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शिल्पी कुमारी से कहने पर ही तीनपहिया गाड़ी मिल सका

  पटना.पटना जिले में नगर निकाय चुनाव के पहले चरण के प्रचार-प्रसार का शोर शुक्रवार यानी आज शाम पांच बजे थम गया. अगर कोई उम्मीदवार प्रचार-प्रसार करेंगे तो वह आचार संहिता का उल्लंघन माना जाएगा और उसपर कार्रवाई होगी. पहले चरण का मतदान 18 दिसंबर को है. रविवार को मतदान सुबह सात बजे से शुरू होगा और शाम पांच बजे तक वोटिंग होगी. जिले के 12 नगर निकायों में मतदान होना है. जिसमें 10 नगर परिषद और दो नगर पंचायत शामिल है.जिला निर्वाचन पदाधिकारी की ओर से प्रत्येक नगर निकाय के लिए निर्वाची पदाधिकारी की नियुक्ति कर दी गई है. 

    बिहार नगर निकाय चुनाव में पार्षद, उप मुख्य पार्षद व मुख्य पार्षद के लिए वोटिंग होनी है. इसलिए अलग-अलग पदों के लिए प्रत्येक मतदान केंद्र पर तीन ईवीएम का उपयोग होगा. वोटिंग के लिए तीन वोटिंग कंपार्टमेंट भी बनाये जायेंगे. ऐसे में मतदाताओं को एक बार नहीं तीन बार ईवीएम पर बटन दबाना होगा. एक मतदाता को वोट डालने में 30 सेकेंड का समय लगेगा. तीनों पद का बीयू भी अलग-अलग वोटिंग कंपार्टमेंट में रहेगा. नगर परिषद बाढ़, मोकामा एवं मसौढ़ी के मुख्य पार्षद , नगर परिषद बिहटा के उप मुख्य पार्षद व नगर परिषद संपतचक के वार्ड संख्या 24 के पार्षद पद के लिए दो-दो बीयू वोटिंग कंपार्टमेंट में रखे जायेंगे.

  पटना जिले में चुनाव प्रक्रिया स्वच्छ, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण कराने के लिए जिला प्रशासन की ओर से कलेक्ट्रेट परिसर हिन्दी भवन के सभागार में नियंत्रण कक्ष बनाया है.यह नियंत्रण कक्ष शुक्रवार से काम करने लगेगा, जो मतदान प्रक्रिया की समाप्ति तक कार्य करेगा.नियंत्रण कक्ष 24 घंटे चालू रहेगा. 

    इन नगर निकायों में 18 को है मतदानसंपतचक नगर परिषद, मसौढ़ी नगर परिषद, बाढ़ नगर परिषद, खगौल नगर परिषद, दानापुर निजामत नगर परिषद, मोकामा नगर परिषद, फुलवारी शरीफ नगर परिषद, फतुहा नगर परिषद, बख्तियारपुर नगर परिषद, बिहटा नगर परिषद, पालीगंज नगर पंचायत, पुनपुन नगर पंचायत में  पहले चरण में मतदान होगा.

  पहले चरण में 18 दिसंबर को पटना जिले के 776 मतदान केंद्रों पर वोट डाले जाएंगे. इसमें 42 ऐसे मतदान केंद्र चयनित किए गए हैं जहां लाइव वेबकास्टिंग होगी. यहां के मतदान केंद्रों की व्यवस्था को सीधे तौर पर प्रसारित किया जाएगा.इससे इन बूथों पर जिला स्तरीय अधिकारी नजर रख सकेंगे. पटना जिले में 151 चलंत मतदान केंद्र बनाए गए हैं, जिसमें पहले चरण में 75 ऐसे केंद्र शामिल किए गए हैं.

  18 दिसंबर को वोटिंग शुरू होने के दो घंटा पहले पीठासीन पदाधिकारी को ईवीएम, ग्रीन पेपर, सील, स्ट्रीप सील, स्पेशल टैग आदि उपलब्ध कराया जायेगा. सुबह सात बजे वोटिंग शुरू होने के 90 मिनट पहले सुबह साढ़े पांच बजे एजेंटों की उपस्थिति में मॉकपोल होगा. सेक्टर पदाधिकारी चुनाव प्रचार थमने के बाद भी किसी चुनाव अभ्यर्थी द्वारा प्रचार-प्रसार करने पर आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन के मामले में कार्रवाई करेंगे. संबंधित मतदान वार्ड में परिचालित वाहन का सघन जांच कर आपत्तिजनक सामग्री (शराब, पैसा आदि) प्राप्त होने पर उनके विरूद्ध आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करेंगे.सभी सेक्टर पदाधिकारी, गश्ती दल दंडाधिकारी, जोनल दंडाधिकारी, सुपर जोनल दंडाधिकारी को निर्गत आदर्श आचार संहिता से संबंधित निर्देशों का पालन करना है.

तीनपहिया गाड़ी पर बैठकर दिव्यांग कहते हैं कि सबकी सेवा और सबको सम्मान,शिल्पी कुमारी की यही पहचान. आने वाली 18 तारीख को क्रम संख्या 10 चारपाई छाप पर बटन दबाए एवं शिल्पी कुमारी को दानापुर नगर परिषद् का अध्यक्ष बनाए.आगे कहते हैं कि दानापुर की जनता की जुबां पर बस एक ही नारा,शिल्पी कुमारी ही हो अध्यक्ष हमारा.इसका कारण बताते हैं कि शिल्पी कुमारी से कहने पर ही तीनपहिया गाड़ी मिल सका है.वह शहीद दीपक कुमार मेहता जी के सपनो को साकार करने में अपना योगदान दे रही है.

आलोक कुमार


लेमनग्रास जैसी फसलों का क्षेत्र विस्तार किया जाय़

 चतुर्थ कृषि रोड मैप के सूत्रण के लिए जिला पदाधिकारी गया की अध्यक्षता में प्रगतिशील किसानों से विचार-विमर्श एवं उनके सुझाव लेने के लिए कार्यशाला हुई आयोजित.गया जिले में पानी की समस्या रहती है सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली को प्रोत्साहित किया जाय.फसल विविधिकरण को बढ़ावा दिया जाय लेमनग्रास जैसी फसलों का क्षेत्र विस्तार किया जाय़.....

गया. डा॰ त्यागराजन एस॰एम॰, जिला पदाधिकारी, गया की अध्यक्षता में चौथे कृषि रोड मैप के सूत्रण के लिये समाहरणालय, गया के सभाकक्ष में कार्यशाला आयोजन किया गया. इस कार्यशाला में गया जिला के सभी प्रखंडों से प्रगतिशील किसानों को आमंत्रित कर उनके विचार-विमर्श कर उनके सुझावों प्राप्त किया गया.कार्यशाला में श्री सुदामा महतो, जिला कृषि पदाधिकारी, गया के अलावा कृषि विज्ञान केन्द्र मानपुर एवं आमस के प्रधान, जिला पशुपालन पदाधिकारी, जिला मत्स्य पदाधिकारी, जिला सहकारिता पदाधिकारी, अग्रणी जिला प्रबंधक, सिंचाई विभाग के कार्यपालक अभियंता, विद्युत विभाग के कार्यपालक अभियंता, उप परियोजना निदेशक, सहायक निदेशक, उद्यान, सहायक निदेशक, शष्य, भूमि संरक्षण, गया, सभी अनुमण्डल, कृषि पदाधिकारी उपस्थित थे.    

इस अवसर पर जिला पदाधिकारी महोदय ने कहा कि चौथे कृषि रोड मैप के लिये किसानों को सुझाव एवं सलाह बहुत महत्वपूर्ण है.इसी आधार पर कृषि विकास की योजनाओं को बनाया जायेगा.जिससे आने वाले 10-15 वर्षों के लिये कृषि कार्य निर्धारित होंगे. गया को कृषि उत्पाद के क्षेत्र में आत्म निर्भर बनाने की आवश्यकता है इसके लिये गया की भौगोलिक स्थिति को ध्यान में रखते हुये कम पानी में उगने वाली फसलों की खेती को प्रोत्साहित किया जाना चाहिये जैसे लेमनग्रास की खेती, तिल की खेती, मोटे अनाज मड़ुआ की खेती आदि को बढ़ावा दिया जाना के लिए प्रस्ताव दिया जाना चाहिये. फसल अवशेष के उचित उपयोग के लिए मशरुम उत्पादन के साथ प्रसंस्करण को बढ़ावा दिया जाना चाहिये. इसके लिये महिलाओं के समूहों को कम अवधि का प्रशिक्षण देकर घर के आसपास उपलब्ध संसाधनों से मशरुम उत्पादन एवं प्रसंस्करण को बढ़ावा देना चाहिये. गया जिला में अधिक से अधिक किसान सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली जैसे टपक सिंचाई के लक्ष्य को बढ़ाकर अधिक से अधिक किसानों तक इस योजना का लाभ पहुॅचाने का प्रयास किया जाय.

    कौंच के किसान आदित्य ने गया जिला में मछली के बीज के लिये उच्च क्षमता के हैचरी को लगाने की मांग किया. मानपुर के किसान अजय कुमार मेहता ने मीठे पानी में मोती की खेती पर अनुदान की व्यवस्था किया जाए.बाराचट्टी के किसान विजय कुमार मौर्य ने जिला स्तर पर मुर्गी के रोग के इलाज के लिये निदान लैब लगाने एवं टीकाकरण की व्यवस्था किये जाने का सुझाव दिया. गुरारु के किसान अमित प्रकाश ने गया जिला में लम्बे दाने वाले सुगन्धित बासमती की खेती को बढ़ावा दिये जाने के लिये रबर राईस मिल लगाने को सुझाव दिया जिससे धान से चावल गया जिला पर ही तैयार हो सके अभी यह धान हरियाणा और गुजरात के व्यापारी खरीद कर मोटा मुनाफा कमा रहे हैं. किसानों ने पराली प्रबंधन के लिये 60 एच॰पी॰ से अधिक क्षमता के ट्रैक्टर पर अनुदान दिये जाने की मांग किया.

आलोक कुमार

राज्यस्तरीय मेडिकल टीम द्वारा मझौआ पंचायत में दिव्यांगता के कारणों की जांच

  राज्यस्तरीय मेडिकल टीम द्वारा मझौआ पंचायत में दिव्यांगता के कारणों की जांच की गयी.हेल्थ एन्ड वेलनेस सेंटर, परसौनी में दिव्यांगों की मेडिकल टीम ने की विस्तृत जांच. जांच   शिविर का जिलाधिकारी ने लिया जायजा.दिव्यांगों को समुचित इलाज से किया जा सके दुरुस्त, अन्य व्यक्ति दिव्यांग के नहीं हो शिकार, इसके लिए जिला प्रशासन है संवेदनशील.सर्किट हाउस में जिलाधिकारी के साथ संपन्न हुई बैठक...


बेतिया.राज्यस्तरीय मेडिकल टीम द्वारा आज बगहा-01 प्रखंड अंतर्गत मझौआ पंचायत का भ्रमण कर दिव्यांगता के कारणों की जांच की गई. साथ ही हेल्थ एन्ड वेलनेस सेंटर, परसौनी में दिव्यांगता से प्रभावित हुए व्यक्ति, बच्चों से बातचीत कर उनकी विस्तृत जानकारी ली गयी. उनका स्वास्थ्य परीक्षण किया गया. उनसे यह जाना गया कि आखिर किन कारणों से इस क्षेत्र में दिव्यांगों की अधिकता है.

   


राज्यस्तरीय टीम में डॉ0 सुनील झा, निदेशक प्रमुख, स्वास्थ्य सेवाएं, बिहार, डॉ0 विजय प्रकाश राय, राज्य कार्यक्रम पदाधिकारी, शिशु, बिहार, डॉ0 अनिल कुमार, विभागाध्यक्ष, शिशु रोग, बिहार सहित डॉ0 कुमार सौरभ, डॉ0 वरुण कुमार, डॉ0 बी0 के0 शर्मा, सिविल सर्जन, पश्चिमी चम्पारण, डॉ बी0 के0 चौधरी, एसीएमओ, डॉ0 आर0 चंद्रा, डॉ0 आरस मुन्ना, श्री सलीम जावेद आदि शामिल रहे.

    हेल्थ एन्ड वेलनेस सेंटर, परसौनी में आयोजित मेडिकल कैम्प में राज्यस्तरीय मेडिकल टीम द्वारा दिव्यांग से प्रभावित व्यक्तियों से बारी-बारी से मिला गया. उनका विस्तृत स्वास्थ्य परीक्षण किया गया. प्रभावित व्यक्तियों से  खान-पान, रहन-सहन, ली जा रही दवाई आदि से संबंधित गहन पूछताछ की गई.

     जिलाधिकारी ने सहायक निदेशक, सामाजिक सुरक्षा कोषांग को निर्देशित किया कि वे इस क्षेत्र में विकलांगों के लिए घर-घर सर्वेक्षण करावें, ताकि सटीक पहचान हो सके. इसके अतिरिक्त जिलाधिकारी ने अनुमंडल पदाधिकारी, बगहा को सरकार द्वारा चलाई जा रही योजनाओं जिससे शारीरिक एवं बौद्धिक क्षमता को बढ़ावा मिलता है, को शत-प्रतिशत लागू करने का निर्देश दिया.

    इसके पूर्व सर्किट हाउस में जिलाधिकारी, श्री कुंदन कुमार की अध्यक्षता में राज्यस्तरीय मेडिकल टीम के सदस्यों के साथ समीक्षा बैठक सम्पन्न हुई. जिलाधिकारी ने कहा कि एक-एक जान कीमती है. सभी व्यक्ति निरोगी रहें, इसके लिए राज्य सरकार एवं जिला प्रशासन द्वारा हर संभव प्रयास लगातार किया जा रहा है. उन्होंने कहा कि मझौआ पंचायत में दिव्यांगता के कारणों की जाँच अच्छे तरीके से करें तथा इसकी रोकथाम के लिए कारगर उपाय करें.

    ज्ञातव्य हो कि जिलाधिकारी के निर्देशानुसार जिले के सभी पंचायतों में शिविर लगाकर पीड़ितों का ईलाज तथा उनका स्वास्थ्य परीक्षण कराया जा रहा है. इसी क्रम में जुलाई माह में मझौआ पंचायत में आयोजित मेडिकल शिविर में दिव्यांगता से पीड़ित व्यक्तियों ने जिलाधिकारी से मुलाकात कर अपनी समस्या से अवगत कराया.

     तत्पश्चात जिलाधिकारी द्वारा सिविल सर्जन को सभी प्रभावित व्यक्तियों को अच्छे तरीके से स्वास्थ्य जांच करने, दवा उपलब्ध कराने एवं अविलंब दिव्यांगता प्रमाण पत्र मुहैया कराने के लिए निर्देशित किया गया. इसके साथ ही उक्त पंचायत में जिलास्तरीय मेडिकल टीम तथा कार्यपालक अभियंता, पीएचईडी को जांच की जिम्मेदारी दी गयी.

    कार्यपालक अभियंता द्वारा प्रभावित क्षेत्र में उपयोग किये जाने वाले पेयजल जल नमूनों का संग्रह करते हुए राज्यस्तरीय जल जाँच प्रयोगशाला से जल की जांच करायी गयी. जाँच में उक्त क्षेत्र के पेयजल में आर्सेनिक एवं आयरन की मात्रा सामान्य से ज्यादा पायी गयी.

     जिलाधिकारी द्वारा स्वास्थ्य विभाग के वरीय अधिकारियों से वार्ता की गई और मझौआ पंचायत अंतर्गत दिव्यांग से प्रभावित व्यक्तियों को सही इलाज करके ठीक करने तथा इसकी रोकथाम के लिए कारगर उपाय करने का अनुरोध किया गया. उक्त के आलोक में आज राज्यस्तरीय मेडिकल टीम द्वारा मझौआ पंचायत के प्रभावित व्यक्तियों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया.


आलोक कुमार

वरीय पुलिस अधीक्षक के मुख्य गेट को जामकर जमकर नारेबाजी किया

 लहेरियासराय.भाकपा (माले ) व इंसाफ  मंच के बैनर  तले  आक्रोशपूर्ण प्रदर्शन किया गया. प्रदर्शन भाकपा (माले ) के राज्य कमिटी  सदस्य अभिषेक कुमार, इंसाफ  मंच के  प्रदेश  उपाध्यक्ष नेयाज अहमद, पप्पू पासवान, इंसाफ मंच  के जिलाध्यक्ष अकबर  रजा, धर्मेश यादव, ललन पासवान, शिवन यादव, देवेंद्र कुमार आदि के नेतृत्व में लहेरियासराय पोलो मैदान से सैकड़ो की संख्या में जुलुस निकला जो लहेरीसराय टावर, लहेरियासराय  थाना  होते हुये वरीय  पुलिस अधीक्षक के मुख्य गेट  को जामकर  जमकर  नारेबाजी किया. 

बता दे कि रजवाड़ाकांड में निर्दोष माले नेता पप्पू खा, अशोक  पासवान को दोष  मुक्त करने, कमतौल  थाना  के क्षेत्र में जगतनाथ  राम के हत्या के न्याय के सवालों  को उठाने  पर ग्रामीणों पर  लादे गये मुकदमे 148/22 और  150/22 में ग्रामीणों को राहत देने,  माले नेता शिवन यादव पर  जानलेवा हमला करने  वाले आरोपियों  की गिरफ़तारी करने, कमतौल  थाना  कांड संख्या 237/22 में  बलात्कारियों को गिरफ्तार करने सहित, महिला थाना 66/22 में जमीन विवाद में झूठा  मुकदमा  वापस लेने, गरीबों पर  बुलडोजर  चलाने पर  रोक लगाने सहित  17 सूत्री मांगपत्र पर पिछले  12 दिसम्बर 2022  से भीषण ठंड चल में  रहे अनिश्चितकालीन  धरना पर थे.   

प्रशासन के निष्क्रियता के खिलाफ सड़क घंटो  जाम रहने  के बाद सदर  एस डी पी ओ ने आकर वार्ता किया और  उनसे सकारात्मक वार्ता हुई  और  उन्होंने कल  वरीय  पुलिस अधीक्षक से वार्ता करके  सभी  मामले को  हल करने का आश्वासन दिया. उसके बाद आंदोलन को स्थगित किया. 

       मुख्य गेट  पर  धर्मेश  यादव की अध्यक्षता में आयोजित  सभा  को सम्बोधित  करते  हुये अभिषेक  कुमार और  नेयाज अहमद ने कहा कि दरभंगा  पुलिस को अपनी कार्यशैली  को बदलना  होगा और  पब्लिक फ्रेंडली  होना होगा. और  भीषण  ठण्ड  में पीड़ित परिवार इंसाफ के लिए  एस एस पी से चार  दिन से गुहार लगा रहे थे लेकिन कोई  सुनने  वाला नहीं हैं. इसके खिलाफ जनता  की गोलबंदी  करना होगा. सभा  को लक्ष्मण पासवान, अनुपम  कुमारी, बसंत  साह, शिवान यादव, चन्दन  शर्मा, मो अली मोहम्मद आदि  ने संबोधित  किया.


आलोक कुमार

Jharkhand : खूंटी में आखिर चल क्या रहा है?

खूंटी में आखिर चल क्या रहा है? अमन-चैन पर मंडराता खतरा खूंटी में एक के बाद एक सामने आ रही हिंसक घटनाएं और उनके विरोध में हो रहे प्रदर्शन कई ...