संदेश

ध्रुवीकरण की राजनीति का देश की सामाजिक समरसता पर विपरीत प्रभाव

चित्र
   *  छत्तीसगढ़ राज्य में चुनाव 2023 में है.राज्य में 90 विधानसभा सीटों के लिए चुनाव होगा.अभी से ही धर्म के नाम पर गोलबंदी शुरू है. * धर्म दिलों को जोड़ता है, तोड़ता नहीं. जो धर्म का दुरुपयोग कर तोड़ने का प्रयास करता है, वह धार्मिक नहीं है.इस समय * देश में धर्म के नाम पर नफरती दीवार खड़ी करने की कोशिश नववर्ष के दिन 01 और 02 जनवरी को नारायणपुर  में की गयी. पटना. भारत के छत्तीसगढ़ राज्य का एक ज़िला नारायणपुर है.नारायणपुर आदिवासियों की एक बड़ी संख्या अभी भी गहरे जंगलों में रह रही है और अपने स्वयं के अनूठे संस्कृति को सुरक्षित रखने के लिए बाहरी लोगों के साथ मिलकर न मिलें.  नारायणपुर, जनजातियों की भूमि और नारायणपुर की कुल आबादी का लगभग 70% आदिवासियों में शामिल है, जो छत्तीसगढ़ की कुल आदिवासी आबादी का 26.76% है. नारायणपुर क्षेत्र के प्रमुख जनजाति हैं गोंड, अजूज मारिया, भटरा भत्ता को उप-कास्ट सान भटरा, पिट भात्रा, अनीत भात्रा अम्निट हाईस्ट हास्ट स्टेटस, हल्बा, धूर्वा, मुरिया और बाइसन हॉर्न मारिया में विभाजित हैं. नारायणपुर के गोंड भारत में सबसे प्रसिद्ध जनजातियों में स...

आचार्य द्वारा खुल्लमखुल्ला हिंसा का आह्वान किया जा रहा है:शशि यादव

चित्र
* बिहार के शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर रामचरितमानस को लेकर दिए विवादित बयान पर कायम हैं. उन्होंने कहा कि जो गलत है उस पर आवाज उठाता रहूंगा और जो लोग मेरी जीभ काटना चाहते हैं उन्हें इस मुद्दे पर मुझसे तर्क करना चाहिए. वहीं दूसरी तरफ बीजेपी ने मंत्री के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है. *बिहार के शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर की जीभ काट कर लाएगा उसे 10 करोड़ रुपये का इनाम दिया जाएगा. उन्होंने कहा कि ऐसे मंत्री को तत्काल बर्खास्त कर देना चाहिए. अगर उनके खिलाफ कार्रवाई नहीं हुई तो साधु संत चुप नहीं बैठेंगे.                                         पटना. बिहार के शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर सिंह वैसे तो काफी पढ़े लिखे हैं. साइंस में पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा किया है. रामचरितमानस को उन्होंने सीधे-सीधे समाज में नफरत फैलाने वाला बता दिया.नालंदा ओपेन यूनिवर्सिटी के कार्यक्रम में जिस पीली पगड़ी को धारण कर रामचरितमानस के बारे में शिक्षा मंत्री भला-बुरा कह रहे थे.शिक्षा मंत्री को पता नहीं कि पीले रंग के वस्त्र ...

चार-पांच माह से लंबित वेतन मिलने की संभावना बढ़ी

चित्र
  बिहार राज्य कर्मचारी महासंघ में दिखा दम चार-पांच माह  से लंबित वेतन मिलने की संभावना बढ़ी लंबित वेतन भुगतान के लिए चालीस करोड़ की राशि आवंटित पटना.बिहार राज्य कर्मचारी महासंघ का एक शिष्टमंडल असैनिक शल्य चिकित्सक सह  मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी डॉक्टर के.के.रॉय से शनिवार को मिलकर परिवार कल्याण क्षेत्रीय कार्यकर्ता ए.एन.एम. की लंबित वेतन भुगतान करने व उनके अन्य समस्याओं को उनके समक्ष रखा. बिहार राज्य कर्मचारी महासंघ ने परिवार कल्याण क्षेत्रीय कार्यकर्ता ए.एन.एम. की परेशानी को देखकर सरकार के अधिकारियों से 10 जनवरी 2023 तक लंबित वेतन भुगतान कर देने का आग्रह किया था.वहीं बिहार राज्य कर्मचारी महासंघ ने अधिकारियों को अल्टीमेटम भी दिया था कि अगर लंबित वेतन का भुगतान नहीं किया गया,तो मजबूरी में 11 जनवरी को एक दिवसीय कार्य बहिष्कार किया जाएगा.बिहार राज्य कर्मचारी महासंघ के आह्वान पर एक दिवसीय कार्य बहिष्कार सफल रहा.इसमें पुनपुन पीएचसी,दुल्हिन बाजार पीएचसी,धनरूआ पीएचसी.नौबतपुर पीएचसी,फुलवारीशरीफ पीएचसी,पटना सदर पीएचसी आदि के परिवार कल्याण क्षेत्रीय कार्यकर्ता ए.एन.एम. भाग लिया.   ...

कलम की ताकत के बदौलत कांग्रेस पार्टी के विचार जन जन तक पहुंच सके

चित्र
                  हम (से.) के राष्ट्रीय मीडिया पैनलिस्ट शिशिर कौंडिल्य  कांग्रेस में हुए शामिल पटना. हम(से.) के राष्ट्रीय मीडिया पैनलिस्ट सह प्रवक्ता की जिम्मेदारी संभाल रहे शिशिर कौंडिल्य कांग्रेस में शामिल हो गए.पार्टी के बिहार प्रदेश कार्यालय सदाकत आश्रम में  प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद डॉ अखिलेश प्रसाद सिंह ने उन्हें पार्टी की सदस्यता दिलाई. इस दौरान शिशिर कौंडिल्य ने  पार्टी नेतृत्व पर अपना भरोसा जताते हुए कहा कि यह उनके लिए सौभाग्य का विषय होगा कि माननीय प्रदेश अध्यक्ष डॉ अखिलेश प्रसाद सिंह के नेतृत्व और सानिध्य में उन्हें काम करने का मौका मिलेगा.        इस अवसर पर कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष डॉ अखिलेश प्रसाद सिंह ने कहा कि पार्टी में शिशिर जैसे पढ़े लिखे लोगों को शामिल होना चाहिए. ताकि कलम की ताकत के बदौलत कांग्रेस पार्टी के विचार जन जन तक पहुंच सके. प्रदेश कांग्रेस मीडिया बिभाग के चेयरमैन राजेश राठौड़ ने बताया कि शिशिर कौण्डिल्य  एक अच्छे वक्ता और लेखक हैं, और लम्बे काल तक ...

देश के बड़े श्रमिक नेता थे स्व0 दूबे

चित्र
   पटना . बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री स्व0 बिन्देश्वर दूबे की 100 वीं जयंती बिहार प्रदेश कांग्रेस कमिटी के मुख्यालय सदाकत आश्रम में प्रदेश कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष डा0 मदन मोहन झा की अध्यक्षता में मनायी गयी. इस अवसर पर स्व0 बिन्देश्वरी दूबे को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए डा0 मदन मोहन झा ने कहा कि स्व0 दूबे बिहार राज्य के ही नहीं बल्कि देश के बड़े श्रमिक नेता थे. स्व0 दूबे के अथक प्रयास से कोयला खदानों का राष्ट्रीयकरण किया गया जिसके कारण कोयला खदानों के मजदूरों की आर्थिक स्थिति में बड़ा परिवर्तन आया. उन्होंने कहा कि वे लोकप्रिय मुख्यमंत्री थे तथा राज्य सरकार में भी दबे, कुचले, पिछड़े, दलित एवं अल्पसंख्यक के विकास के लिये कई योजनाएँ चलायी. उन्होंने कहा कि दूबे जी कार्यकर्त्ताओं का बड़ा सम्मान करते थे.        इस अवसर पर  प्रदेश कांग्रेस मीडिया विभाग के चैयरमेन राजेश राठौड़, ब्रजेश पाण्डेय,पूर्व विधायक लाल बाबू लाल,सदस्यता प्रभारी ब्रजेश प्रसाद मुनन, कुमार आशीष, इंटक के अध्यक्ष चन्द्र प्रकाश सिंह, अरविन्द लाल रजक,मृगेन्द्र कुमार सिंह, सत्येन्द्र कुमार सिंह, मृण...

संगीता देवी को उम्मीद की एक नई राह दिखाई दी.

चित्र
   * किसी तरह की दिव्यांगता अभिशाप नहीं होती.दिव्यांग व्यक्ति भी अपने मजबूत हौसलों के बूते सफलता के शीर्ष पर पहुंच सकता है. कम हो जाती है और वह अवसादग्रस्त होने से बच जाता है. वह आम इंसान की तरह मुख्य धारा में जुड़ सफलता का परचम लहराता है. * संगीता देवी ने दिव्यांगता को बाधा नहीं बनने दी. स्वरोजगार से मिला स्वावलंबन. सतत् जीविकोपार्जन योजना के माध्यम से संगीता देवी को उम्मीद की एक नई राह दिखाई दी. गया. इस जिले के इमामगंज प्रखंड के भवनडीह पंचायत के पसेवा गांव की संगीता देवी शारीरिक रूप से अक्षम होने के बाद भी उनके हौसले किसी से कम नहीं हैं. अपने परिवार की आर्थिक स्थिति सुधारने के लिए लगातार प्रयासरत हैं.इनके परिवार में छह लोग रहते हैं.उनके पति अशोक पासवान मानसिक रूप से कमजोर है, जिसकी वजह से वह कोई काम नहीं कर पाते. उन्हें ही परिवार का ध्यान रखना होता है.पहले संगीता के परिवार का भरण पोषण उनके ससुर के द्वारा मजदूरी करके किया जाता था. मजदूरी करने के दौरान ससुर दुर्घटनाग्रस्त हो गए. उनके कमर में भरी चोट लग गई जिसके कारण उनकी मजदूरी छूट गई.        हर समस्या और मु...

गांधी शांति प्रतिष्ठान और पटेल चौक पर नागरिक सम्मान किया

चित्र
  भागलपुर.बिहार प्रदेश कांग्रेस कमिटी के प्रभारी हैं भक्त चरणदास. उनके नेतृत्व में मंदार पर्वत (बांका जिला) से निकली भारत जोड़ो यात्रा ( ‌बिहार) आज भागलपुर पहुंची. इसका स्थानीय सामाजिक संगठनों की ओर से पंखा टोली, गांधी शांति प्रतिष्ठान और पटेल चौक पर नागरिक सम्मान किया गया.     भारत जोड़ो यात्रा बिहार में भक्त चरण दास के अगुवाई में चल रहा है जिसमें कांग्रेस और नागरिक संगठन के लोग जुड़े हैं.इस कड़ाके की ठंडी में और कम संसाधनों के बावजूद भी पदयात्रा जारी है.इससे कांग्रेस का काफी मनोबल बढ़ा हुआ.           नागरिक संगठनों से अशोक प्रियदर्शी, मुरारी, प्रदीप प्रियदर्शी और फतेहपुर से मजदूर किसान समिति के लोग शामिल हुए.सीवान से जेपी सेनानी महात्मा जी के पुत्र त्रिभुवन साथ में लगे हैं.भक्त चरण दास के साथ साया की तरह लगे हैं. भागलपुर में नागरिक समाज के लोगों ने पदयात्रियों का स्वागत किया.लोकनायक जयप्रकाश नारायण को आदर्श मानने वाली कई दलों में गए और कई  कांग्रेस ज्वाइन भी किया. यहां पर सांसद हो मंत्री हो व्यवहार एक साथ ही है.गुदड़ी का लाल कभी गुदड़ी को न...