संदेश

सितंबर 19, 2025 की पोस्ट दिखाई जा रही हैं

प्रत्याशी चयन का बिहार कांग्रेस चुनाव समिति ने सर्वसम्मति से आलाकमान को अधिकृत किया

चित्र
 प्रत्याशी चयन का बिहार कांग्रेस चुनाव समिति ने सर्वसम्मति से आलाकमान को अधिकृत किया पटना. बिहार प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय सदाकत आश्रम में नवगठित बिहार प्रदेश चुनाव समिति की विस्तृत बैठक में मुख्य रूप से तीन बिन्दुओं पर चर्चा की गयी।  सर्वप्रथम प्रत्याशी चयन प्रक्रिया के सभी सदस्यों ने विस्तृत रूप से अपनी-अपनी राय रखी. और सबने अपनी राय में आलाकमान को प्रत्याशी चयन को अधिकृत करने की बात कहीं. तत्पश्चात बिहार कांग्रेस के अध्यक्ष राजेश राम ने सबों को प्रत्याशी चयन प्रक्रिया को अधिकृत करने के लिए हाथ उठाकर समर्थन करने को कहा. उपस्थित सभी सदस्यों ने अपने दोनों हाथ उठाकर इस प्रस्ताव का समर्थन किया बैठक में 24 सितम्बर को अखिल भारतीय कांग्रेस कार्यसमिति की विस्तारित बैठक पर विस्तृत चर्चा हुई.आजादी के बाद बिहार में पहली बार सी.डब्लू सी की बैठक होगी.इस पर सभी लोगों ने अपनी-अपनी राय रखें और सभी लोग इस सी.डब्लू.सी. की विस्तारित बैठक को लेकर काफी उत्साहित दिखे.      इस बैठक की तैयारी को लेकर विशेष रूप से चर्चा हुई और उस चर्चा को कार्यरूप में लाने की बात कहीं गयी. इसी के साथ 2...

मोदी सरकार का 'राष्ट्र सेठ' अडानी को यह भेंट बिहार के पर्यावरण, किसानों और अर्थव्यवस्था को तबाह करने का षड्यंत्र है

चित्र
  पटना. आज कांग्रेसियों का मार्च सदाकत आश्रम से पूर्वाह्न 11ः15 बजे शुरू हुआ और राजेंद्र बाबू की समाधि, बांस घाट तक पहुंचा। मार्च का नेतृत्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम ने किया, जिसमें बिहार कांग्रेस प्रभारी कृष्णा अल्लावरू, कांग्रेस विधानमंडल दल नेता डॉ. शकील अहमद खान, विधान परिषद कांग्रेस दल नेता डॉ. मदन मोहन झा समेत प्रदेश के सभी वरिष्ठ नेता, कार्यकर्ता और हजारों समर्थक शामिल हुए. नारों से गूंजते इस मार्च में मोदी-नीतीश सरकार को जमकर कोसा गया, और बिहार की जनता को इस ‘लूट‘ के खिलाफ एकजुट होने का आह्वान किया गया. कांग्रेस स्पष्ट करती है कि हम बिहार में बिजली उत्पादन या विकास के खिलाफ नहीं हैं - बिहार को 2,400 मेगावाट की अतिरिक्त बिजली की जरूरत है, जो राज्य की बिजली मांग को पूरा कर सकती है, रोजगार पैदा कर सकती है और आर्थिक विकास को बढ़ावा दे सकती है. लेकिन इस प्रोजेक्ट को जिस तरह से लागू किया जा रहा है, वह पूरी तरह से गलत है.मोदी-नीतीश सरकार अडानी को खुश करने के चक्कर में बिहार के लोगों पर जबरन दबाव डाल रही है, उनकी आवाज दबा रही है, उनके हकों को कुचल रही है और चीजों को ठीक से ...