सोमवार, 5 मई 2025

वरिष्ठ कवि और पत्रकार अग्निपुष्प के निधन पर माले ने जताया शोक


 कोलकाता के नीमतला घाट पर उनका अंतिम संस्कार हुआ

वरिष्ठ कवि और पत्रकार अग्निपुष्प के निधन पर माले ने जताया शोक

पटना .वरिष्ठ कवि, पत्रकार और वैचारिक प्रतिबद्धता के प्रतीक अग्निपुष्प के निधन पर भाकपा-माले राज्य कमिटी ने गहरा शोक जताया है. शनिवार को कोलकाता में उन्होंने अपने पुत्र अंशुमान के घर अंतिम सांस ली. वे लंबे समय से अस्वस्थ थे, लेकिन विचारों की लौ उनके भीतर अंतिम क्षण तक जलती रही. माले महासचिव का. दीपंकर भट्टाचार्य ने उन्हें अपनी भावभीनी श्रद्धांजलि दी है. राज्य सचिव कुणाल सहित पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने उनकी मौत पर दुख जताया है.

     1950 में दरभंगा के तरौनी गांव में जन्मे अग्निपुष्प जी ने कोलकाता से शिक्षा हासिल कर पहले दरभंगा और फिर पटना को अपना कार्य क्षेत्र बनाया. नक्सलबाड़ी आंदोलन के दौर में उन्होंने सक्रिय भागीदारी निभाई और भाकपा-माले में एक कार्यकर्ता के रूप में काम करने लगे.

             अग्निपुष्प का साहित्यिक अवदान जितना गहरा था, उतना ही प्रभावशाली था उनकी पत्रकारिकता. उन्होंने शिखा और संवाद जैसी मैथिली पत्रिकाओं के संपादन में गहरी भूमिका निभाई. शिखा, आपातकाल के दौर में अपने सत्ताविरोधी तेवर के लिए जानी गई. समकालीन जनमत का संपादन करते हुए उन्होंने बिहार के अनेक ऊर्जावान पत्रकारों को एक नई दिशा दी. उन्होंने दो राष्ट्रीय अखबारों में वरिष्ठ पदों पर रहते हुए काम किया.

           मैथिली कविता में अग्निपुष्प का स्थान विशिष्ट रहा. वे कम लिखते थे, लेकिन उनकी कविताओं में तीव्रता और वैचारिक ताप स्पष्ट दिखता था. उन्होंने कुछ कहानियाँ भी लिखीं और राजकमल चौधरी की चर्चित कृति मुक्ति प्रसंग का मैथिली अनुवाद किया, जो अत्यधिक सराहा गया.

      बिहार में मुद्रण और संपादन के क्षेत्र में अग्निपुष्प ने नई परंपरा की नींव रखी. कम संसाधनों में सुंदर और विचारपरक पुस्तकों और पत्रिकाओं का प्रकाशन उनका विशिष्ट कौशल था. उन्होंने कई संस्थाओं की स्थापना में सक्रिय भूमिका निभाई. उनके सान्निध्य में पले बढ़े कई पत्रकार आज देशभर के प्रतिष्ठित संस्थानों में कार्यरत हैं.

कोलकाता के नीमतला घाट पर उनका अंतिम संस्कार हुआ. उनकी स्मृति, उनका लेखन, उनकी विचारशीलता - ये सब हमारे बीच जीवित रहेंगे. मैथिली और हिंदी साहित्य, पत्रकारिता और वैचारिक आंदोलन को उनकी उपस्थिति हमेशा महसूस होती रहेगी.

                अग्निपुष्प जी को विनम्र श्रद्धांजलि - एक जीवन जो परिवर्तकामी विचारों की लौ में जलता रहा, आगे भी राह दिखाता रहेगा.

आलोक कुमार

रविवार, 4 मई 2025

विजय पॉल का जन्म बेतिया के एक प्रतिष्ठित परिवार में हुआ


 विजय पॉल की सुपुत्री निधि के द्वारा अपने अतिप्रिय दिवंगत पिता विजय पॉल को श्रद्धांजलि

पटना.विजय पॉल सिर्फ एक नाम नहीं, साधारण व्यक्ति नहीं, बल्कि ऊर्जा से भरपूर सामाजिक एवं आर्थिक क्षेत्र में विकास की एक नई परिभाषा से उन्होंने अपने ईसाई समुदाय तथा अपने समाज में अपना बहुमूल्य योगदान से सभी को चमत्कृत किया. विजय पॉल किसी परिचय का मोहताज नहीं,वे किसी की भी मदद के लिए सदा तत्पर रहते थे.

विजय पॉल का जन्म बेतिया के एक प्रतिष्ठित परिवार में हुआ. इनके पिता फ्लोरियन पॉल एक प्रतिष्ठित जज थे और तथा श्रीमती जोहाना फ्लोरियन पॉल जो अपनी बुद्धिमता के लिए जानी जाती थी.वे परिवार के ज्येष्ठ पुत्र थे.वे येसु समाजी फादर आर. पी. साह के भतीजे थे.साथ ही उनकी माता की दो बहने सिस्टर कैरोलीन तथा सिटर मैरियन सेक्रेड हार्ट की धर्म बहने थीं.ये सात भाई-बहनों में ज्येष्ठ थे तथा पौल सेलेस्टियन साह के पहले पौत्र थे.25-26 भाई-बहनों का संयुक्त परिवार जिनमें से सबसे बड़े थे.

विजय पॉल का विवाह बेतिया निवासी श्री मारकुस टीटी की पुत्री ईना मार्क से हुआ था.इनकी दो बेटियों है जिनमें बड़ी बेटी नेहा अपने परिवार के साथ बैंगलोर में रहती हैं तथा दूसरी निधि अपने परिवार के साथ और ऑस्ट्रेलिया में रहती हैं.

सामाजिक कार्य कलापों में उनका शुरू से झुकाव था, इससे संबंधित एक वाक्य याद आ रहा है, जब ये बांसकोठी में रहने आए,तब उस क्षेत्र में जल की समुचित व्यवस्था नहीं थी.तब उन्होंने संत माइकल विघालय के पॉल मास्टर एक साथ मिलकर इस क्षेत्र में पीएचइडी विभाग से वाटर की व्यवस्था कराई थी, साथ ही साथ लोगों की घरेलू समस्याओं एवं न्यायिक समस्या कर उस क्षेत्र के लोगों को समाधान करने में उनके सराहनीय भूमिका रही है.

ऑल इंडिया कैथोलिक यूनियन, बिहार राज्य के संस्थापक सदस्य थे. कुर्जी पेरिस के पेरिस काउंसिल के माननीय सदस्य थे पटना हाईकोर्ट से में डिप्टी रजिस्ट्रार के रूप में सेवानिवृत्त हुए थे.

आज इस गिरजाघर में इन्हें अंतिम विदाई देने इनके प्रियजन इनको श्रद्धांजलि देने के एकत्रित हुए हैं.आज इनके जीवन के लिए प्रभु येसु ख्रीस्त को धन्यवाद देते हैं और उनसे कहते है कि उनको अनंत शांति प्रदान कर जन्नत बख्श दे.

आलोक कुमार

शनिवार, 3 मई 2025

नाज़रेथ अस्पताल एससीएन सिस्टरों के द्वारा संचालित है

नाज़रेथ अस्पताल एससीएन सिस्टरों के द्वारा संचालित है

मोकामा. एक ऐतिहासिक जगह है, और यहाँ "माइनर बासिलिका" (Minor Basilica) है, जिसे आवर लेडी ऑफ डिवाइन ग्रेस चर्च के नाम से भी जाना जाता है. यह चर्च उत्तर भारत का दूसरा माइनर बासिलिका है और 200,000 से अधिक भक्तों को आकर्षित करता है.
इसी के बगल में एससीएन सिस्टरों के द्वारा संचालित नाज़रेथ अस्पताल है.इसका 64 से अधिक वर्षों का सुनहरा इतिहास है.13 साल पूर्व एससीएन सिस्टरों ने 2012 में कर्मचारियों की कमी और श्रमिक संघों के साथ समस्याओं के कारणों को लेकर अस्पताल को बंद कर दिया.जिसके कारण अस्पताल कलंकित हो गया.
अस्पताल बंद होने से पचास से अधिक कर्मियों को नौकरी से हाथ धोना पड़ा.सभी कर्मी रोड पर आ गए.उनमें कई कर्मियों की अकाल मौत हो गई.
यहां स्पष्ट है कि अस्पताल प्रबंधन ने अस्पताल को बंद करने का मुख्य कारण श्रमिक संघों के साथ समस्याओं को बताया.कुछ वर्षों के बाद अस्पताल को पुन: खोल दिया गया.
इस संदर्भ में कुंदन कुमार ने 21 दिसंबर, 2023 को सुबह 4:58 बजे लिखा कि अब यहाँ किसी भी इलाज के लिए बहुत ज़्यादा पैसे लिए जाते हैं, बिल्कुल प्राइवेट अस्पताल की तरह.अब यह दान नहीं बल्कि व्यापार बन गया है.
वहीं अंकित कुमार ने 1 मई, 2021 को सुबह 3:55 बजे लिखा कि इस अस्पताल को फिर से खोलने के लिए कुछ प्रयास करें...मोकामा के लोगों को इस प्रतिष्ठित अस्पताल की जरूरत है..
श्रीदेव ने 4 मई, 2021 को दोपहर 12:17 बजे लिखा था कि भारत में यह महामारी का समय है.
मैं आपसे निवेदन करता हूँ कि कृपया मोकामा में नाज़रेथ अस्पताल को फिर से खोल दें.मेरा पूरा परिवार इस कोविड वायरस से संक्रमित है, लेकिन यहाँ 100 किलोमीटर के आस-पास कोई बड़ा अस्पताल नहीं है जहाँ हम अपना इलाज करा सकें.इस क्षेत्र के लाखों लोगों को इस अस्पताल की ज़रूरत है.कृपया हमारी आवाज़ और दर्द सुनें.
महामारी के समय क्रूर बनकर नहीं खोला गया.

शुक्रवार, 2 मई 2025

मां मरियम के लिए रोजरी प्रार्थना करते हैं


 ईसाई समुदाय मई महीने को मां मरियम को समर्पित कर प्रार्थना करते हैं

हे ! मरिया के लड़कों आया मई महीना मिलके माता पास आओ उससे करने प्रार्थना गाना गाते हैं

पटना.ईसाई समुदाय, विशेषकर कैथोलिक, मई महीने को मां मरियम (मेरी) को समर्पित करते हैं और उनके सम्मान में प्रार्थना करते हैं. इस महीने को ‘मई का महीना‘ या ‘मेरी का महीना‘ भी कहा जाता है.

    मई में, ईसाई समुदाय, विशेषकर कैथोलिक, मां मरियम के लिए रोजरी प्रार्थना करते हैं, जो एक विशेष प्रार्थना है जो मां मरियम के जीवन और मसीह के जीवन से जुड़ी घटनाओं के बारे में है.

     बाइबिल के पवित्र सुसमाचारों में हुए घटनाक्रम, चमत्कारों, रहस्यों, प्रार्थनाओं और प्रभु येसु के क्रियाकलापों को जोड़कर रोजरी माला के चार भेदों का रूप दिया गया है.ये चार भेद हैं- आंनद का भेद, दुख का भेद, ज्योति का भेद और महिमा का भेद. हर भेद में पांच रहस्य होते हैं। इन रहस्यों पर मनन करते हुए कैथोलिक समुदाय मां मरियम की भक्ति के जरिए प्रभु येसु के जीवन पर ध्यान करता है.यह सरल सी प्रार्थना मां मरियम के माध्यम से लोगों को ईश्वर से जोड़ती है.मां मरियम के बहुत से भक्त रोजरी माला को अपने गले और हाथ की कलाई में बांधते हैं ताकि मां का आशीष हमेशा उन पर बना रहे.इस पवित्र माला के द्वारा ईश्वरीय वरदानों का भंडार भक्तों के लिए खुल जाता है और कई प्रकार के कृपादानों से मां के जरिए ईश्वर अपने भक्तों की झोली में खुशियां भर देता है.


आलोक कुमार

बुधवार, 30 अप्रैल 2025

न्यूनतम पेंशन 7,500 रुपये और मुफ्त स्वास्थ्य सुविधाओं की मांग

पटना .राष्ट्रीय संघर्ष समिति के अध्यक्ष कमांडर अशोक रावत हैं.उनके द्वारा 78 लाख पेंशनधारियों की हित में न्यूनतम पेंशन में वृद्धि करने की मांग को लेकर दस वर्षों से अहिंसात्मक आंदोलन किया जा रहा है.परिवर्तित महंगाई भत्ता सहित 7,500 रुपये की न्यूनतम पेंशन लागू करने और पति-पत्नी को निःशुल्क चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की जार रही है.जो सर्वोच्च न्यायालय के निर्णय के अनुसार ही है. बिना किसी भेदभाव के सभी को अधिक पेंशन दी जानी चाहिए और दी जाने वाली पेंशन को पेंशन वृद्धि के बकाया से समायोजित किया जाना चाहिए.
     एनडीए सरकार के मुखिया ने ईपीएस 95 के पेंशनधारियों को मझधार में डालकर रख दिया है.एक हजार रूपए की वृद्धि करने का ऐलान के बाद मौनधारण कर लिए है.वहीं सोशल मीडिया यूट्यूबके द्वारा एनडीए सरकार के पक्ष में मनगढ़त खबर पेंशनधारियों को परोसकर दिल का धड़कन बढ़ाने का कार्य कर रहा है.उनके द्वारा कभी दो हजार, तीन हजार, पांच हजार,सात हजार,साढ़े सात हजार,नौ हजार और दस हजार रूपए का सपना दिखाते रहते हैं. इस संदर्भ में रंजीत सिंह कहते हैं कि अभी पेंशन नहीं होनी है झूठ मत बोलो सब लोग गरीब लोग पेंशन लोग सब पक गए आपकी झूठ सुनते -सुनते उचित योग के अपने चैनल को बंद रखें अपनी जुबान पर लगाने जब तक सर्कुलर ना हो जाए तब तक चुप बैठो झूठ मत भरोसे.
     पेंशनधारकों ने वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से मुलाकात कर न्यूनतम पेंशन 7,500 रुपये और मुफ्त स्वास्थ्य सुविधाओं की मांग की. इस बैठक की अगुवाई ईपीएस 95 राष्ट्रीय आंदोलन समिति (एनएसी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष कमांडर अशोक राउत ने की. उनको उम्मीद है कि सरकार आगामी बजट 2025 में न्यूनतम पेंशन बढ़ाने और महंगाई भत्ता देने की घोषणा करेंगी.


आलोक कुमार

सोमवार, 28 अप्रैल 2025

बिहार का लाल ने प्यारा शतक लगाकर फेंस को कर दिया खुश

 


पटना.बिहार का लाल वैभव सूर्यवंशी है. इस समय आईपीएल में राजस्थान रॉयल्स की ओर से खेल रहा है.इसे राजस्थान राॅयल्स की खोज कहा जा रहा है.जो 14 वर्ष में ही शानदार इतिहास रच दिया है.आईपीएल में शतक जड़ने वाले सबसे युवा क्रिकेटर वैभव बन गए. सूर्यवंशी ने गुजरात टाइटंस के खिलाफ मैच में 35 गेंद में शतक पूरा किया जिसमें 11 छक्के और सात चैके लगाए.आईपीएल के इतिहास का यह दूसरा सबसे तेज शतक है.वह पुरूष टी20 क्रिकेट में शतक लगाने वाले सबसे युवा खिलाड़ी भी बने. वह 37 गेंद में 101 रन बनाकर आउट हुए.

  आईपीएल में सबसे तेज शतक का रिकॉर्ड वेस्टइंडीज के क्रिस गेल के नाम है, जिन्होंने अप्रैल 2013 में पुणे वारियर्स के खिलाफ रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरू के लिए 30 गेंद में शतक जमाया था.सूर्यवंशी आईपीएल में सबसे तेज शतक लगाने वाले भारतीय बल्लेबाज बने जिन्होंने युसूफ पठान का रिकॉर्ड तोड़ा.पठान ने 2010 में मुंबई इंडियंस के खिलाफ राजस्थान रॉयल्स के लिए 37 गेंद में शतक बनाया था.आईपीएल के इस सत्र में पंजाब किंग्स के सलामी बल्लेबाज प्रियांश आर्य ने चेन्नई सुपर किंग्स के खिलाफ 39 गेंद में शतक जमाया जबकि सनराइजर्स हैदराबाद के अभिषेक शर्मा ने पंजाब किंग्स के खिलाफ 40 गेंद में सैकड़ा जड़ा था.

     जीत के बाद वैभव सूर्यवंशी ने कहा कि पिछले तीन चार महीने से वह इसके लिए मेहनत कर रहे थे जो रंग लाई है.उनके शतक के दम पर राजस्थान रॉयल्स ने जीत के लिए 210 रन का लक्ष्य 25 गेंद बाकी रहते हासिल कर लिया.उन्होंने कहा ,‘‘बहुत अच्छा लग रहा है. यह तीन पारियों में आईपीएल में मेरा पहला शतक है.मैं पिछले तीन चार महीने के इसके लिए मेहनत कर रहा था जिसका फल मिला है." उन्होंने कहा, ‘‘मैं मैदान को ज्यादा नहीं देखता, बस गेंद पर फोकस रखता हूं."


आलोक कुमार


रविवार, 27 अप्रैल 2025

नीतीश भाजपा के गुंडाराज में पुलिस असुरक्षित : राजेश राम



सूबे में पुलिस व सत्तारूढ़ दल के नेता पर हो रहे हमले दे रहे हैं गुंडाराज के स्पष्ट संदेश:  राजेश राम

नीतीश भाजपा के गुंडाराज में पुलिस असुरक्षित :  राजेश राम’

पटना. विगत चौबीस घंटों में बिहार में स्थापित नीतीश भाजपा राज के गुंडाराज को सत्ता संरक्षित अपराधियों ने और मजबूत किया है. अपराधियों का मनोबल इतना बढ़ चुका है कि कार्रवाई करने गई पुलिस को बंधक बनाने से लेकर उसके साथ मारपीट तक सूबे के विभिन्न हिस्सों में की जा रही है। ये बातें बिहार कांग्रेस के अध्यक्ष राजेश राम ने कही.
              बिहार कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम ने कहा कि पिछले 24 घंटे में अपराधियों के द्वारा सूबे के विभिन्न हिस्सों में किए गए अपराध की फेहरिस्त उठा के देख लीजिए कि कैसे उन्होंने नीतीश भाजपा के गुंडाराज में आम लोगों के रक्षार्थ लगी पुलिस को निशाना बनाया है तो वहीं सत्तारूढ़ दल जनता दल यूनाइटेड के नेता तक को मुजफ्फरपुर के मिठनपुरा में अपराधियों ने ताबड़तोड़ गोलियों की बौछार कर दी। गनीमत रहा कि गोलियां उन्हें नहीं लगी लेकिन अपराधी घटना को अंजाम देने के बाद आराम से बाइक पर जाते सीसीटीवी कैमरों में दिख रहे हैं बावजूद इसके कोई गिरफ्तारी नहीं हुई.
            बिहटा परेव गांव की घटना पर बोलते हुए अध्यक्ष राजेश राम ने कहा कि स्क्रैप तस्कर को पकड़ने गई पुलिस को बंधक बना लिया गया फिर पथराव और मारपीट किया गया. घंटों तक तीन पुलिसकर्मियों को बंधक बनाया गया और जब थानेदार आएं तो उनके साथ मारपीट और हाथापाई हुई.वहीं कटिहार जिले में शराब तस्कर को छुड़ाने पहुंचे भाजपा के प्रखंड अध्यक्ष सह मुखिया और उनके सैंकड़ों समर्थकों ने थाने में थाना प्रभारी और अपर प्रभारी सहित अन्य पुलिसकर्मियों से मारपीट की.साथ ही प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम ने आंकड़े पेश करते हुए कहा कि बिहार में हर रोज 953 अपराध हो रहे हैं जिसमें 8 हत्याएं, 33 अपहरण, 136 जघन्य अपराध, 55 महिला अपराध, 28 महिलाओं के अपहरण, दो से ज्यादा बलात्कार, 17 बच्चों के अपहरण शामिल हैं.ये घटनाएं बताने को काफी हैं कि राज्य में गुंडाराज स्थापित किया गया है और इसे सरकारी संरक्षण प्राप्त है.

आलोक कुमार

The Configure Featured Post option in Blogger allows you to highlight a selected post prominently on

“आयुष्मान भारत योजना का लाभ कैसे लें

  “ आयुष्मान भारत योजना का लाभ कैसे लें – पूरी जानकारी” Narendra Modi द्वारा शुरू की गई आयुष्मान भारत योजना भारत की सबसे बड़ी स्वास्थ्य ...

How to Configure Popular Posts in Blogger The Popular Posts widget highlights your most viewed post