डालने वाले और सांस्कृतिक सद्भाव बिगाड़ने वाले फैसले को तत्काल वापस लेना चाहिए.

            उन्होंने कहा कि बिहार की पहचान जिस लोकपर्व छठ से होती है, उसकी छुट्टी भी काट दी गई.दीपावली से छठ पूजा के बीच 9 दिन की छुट्टी को घटाकर 4 दिन कर दिया गया. यह बहुत ही आपत्तिजनक है.यह स्वीकार्य नहीं है.

          श्री मोदी ने कहा कि जिस शिक्षा के अधिकार अधिनियम (RTE ACT) के तहत 220 दिन की पढ़ाई सुनिश्चित करने का तर्क देकर केवल हिंदू-सिख त्योहारों पर चोट की गई , उसी कानून की धारा-27 ई शिक्षकों को शिक्षणेत्तर कार्यों में लगाने से रोकती है, ताकि पढ़ाई बाधित नहीं हो.

       उन्होंने कहा कि सरकार ने इस कानून का उल्लंघन कर शिक्षकों को जातीय सर्वे, मिड डे मील, मतदाता सूची पुनरीक्षण आदि में लगाकर पढाई के कई महीने बर्बाद किये.इसका जिम्मेदार कौन है?

           श्री मोदी ने कहा कि टीचर से नॉन-टीचिंग काम करने से पढ़ाई बाधित हो रही है न कि पर्व-त्योहार की छुट्टियों के कारण और अगर ऐसे अवसरों पर स्कूल खुलेंगे भी तो कौन बच्चा स्कूल जाएगा?

       उन्होंने कहा कि जब तक शिक्षा विभाग से वर्तमान अवर मुख्य सचिव हटाये नहीं जायेगे, तब तक इसी प्रकार बिहार की किरकिरी होती रहेगी.

 आलोक कुमार 

देश का प्रधानमंत्री पिछले 10 सालों में कभी प्रेस वार्ता नहीं की

 देश की मीडिया पक्षाघात का शिकारः डा0 अखिलेश

मोदी सरकार ने मीडिया को बनाया गुलामः डा0 अखिलेश प्रसाद सिंह

देश देख रहा मोदी के अधीन मीडिया का गोदी रूपः डॉ. अखिलेश प्रसाद सिंह



पटना। एक प्रजातांत्रिक देश में मीडिया का क्या महत्व होता है यह किसी से छुपा हुआ नहीं है। मीडिया प्रजातंत्र का चौथा स्तम्भ है, लेकिन यह चौथा स्तंभ पक्षाघात का शिकार हो गया है। देश की मीडिया गोदी मीडिया बन गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दमनकारी प्रवृत्ति के कारण भारतीय मीडिया बधियाकरण का शिकार हो गया है।

                       ये बातें बिहार प्रदेश कांग्रेस कमिटी के अध्यक्ष डॉ. अखिलेश प्रसाद सिंह ने मुजफ्फरपुर स्थित एल.एस. कॉलेज में आयोजित ‘फर्स्टलुक बिहार डिजिटल मीडिया’ के उद्घाटन के दौरान कही।

             उन्होंने कहा कि प्रेस की आजादी को भारतीय संविधान में इसलिए सुनिश्चित की गयी ताकि देश के नागरिक को यह पता चल सके कि जिन नुमाइंदों को उन्होंने चुन कर भेजा है वे कर क्या रहे हैं। सरकार का कामकाज कैसा चल रहा है, उसकी नीति क्या है, और उसकी नीयत क्या है। सही अर्थ में प्रेस का काम है सरकार की कमियों को उजागर करना, उनकी नीतियों की कमियों को जनता तक पहुंचाना और सरकार से सवालों का जवाब तलब करना। देश का प्रधानमंत्री पिछले 10 सालों में कभी प्रेस वार्ता नहीं की। जब सब कुछ इतना अच्छा हो रहा है, मंगलकारी हो रहा है, देश चांद पर पहुंच चुका है तो सवालों से इतना डर क्यों लगता है। इसका मतलब है इस चमक के पीछे का सच घिनौना है।

                  डॉ. सिंह ने कहा हकीकत यह है कि देश गर्त में जा रहा है। महंगाई से पूरा देश कराह रहा है।  Poverty Index में भारत, पाकिस्तान, बांग्लादेश और नेपाल से भी पीछे है उसी तरह बेरोजगारी दर में भी भारत, पाकिस्तान और बांग्लादेश के बदतर है। लेकिन कोई सवाल नहीं पूछ सकता। एक दिन मैं देश के एक विख्यात चैनल के जाने-माने एंकर को सुनकर हैरान रह गया क्योंकि वो टी0वी0 पर देश को महंगाई के फायदे गिनवा रहा था। यही है मोदी के अधीन मीडिया का गोदी रूप। लेकिन हमने उम्मीद नहीं छोड़ी है। मैं जानता हूं कि जो सच्चे पत्रकार हैं उन्हें इस जन्नत की हकीकत मालूम है। उनके दिल में भी बेचैनी है, वे भी छटपटा रहे हैं, लेकिन कुछ कर नहीं पा रहे हैं।

              इस अवसर पर एक संगोष्ठी का भी आयोजन किया गया जिसमे डॉ. सिंह के अलावा संघ विचारक और भाजपा के राज्यसभा सांसद राकेश सिन्हा, पूर्व सांसद अरुण कुमार, जानेमाने पत्रकार सोम प्रकाश, कांग्रेस विधायक बिजेंद्र चौधरी, पूर्व सांसद पप्पू यादव तथा पूर्व पार्षद अजय कुमार अलमस्त व पूर्व कांग्रेस विधायक बंटी चौधरी भी शामिल हुए।


आलोक कुमार

मंगलवार, 29 अगस्त 2023

भाजपा छोड़कर कांग्रेस में आने लगे

* पटना में कांग्रेस से विनोद कुमार शर्मा बीजेपी में गए और अब बीजेपी से कांग्रेस में वापस आ गए


पटना। कांग्रेस के पूर्व महासचिव व प्रवक्ता विनोद शर्मा ने कहा था कि कांग्रेस अपने सबसे बुरे दिनों से गुजर रही है। इसे न अपने लोगों की चिंता है न देश की। स्वार्थ में डूबी पार्टी सिर्फ सत्ता पाने के लिए हर रास्ता अपना रही है। एयर स्ट्राइक पर पूरा देश सेना के साथ खड़ा था और कांग्रेस अलग राग अलाप रही थी। इसीलिए उन्होंने राहुल गांधी को विरोध पत्र लिखा था। वही कांग्रेस से विनोद कुमार शर्मा बीजेपी में जाने के बाद अब बीजेपी से आकर कांग्रेस में हो गए।

कांग्रेस मुख्यालय सदाकत आश्रम पटना में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष डॉ. अखिलेश प्रसाद सिंह ने कहा है कि देश में राजनीति का माहौल बदल रहा है। विपक्षी गठबंधन और इंडिया के गठन के बाद भाजपा और उनके सहयोगियों में जो छटपटाहट पैदा हुई है, वह अब बाहर निकलकर आ रही है। लोग भाजपा छोड़कर कांग्रेस में आने लगे हैं, और यह सिलसिला आगे भी जारी रहेगा। उन्होंने दावा किया कि भाजपा के कई विधायक मेरे संपर्क में हैं और कांग्रेस में आने की इच्छा जाहिर कर चुके हैं। मगर हम अपने शीर्ष नेतृत्व की सहमति का इंतजार कर रहे हैं। डॉ. सिंह मंगलवार को पार्टी मुख्यालय सदाकत आश्रम में आयोजित मिलन समारोह में बोल रहे थे। डॉ. सिंह की मौजूदगी में भाजपा नेता विनोद शर्मा और लोजपा नेता सुमन कुमार मल्लिक अपने सैकड़ों समर्थकों के साथ कांग्रेस का दामन थाम लिया। विनोद शर्मा पूर्व में कांग्रेस में ही थे, इस तरह से उनकी घर वापसी हुई है। कांग्रेस की सदस्यता ग्रहण करने वाले अन्य नेताओं में कौसर खां, राहुल सिंह, रोहित राज, नंद किशोर शर्मा, डॉ. रंजीत बाबुल, संतोष उपाध्याय, राकेश वर्मा रमेश प्रसाद सिंह आदि शामिल हैं। मिलन समारोह का मंच संचालन ब्रजेश प्रसाद मुनन ने किया।

   इस अवसर पर कांग्रेस विधायक दल के नेता डॉ. शकील अहमद खान समेत डॉ. मदन मोहन झा, प्रेमचन्द्र मिश्रा, वीणा शाही, डॉ. शकीलउज्जमा अंसारी, संजीव प्रसाद टौनी, कपिलदेव प्रसाद यादव, शरवत जहां फातिमा, ब्रजेश पाण्डेय, राजेश राठौड़, निर्मल वर्मा, असितनाथ तिवारी, प्रमोद कुमार सिंह आदि उपस्थित थे।

 

आलोक कुमार

 

मतदान केन्द्रों के युक्तिकरण से संबंधित समीक्षात्मक बैठक

  * मतदान केन्द्रों के युक्तिकरण को लेकर प्राप्त दावा-आपत्तियों पर हुआ विचार-विमर्श

* निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुरूप दावा-आपत्तियों का कराया जायेगा निराकरण

बेतिया। जिला निर्वाचन पदाधिकारी-सह-जिला पदाधिकारी, पश्चिमी चम्पारण, बेतिया, श्री दिनेश कुमार राय की अध्यक्षता में मतदान केन्द्रों के युक्तिकरण के लिए समाहरणालय सभा कक्ष में समीक्षात्मक बैठक सम्पन्न हुई।

      जिले के 09 विधानसभा क्षेत्रों में से 04 विधानसभा क्षेत्र से दावा-आपत्ति निर्धारित तिथि (10 अगस्त से 19 अगस्त 2023) तक प्राप्त हुए हैं। समीक्षात्मक बैठक में मतदान केन्द्रों के युक्तिकरण को लेकर प्राप्त दावा-आपत्ति पर विचार-विमर्श किया गया।

     दावा-आपत्तियों पर विचार-विमर्श उपरांत जिला निर्वाचन पदाधिकारी ने उप निर्वाचन पदाधिकारी को निर्देश दिया कि प्राप्त दावा-आपत्तियों का निष्पादन विभागीय दिशा-निर्देशों के अनुरूप कराना सुनिश्चित किया जाय।  

ज्ञातव्य हो कि लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 25 एवं भारत निर्वाचन आयोग के मतदान केन्द्रों की हस्तपुस्तिका के आलोक में मतदान केन्द्रों का दिनांक 10.08.2023 को प्रारूप प्रकाशन किया गया है। विभागीय दिशा-निर्देश के आलोक में 1500 से अधिक मतदाता वाले मतदान केंद्रों का युक्तिकरण किया गया। युक्तिकरण में भारत निर्वाचन आयोग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का अनुपालन किया गया। प्रारूप प्रकाशन को लेकर माननीय से सुझाव या दावा/आपत्ति दिनांक 10.08.2023 से 19.08.2023 तक जिला निर्वाचन शाखा को उपलब्ध कराने का अनुरोध किया गया था। इसी परिप्रेक्ष्य में आज समाहरणालय सभाकक्ष में मतदान केन्द्रों के युक्तिकरण से संबंधित समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गयी।

    इस अवसर पर माननीय विधायक, श्री विरेन्द्र प्रसाद गुप्ता, विभिन्न मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के अध्यक्ष/सचिव सहित उप विकास आयुक्त, श्री अनिल कुमार, अपर समाहर्त्ता, श्री राजीव कुमार सिंह, अपर समाहर्ता-सह-जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी, श्री अनिल राय, अनुमंडल पदाधिकारी, बेतिया सदर श्री विनोद कुमार, उप निर्वाचन पदाधिकारी, श्री लाल बहादुर राय आदि उपस्थित रहे।


आलोक कुमार


जिलाधिकारी की अध्यक्षता में जिला आपूर्ति टास्क फोर्स की बैठक सम्पन्न

 * जिला स्तरीय टीम द्वारा करायी जायेगी जन वितरण प्रणाली दुकानों की औचक जाँच: जिलाधिकारी

* पात्र लाभुकों को ससमय, सही मात्रा में खाद्यान्न मिले, इसे हर हाल में कराएं सुनिश्चित

* जिलाधिकारी की अध्यक्षता में जिला आपूर्ति टास्क फोर्स की बैठक सम्पन्न

बेतिया। खाद्यान्नों का उठाव एवं वितरण ससमय कराने, जविप्र दुकानों की औचक जाँच,नए राश

न कार्ड के लिए लंबित आवेदनों का त्वरित निष्पादन सहित रिक्ति के विरूद्ध नयी अनुज्ञप्ति के लिए प्रक्रिया अविलंब पूरा करने का निर्देश दिया गया है।

         पश्चिम चंपारण जिले के जिलाधिकारी, श्री दिनेश कुमार राय की अध्यक्षता में आज समाहरणालय सभाकक्ष में जिला आपूर्ति टास्क फोर्स की बैठक सम्पन्न हुयी। बैठक में जन वितरण प्रणाली प्रणाली दुकानों की नयी अनुज्ञप्ति, मृत/पलायन/विवाहित लड़की/अपात्र परिवारों का राशन कार्ड से नाम हटाना/रद्द करना, ऑनलाईन प्राप्त नये राशन कार्ड, जन वितरण प्रणाली दुकानों का निरीक्षण, खाद्यान्न प्राप्ति, खाद्यान्न का आवंटन एवं वितरण, रान कार्ड के अनुसार खाद्यान्न का वितरण, डोर स्टेप डिलीवरी, आधार सीडिंग, धान अधिप्राप्ति आदि की समीक्षा जिलाधिकारी द्वारा की गयी।

   इस अवसर पर अपर समाहर्ता-सह-प्रभारी पदाधिकारी, जिला आपूर्ति शाखा, श्री अनिल राय, एसडीएम, बेतिया सदर, श्री विनोद कुमार, जिला प्रबंधक, राज्य खाद्य निगम, श्री संजय कुमार सहित जिले के सभी आपूर्ति निरीक्षक, सहायक गोदाम प्रबंधक, डोर स्टेप डिलीवरी के संवेदक आदि उपस्थित रहे।

    इस अवसर पर जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि लाभुकों को ससमय सही मात्रा में खाद्यान्न मिले, इसे हर हाल में सुनिश्चित किया जाय। लाभुकों को सुगमतापूर्वक खाद्यान्न मिलना चाहिए। लाभुकों को किसी भी स्तर पर परेशान नहीं किया जाय। गड़बड़ी करने वालों के विरूद्ध नियमानुकूल कार्रवाई निश्चित है। इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही, शिथिलता एवं कोताही पर सख्त कार्रवाई की जायेगी।

   नये राशन कार्ड के लिए प्राप्त आवेदनों की समीक्षा के दौरान उन्होंने निर्देश दिया कि नये राशन कार्ड निर्गत करने के पूर्व भौतिक सत्यापन करना अति आवश्यक है। अच्छे तरीके से जांचोपरांत कार्ड निर्गत किया जाय। उन्होंने निर्देश दिया कि वैसे पात्र परिवारों जो राशन कार्ड के लिए ऑनलाइन आवेदन दिए हैं, उनके आवेदनों का निष्पादन अविलंब कराना सुनिश्चित किया जाय। किसी भी परिस्थिति में अपात्र लोगों को राशन कार्ड निर्गत नहीं होना चाहिए।

    उन्होंने कहा कि जन वितरण प्रणाली दुकानों का नियमित रूप से रोस्टर वाइज जांच करने के साथ ही औचक जांच भी करें आपूर्ति निरीक्षक। जांच के क्रम में स्टॉक पंजी, वेट मशीन, ई-पॉश मशीन, साफ-सफाई आदि की विस्तृत जांच करें। साथ ही लाभुकों से भी वार्ता करें कि उन्हें निर्धारित मात्रा में ससमय खाद्यान्न मिलता है अथवा नहीं।

      जिलाधिकारी ने कहा कि जन वितरण प्रणाली दुकानों की जांच करने के लिए जिलास्तरीय टीम का भी गठन किया जा रहा है, जो जिले के सभी जन वितरण प्रणाली दुकानों की औचक जांच करेगी और गड़बड़ी करने वालों के विरूद्ध कड़ी कार्रवाई करेगी।

     उन्होंने कहा कि ऐसी शिकायतें प्राप्त हुई हैं कि कुछेक जविप्र दुकानदार गड़बड़ी कर रहे हैं। गड़बड़ी करने में नये-नये हथकंडे अपना रहे हैं। सभी आपूर्ति निरीक्षक क्षेत्रान्तर्गत ऐसे डीलरों को चिन्हित कर दो दिनों के अंदर रिपोर्ट समर्पित करें ताकि उनके विरूद्ध कड़ी कार्रवाई की जा सके।

      जिलाधिकारी द्वारा निर्देश दिया गया कि मृत/पलायन/विवाहित लड़की/अपात्र परिवारों का राशन कार्ड से नाम हटाने/रद्द करने की कार्रवाई अविलंब पूर्ण करा ली जाय। इसके साथ ही आधार सीडिंग का कार्य भी अविलंब शत-प्रतिशत पूर्ण कराना सुनिश्चित किया जाय। डोर स्टेप डिलीवरी की नियमित रूप से मॉनिटरिंग की जाय।


आलोक कुमार

सोमवार, 28 अगस्त 2023

4.38 एकड़ भूमि में यह धर्मशाला निर्माण होना है

 गया।  देश विदेश से हर वर्ष लाखों लाख की संख्या में गया जिला आने वाले तीर्थ यात्रियों को ठहरने रुकने एवं आवासन के क्षेत्र में और बेहतर व्यवस्थित बनाने के उद्देश्य से गया कोरला हॉस्पिटल ( आई डी एच हॉस्पिटल) में 1180 बेड की क्षमता वाले 4 मंजिला गया जी धाम धर्मशाला भवन बनना प्रस्तावित है। यह धर्मशाला निर्माण कार्य पुल निर्माण निगम विभाग द्वारा करवाया जाएगा। जल्द ही धर्मशाला निर्माण के लिए शिलान्यास करवाया जाएगा।

              उक्त परिपेक्ष में आज जिला पदाधिकारी डॉ त्यागराजन एसएम द्वारा स्थल निरीक्षण किया गया। बताया गया कि 4.38 एकड़ भूमि में यह धर्मशाला निर्माण होना है।  उन्होंने नगर आयुक्त तथा कार्यपालक अभियंता पुल निर्माण निगम को निर्देश दिया कि विभिन्न जगहों से नाले का पानी का निकास इस रास्ते से होता है, उसका विस्तृत नाला निकासी का डायग्राम तैयार करे, ताकि जलजमाव भी न रहे। उन्होंने नगर निगम के सफाई प्रभारी को निर्देश दिया अस्पताल में यत्र तत्र कूड़ा कचरा को साफ करवाये तथा समतल करवाये। उन्होंने अनुमंडल पदाधिकारी सदर को निर्देश दिया कि अस्पताल के इन-डोर एवं बाहरी परिसर में खटाल को हटवाए। अंचल अधिकारी अच्छे तरीके से जमीन का सर्वे करें यदि कहीं अतिक्रमण है तो उसे तुरंत नापी कराकर अतिक्रमण हटाए। उन्होंने कार्यपालक अभियंता आईसीडी को निर्देश दिया कि अस्पताल के आने वाले रास्तों को मोटरेबल बना दें। डीएम ने पूरे परिसर का घूम कर जायजा लिया, सभी एंट्री एवं एग्जिट पॉइंट्स को घूम कर देखा।

              उन्होंने सिविल सर्जन को निर्देश दिया कि पूर्व के बने क्वार्टर को तेजी से नोटिस निर्गत करते हुए खाली करवाए ताकि उसे डिमोलिश कराया जा सके। अस्पताल परिसर में बने सभी पुराने स्ट्रक्चर को डिमोलिश कर पूरा समतल बनाया जाएगा।

              निरीक्षण में बताया गया कि चार मंजिला 1100 बेड वाला धर्मशाला निर्माण प्रस्तावित है, जिसमें 212 DORMITORIES में 984 बेड रहेंगे। इसके अलावा 48 कमरे में 96 बेड रहेंगे।

              बताया गया कि ग्राउंड फ्लोर पर 128 बेड रहेंगे। इसके अलावा फर्स्ट फ्लोर, सेकंड फ्लोर एवं थर्ड फ्लोर पर 238 की संख्या में बेड रहेंगे। सभी फ्लोर में महिला एवं पुरुष के लिए अलग-अलग पर्याप्त संख्या में टॉयलेट, स्नानागार रहेगा। इसके अलावा ग्राउंड फ्लोर से फोर्थ फ्लोर तक जाने हेतु 10 पैसेंजर के क्षमता वाला लिफ्ट भी रहेगा तथा सीढ़ी का भी निर्माण करवाया जाएगा। इन सबों के अलावा 250 से ऊपर की संख्या में छोटे-बड़े वाहन का पार्किंग भी बनाया जाएगा। सभी फ्लोर में किचन एवं डाइनिंग हॉल भी रहेगा।

               इन सबों के अलावा गया जी धाम धर्मशाला पहुंचने एवं धर्मशाला से मंदिर जाने इत्यादि के लिए इंटरनल रोड का भी निर्माण करवाया जाएगा। पूर्व के जो भी रास्ते हैं उसे समतल एवं जहां चौड़ीकरण की आवश्यकता पड़ेगी वहां पर करवाया जाएगा।

               इसके अलावा जिला पदाधिकारी ने विष्णुपद देवघाट का निरीक्षण किया। उन्होंने पुनः पंडा समाज के पुरोहितो से अपील किया है कि यह गया जी डैम आप सभी गया वासियो का है। डैम के पानी को निर्मल बनाये रखे। पिंड सामग्रियों को डैम में प्रवाहित न करे, जिससे डैम का पानी दुसित हो। पिंड सामग्री को डालने के लिये घाट पर अलग से बड़े आकार का पीट का निर्माण करवाया गया है, जहां यात्री पिंड सामग्री को वहां प्रवाहित कर सकते हैं। पिंड सामग्री को सुरक्षित गौ माता को खिलाया जाएगा।

               घाट पर साफ सफाई, चेंजिंग रूम, टॉयलेट, पियाऊ इत्यादि को तेजी से मरम्मत करवाना सुनिश्चित करें।

               इस अवसर पर नगर आयुक्त गया नगर निगम, अनुमंडल पदाधिकारी सदर, सिविल सर्जन, वरीय उप समाहर्ता अभिषेक कुमार, पुलिस उपाधीक्षक नगर, कार्यपालक अभियंता पुल निर्माण निगम /पथ निर्माण विभाग, अंचल अधिकारी नगर, डीपीएम स्वास्थ्य सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।



आलोक कुमार

संत माग्देलीन संघ

 शाहपुर.विश्व भर में संत मोनिका दिवस मनाया जा रहा है.एक परिवार से दो ‘संत‘ यह अजूबा है.एक परिवार से दो ‘बिशप‘,एक परिवार से दो ‘पुरोहित‘, एक परिवार से दो ‘सिस्टर‘ बने हैं.मालूम हो कि संत अगस्टीन की माँ संत मोनिका है. उसने जीवन की कठिन परिस्थिति में, ईश्वर की इच्छा को स्वीकार करना, सीखने के द्वारा, विश्वास को बनाये रखा. उसकी ताकत प्रार्थना थी.  संत मोनिका के पर्व दिवस पर एक ट्वीट प्रेषित किया गया है.सभी माताओं को संत मोनिका का अनुकरण करने के  लिए प्रोत्साहन दिया.मां मोनिका का 27 अगस्त को और पुत्र संत अगस्टीन का 28 अगस्त को पर्व है.

   संत मोनिका का पर्व मनाने में बक्सर धर्मप्रांत की शाहपुर पल्ली पीछे नहीं रहा.इन दिनों शाहपुर पल्ली के पल्ली पुरोहित फादर भास्कर बोज्जा है.उनके नेतृत्व आज संत मोनिका दिवस मनाया.                                                                     

   वास्तव में संत मोनिका निश्चय ही एक दृढ़ महिला थी, वह अपने आचरण से मजबूत थी. वह एक ऐसी महिला थी जो एक पत्नी एवं माता के रूप में समाज में अपनी भूमिका से पूरी तरह वाकिफ थी. वह दृढ़ निश्चयी थी, जीवन दे सकती थी, अपने आस-पास के लोगों को अधिक मानवीय बना सकती थी. उसने इस कार्य को अपने पति एवं बच्चों के द्वारा दिखलाया जो उनके व्यवहार एवं ख्रीस्तीय जीवन में परिलक्षित हुआ.न केवल उसके बेटे अगस्टीन का मन-परिवर्तन हुआ किन्तु उसके दो अन्य बेटों के जीवन में भी परिवर्तन हुआ.

          मोनिका निश्चय ही एक सफल महिला की आदर्श हैं किन्तु उसने भी कई बार गलती की. उसने ईश्वर की इच्छा और योजना पर अधिक ध्यान न देकर अपनी इच्छा अनुसार अपने बेटे अगस्टीन का मन-परिवर्तन चाहा था, पर ईश्वर ने धीरे-धीरे उनका मार्गदर्शन किया और उन्हें एक आदर्श माँ बनने एवं ईश्वर के समय का सम्मान करना सिखलाया.

शाहपुर पल्ली पुरोहित फादर भास्कर बोज्जा आयोजित धार्मिक अनुष्ठान के मुख्य उत्सवकर्ता थे. अपने भाषण में उन्होंने संत मोनिका के बारे में बात की.वह जीवन भर ईश्वर के प्रति वफादार रही.जश्न में करीब 300 लोग मौजूद थे.

संत माग्देलीन संघ

इस अवसर पर पल्ली पुरोहित फादर भास्कर बोज्जा ने कहा कि शाहपुर चर्च में संत मोनिका का पर्व बहुत धूमधाम से मनाया गया, इसमें महिलाओं की उपस्थिति तथा भागीदारी सराहनीय थी. मिस्सा के तुरन्त बाद महिलाओं की बैठक हुई, जिसमें सभी महिलाओं की सहमति से संत माग्देलीन संघ की पूनम हेनरी गंज को अध्यक्ष तथा उर्मिला रूद्रनगर को सचिव नियुक्त किया गया.मौके पर चुनाव के समय पल्ली पुरोहित उपस्थित रहे.

उन्होंने कहा कि संत माग्देलीन संघ की अध्यक्ष और सचिव पल्ली में समूह का नेतृत्व करेंगे. वे पल्ली में महिलाओं को प्रेरित और प्रोत्साहित करेंगे.इनका कार्यकाल पांच साल का होगा. 


आलोक कुमार


 

रविवार, 27 अगस्त 2023

स्पेशल सेल में तैनात इंस्पेक्टर हर्षवर्धन मार्चिनो का निधन

  

* नोएडा में स्पेशल सेल में तैनात इंस्पेक्टर हर्षवर्धन मार्चिनो का निधन

* इंस्पेक्टर फरवरी 2023 से ल्यूकेमिया से पीड़ित थे.उन्होंने इलाज के दरम्यान जेपी अस्पताल नोएडा में दम तोड़ा

* सोमवार को पहाड़गंज कब्रिस्तान में अंतिम संस्कार 3ः30 बजे से होगा

नई दिल्ली. ईसाई समुदाय से किसी उच्च पद पर कार्यरत शख्स का निधन होने से दुख होता है. इसमें स्पेशल सेल में तैनात इंस्पेक्टर हर्षवर्धन मार्चिनो भी शामिल हो गए है.
   इंस्पेक्टर हर्षवर्धन मार्चिनो फरवरी 2023 से ल्यूकेमिया (कैंसर) से पीड़ित थे.उनका इलाज चल ही रहा था.परंतु दवा और दुआ का खास असर नहीं पड़ा.बीमार पड़ने के 6 माह के बाद परलोक चले गए.उन्होंने आज 27 अगस्त को जेपी अस्पताल नोएडा में इलाज के दरम्यान दम तोड़ दिया.वे 55 वर्ष के थे.उनके दो पुत्री हैं.सोमवार 28 अगस्त को पहाड़गंज कब्रिस्तान में अंतिम संस्कार 3ः30 बजे से होगा.
उनका पिता का नाम लेफ्टिनेंट अरमान मार्चिनो और माता का नाम ग्रेसी मार्चिनो है.उनके 6 संतान है.उनमें एक भी बच्ची नहीं है.इंस्पेक्टर का भाई का नाम विजेता मार्चिनो आरबीआई दिल्ली में एए डीजीएम के पद पर तैनात हैं. रिश्तेदारों में आनंद इग्नासियुस के अलावे अन्य बेतिया और पटना (गर्दनीबाग) में संबंधित रहते हैं.विनीता डि‘क्रुस इंस्पेक्टर का मौसेरा भाई है.

आलोक कुमार


The Configure Featured Post option in Blogger allows you to highlight a selected post prominently on

“आयुष्मान भारत योजना का लाभ कैसे लें

  “ आयुष्मान भारत योजना का लाभ कैसे लें – पूरी जानकारी” Narendra Modi द्वारा शुरू की गई आयुष्मान भारत योजना भारत की सबसे बड़ी स्वास्थ्य ...

How to Configure Popular Posts in Blogger The Popular Posts widget highlights your most viewed post