Bihar : मानसून की दस्तक और किसानों की उम्मीदें: खेती की तैयारी में जुटा बिहार
बिहार में मानसून की आहट के साथ किसान खरीफ फसलों की तैयारी में जुट गए बिहार में मानसून की आहट के साथ किसान खरीफ फसलों की तैयारी में जुट गए हैं। जानिए खेती, सिंचाई, बीज और ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर मानसून का प्रभाव। "आसमान में दिखने वाले हर बादल के साथ बिहार के किसानों की उम्मीदें भी उड़ान भरने लगती हैं। क्योंकि यहां मानसून सिर्फ बारिश नहीं, बल्कि खेतों की हरियाली, घरों की खुशहाली और ग्रामीण अर्थव्यवस्था की नई शुरुआत का संदेश लेकर आता है।" बिहार एक कृषि प्रधान राज्य है, जहां बड़ी आबादी प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से खेती पर निर्भर है। जून का महीना शुरू होते ही गांवों में खेती की तैयारियां तेज हो गई हैं। खेतों की जुताई, बीजों की व्यवस्था और सिंचाई संसाधनों की तैयारी के बीच किसानों की निगाहें अब मानसून पर टिकी हुई हैं। राज्य के अधिकांश किसान खरीफ फसलों, विशेष रूप से धान की खेती पर निर्भर हैं। धान उत्पादन का बड़ा हिस्सा समय पर होने वाली वर्षा पर आधारित होता है। यही कारण है कि मानसून की पहली बारिश किसानों के लिए किसी त्योहार से कम नहीं मानी जाती। इन दिनों बिहार के विभिन्न जिलों मे...