परंपरागत गीत को विलुप होने से बचाने के लिए गत तेरह सालों से लगे हुए हैं
पटना.इस समय ईसाई समुदाय का दुखभोग का समय चल रहा है.जो चालीस दिन का है.इस लिए ईसाई समुदाय चालीसाकाल कहते हैं.इस समय एस.के.लौरेन्स के नेतृत्व में व भक्त जनों के सहयोग से चालीसाकाल में प्रभु येसु ख्रीस्त के दुखभोग से संबंधित ‘मुसीबत‘ नामक गीत एवं प्रार्थना के धार्मिक कार्यक्रम का आयोजित किया जा रहा है. श्री लौरेन्स ने कहा कि आज बुधवार 01 मार्च 2023 को शाम 04.30 बजे से बालुपर मोहल्ला में स्थित आशा सदन, हॉली क्रॉस कॉन्वेन्ट में धार्मिक कार्यक्रम संपन्न हुआ.बताया गया कि इस भक्तिमय कार्यक्रम का संचालक तथा मुख्य गायक एस.के.लौरेन्स थे.उनके साथ शेखपुरा में स्थित आई.जी.आई. एम.एस. से आकर भक्तिमय कार्यक्रम में इग्नासिउस पीटर शामिल हुए. कहा गया ‘मुसीबत‘ नामक गीत के गायक अपने-अपने स्कूल में अध्यापन कार्य करके थके-हारे हालत होने के बावजूद भी धार्मिक में शामिल होते हैं.जो आधुनिक गीत-संगीत के आगे परंपरागत गीत दम तोड़ने पर है.मगर एस.के.लौरेन्स व अन्य लोग परंपरागत गीत को विलुप होने से बचाने के लिए गत तेरह सालों से लगे हुए हैं. रंजीत ओस्ता, प्रदीप केरोबिन,करुण...