दान तो बहुत होते हैं, लेकिन जीवन दान से बड़ा कुछ भी नहीं होता
जमुई. दान तो बहुत होते हैं, लेकिन जीवन दान से बड़ा कुछ भी नहीं होता है. रक्तदान ही ऐसा दान है जो कि किसी की जान बचाता है और अनजान से खून का रिश्ता भी जोड़ता. रक्तदान से न केवल दुआएं मिलती बल्कि जान बचाने पर खुद को गर्व की अनुभूति के साथ ही आत्म संतोष भी मिलता है. खून देकर मानवता का रिश्ता बनाना कितना सुखद है इस बारे में "प्रबोध जन सेवा संस्थान" से जुड़े राजेश कुमार यादव ने बताया कि संस्थान के सहयोगी सिकंदरा निवासी राजीव कुमार के द्वारा जानकारी दी गई कि मेरे मित्र की पत्नी प्रसव पीड़िता सबीना खातून रविवार को मुजफ्फरपुर के एक निजी अस्पताल में रक्त आभाव को जूझ रही है रक्त के कारण ऑपरेशन रुका हुआ है जैसे ही इसकी जानकारी संस्थान सहयोगियों को हुई वैसे ही संस्थान के सार्थक प्रयास से रक्तदाता ग्रुप,मुजफ्फरपुर के सहयोगी गोपी मेहता के सौजन्य से रक्त जरुरत को पूरा किया गया. एक दूसरे केस को लेकर जमुई सहयोगी अनुराग सिंह ने बताया कि गोपालपुर,खैरा निवासी सदर अस्पताल, जमुई में इलाजरत रक्त जरुरतमंद मानकवा देवी जिनके पति और पुत्र दोनों दिव्यांग है और रक्त के लिए काफी परेशान ...